CO 419: यह अधिक उपज वाली, लेकिन देरी से पकने वाली किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 500 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
COS 767: यह मध्यम समय की किस्म है। इससे अच्छी गुणवत्ता वाले गुड़ का उत्पादन होता है। भारी मिट्टी में उगाने पर यह अच्छी उपज देती है। इसकी औसतन पैदावार 330-420 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CO 1007: यह मध्यम समय की किस्म है। यह गर्दन तोड़ और बहुत सारे कीटों की रोधक किस्म है। यह भारी मिट्टी वाले क्षेत्रों में उगाने के लिए उपयुक्त है। इसकी औसतन पैदावार 330-420 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CO 66-17: यह पिछेते समय वाली किस्म है। यह गर्दन तोड़ और सूखे के हालातों की प्रतिरोधक किस्म है। इससे अच्छी गुणवत्ता वाले गुड़ का उत्पादन होता है। लाल कुंगी से रहित क्षेत्रों में उगाने पर यह अच्छे परिणाम देती है।
Co 1148: यह किस्म पिछेती बिजाई के लिए अनुकूल है। यदि अच्छी जोताई की जाए तो इसका अंकुरण अच्छा होता है और गुलियां भी अच्छी बनती हैं। यह मध्यम गुणवत्ता के गुड़ का उत्पादन करती है। यह लाल जंग के प्रति अधिक संवेदनशील है। इसकी औसतन पैदावार 375 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CO Pant 84211: यह जल्दी पकने वाली किस्म है, जो कि 1991 में जारी की गई है। यदि अच्छी जोताई की जाए तो इसका अंकुरण अच्छा होता है और गुलियां भी अच्छी बनती हैं। इस किस्म के गन्नों की औसतन लंबाई 2-2.5 मीटर होती है और भार 800 ग्राम प्रति गन्ना होता है। इसकी औसतन पैदावार 290-310 कि्ंवटल प्रति एकड़ होती है।
COJ 64: इस किस्म के गन्ने हल्के पीले और 2-2.5 मीटर लंबे होते हैं। यह किस्म गर्दन तोड़ के प्रतिरोधी है। यह किस्म फूलों का भी उत्पादन नहीं करती। यह लाल कुंगी के प्रतिरोधी किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 290-310 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Pratap Ganna-1 (COPK 05191): यह किस्म गर्दन तोड़, कांगियारी रोग और सूखे की हालातों के प्रतिरोधी किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 35 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Co 1111: यह पिछेते समय की किस्म है। यह गर्दन तोड, लाल कुंगी और अन्य कीटों के प्रतिरोधक किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 330-420 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CO 00421: यह किस्म 280-300 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है। इसके गन्ने मध्यम आकार के और हल्के हरे रंग के होते हैं।
COJ 97015: इसे मध्यम समय में पकने वाली किस्म के तौर पर जाना जाता है और यह किस्म अच्छी उपज देती है।
दूसरे राज्यों की किस्में
CoJ 85: यह अगेते मौसम की किस्म है। यह लाल कुंगी और ठंड को सहनेयोग्य है। इस किस्म के गन्ने ज्यादा जल्दी झुक जाते हैं इसलिए अच्छे से मिट्टी चढाएं और किसी लकड़ी के साथ सहारा दें। इसकी औसतन पैदावार 306 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CO 118: यह अगेते मौसम की किस्म है। इसके गन्ने मध्यम मोटे, हरे पीले रंग के होते हैं। यह लाल कुंगी और ठंड के प्रतिरोधक किस्म है। यह उच्च उपजाऊ भूमि में लगातार सिंचाई करने पर अच्छे परिणाम देती है। इसकी औसतन पैदावार 320 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoH 119 : यह मध्य मौसम की किस्म है। इसके लंबे, मोटे हरे रंग के गन्ने होते हैं और विशिष्ट मौसम में होते हैं। यह किस्म रतुआ रोग और चोटी बेधक को सहनेयोग्य है। यह औसतन मोढ़ी की फसल है। इसकी औसतन पैदावार 340 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoJ 238: यह मध्य मौसम की किस्म है। इसके लंबे, मोटे हरे रंग के गन्ने होते हैं और विशिष्ट मौसम में होते हैं। यह किस्म रतुआ रोग और चोटी बेधक को सहनेयोग्य है। यह औसतन मोढ़ी की फसल है। इसकी औसतन पैदावार 365 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoJ 88: यह मध्य मौसम की किस्म है। इस किस्म के गन्ने लंबे, मध्य मोटे और सलेटी रंग के होते हैं। इसके रस में सुक्रॉस की मात्रा 17-18 प्रतिशत होती है। इसकी गुलियों की उपज भी अच्छी होती है। यह गर्दन तोड़ की रोधक किस्म है और लाल कुंगी को सहनेयोग्य है। इससे अच्छी गुणवत्ता के गुड़ का उत्पादन होता है। यह नमक वाले पानी की सिंचाई करने के लिए भी उपयुक्त है। इसकी औसतन पैदावार 337 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoS 8436: यह मध्य मौसम की किस्म है। यह छोटी लाल किस्म है, जिसके मोटे, हरे पीले रंग के गन्ने होते हैं। यह गर्दन तोड़ के प्रतिरोधी और लाल कुंगी को सहनेयोग्य है। यह उच्च उपजाऊ भूमि में लगातार सिंचाई में अच्छी उपज देती है। इसकी औसतन पैदावार 307 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoJ 89: यह देरी से रोपाई के लिए उपयुक्त किस्म है। यह लाल कुंगी के प्रतिरोधी, पत्ते आसानी से गिरने वाले और गर्दन तोड़ के प्रतिरोधी किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 326 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
COH 110: यह देरी से पकने वाली किस्म है।
CO 7717: यह जल्दी पकने वाली किस्म है। इसमें शूगर की उच्च मात्रा होती है। यह लाल कुंगी की कुछ हद तक प्रतिरोधी किस्म है इसमें रस की मात्रा भी अच्छी होती है और इसे लंबे समय तक बनाकर रखा जा सकता है।
COH 128: यह गन्ने की जल्दी पकने वाली किस्म है।
CoPb 93: यह किस्म लाल कुंगी बीमारी और ठंड को सहने योग्य है। इस किस्म में नवंबर में 16-17 प्रतिशत सुक्रोस की मात्रा और दिसंबर में 18 प्रतिशत सुक्रोस की मात्रा होती है। इसके गन्नों की औसतन उपज 335 क्विंटल प्रति एकड़ होती है। इससे अच्छी गुणवत्ता वाला गुड़ बनता है।
CoPb 94: इस किस्म की नवंबर में सुक्रोस की मात्रा 16 प्रतिशत और दिसंबर में 19 प्रतिशत होती है। इसकी औसतन पैदावार 400 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Cos 1230: इसकी औसतन पैदावार 280 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Co Pant 90223: इसकी औसतन पैदावार 35 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoH 2201: यह जल्दी पकने वाली किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 300 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Cos 95255: यह जल्दी पकने वाली किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 295 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoS 94270: इसकी औसतन पैदावार 345 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
CoH 119: यह जल्दी पकने वाली किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 345 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Co 9814 : यह जल्दी पकने वाली किस्म है और इसकी औसतन पैदावार 320 क्विंटल प्रति एकड़ है।