अमेरिकन कपास की किस्में
RS 2013: यह किस्म कपास के पत्ता मरोड़ रोग की प्रतिरोधक है और अमेरिकन सुंडी और तेले की कुछ हद तक प्रतिरोधक है। इसका औसतन कद 125-130 सैं.मी. होता है। यह पीले रंग के फूलों का उत्पादन करती है और इसके मध्यम आकार के टिंडे होते हैं। यह किस्म 165-170 दिनों में परिपक्व हो जाती है। इसके कपास की बीजों की औसतन पैदावार 22-24 क्विंटल प्रति एकड़ होती है और पिंजाई के बाद 35 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
RS 810: यह किस्म कपास के पत्ता मरोड़ रोग की प्रतिरोधक है इसका औसतन कद 130-140 सैं.मी. होता है। यह पीले रंग के फूलों का उत्पादन करती है और इसके मध्यम आकार के टिंडे होते हैं। इसके कपास की बीजों की औसतन पैदावार 22-24 क्विंटल प्रति एकड़ होती है और पिंजाई के बाद 35 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
RST 9: इस किस्म के हल्के हरे रंग के पत्ते और हल्के पीले रंग के फूल होते हैं। इसका औसतन कद 130-140 सैं.मी. होता है। यह किस्म 160-200 दिनों में परिपक्व हो जाती है। इसके टिंडे का औसतन भार 3.5 ग्राम होता है। इसकी पिंजाई के बाद रूई की उच्च प्रतिशतता प्राप्त होती है। इस किस्म की पहली सिंचाई 50 दिनों के बाद की जा सकती है।
RS 875: इसका औसतन कद 100-110 सैं.मी. होता है। इसके मध्यम आकार के टिंडे होते हैं जिनका औसतन भार 3.5 ग्राम प्रति टिंडा होता है। इस किस्म की तेल की मात्रा बाकी सिफारिश की गई किस्मों से अधिक होती है। यह किस्म 150-160 दिनों में परिपक्व हो जाती है।
Ganganagar Ageti: इसका औसतन कद 120-150 सैं.मी. होता है। इसके गहरे हरे रंग के पत्ते और हल्के पीले रंग के फूल होते हैं। इसके मध्यम आकार के टिंडे होते हैं जिनका औसतन भार 2.5 ग्राम प्रति टिंडा होता है। यह किस्म 170-180 दिनों में परिपक्व हो जाती है।
Bikaneri Narma: इसका औसतन कद 160-200 सैं.मी. होता है। इसके मध्यम आकार के टिंडे होते हैं जिनका औसतन भार 2.0 ग्राम प्रति टिंडा होता है। यह किस्म 160-200 दिनों में परिपक्व हो जाती है।
Bioseed Bunty BG II: यह उच्च उपज वाली अमेरिकन बी टी कपास की किस्म है। पौधे का कद 150-170 सैं.मी. होता है। इसकी औसतन पैदावार 8.8-10 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
RCH 650BG II: यह उच्च उपज वाली अमेरिकन बी टी कपास की किस्म है। यह टिंडे की सुंडी और तंबाकू सुंडी के प्रतिरोधी किस्म है। पौधे का कद 150-160 सैं.मी. होता है। इसकी औसतन पैदावार 8.8-10 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
MRCH - 6304 BG I: यह उच्च उपज वाली अमेरिकन बी टी कपास की किस्म है। यह टिंडे की सुंडी और तंबाकू सुंडी के प्रतिरोधी किस्म है। यह किस्म 165-170 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है। इसकी औसतन पैदावार 10 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
Bioseed 6588 BG-II: इसके पौधे का कद 150-175 सैं.मी. होता है। यह टिंडे की सुंडी और तंबाकू सुंडी के प्रतिरोधी किस्म है। इसकी औसतन पैदावार 10-11.2 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
अमेरिकन कपास की हाइब्रिड किस्में
Maru Vikas: यह अमेरिकन कपास की उच्च उपज वाली किस्म है। इसका औसतन कद 135-145 सैं.मी. होता है। इसके मध्यम आकार के पत्ते होते हैं जो कि रंग में हरे और हल्के पीले रंग के फूल होते हैं। मध्यम आकार के टिंडे होते हैं, जिनका औसतन भार 4.5 ग्राम प्रति टिंडा होता है। यह किस्म 170-180 दिनों में परिपक्व हो जाती है और पिंजाई के बाद 35 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
LHH 144
Sankar 4: यह एक हाइब्रिड किस्म है। इसके रेशे की लंबाई 1.06 से 1.10 इंच होती है। रेशा नर्म और सफेद रंग का होता है।
Varahlakshmi: यह एक हाइब्रिड किस्म है। इसके रेशे की लंबाई 2.2 से 3 सैं.मी. होती है।
देसी कपास की किस्में
RG 8: इसके हल्के पीले रंग के फूल होते हैं जिनके पंखुड़ी के अंदर की तरफ लाल धब्बे मौजूद होते हैं। इसके पत्ते तंग और अंडाकार आकार के होते हैं। यह अगेती पकने वाली किस्म है जिसके कपास के बीजों की औसतन पैदावार 8-10 क्विंटल प्रति एकड़ होती है।
RG 18: यह किस्म 160-170 दिनों में परिपक्व हो जाती है। इसके पत्तों का रंग जामुनी, गुलाबी रंग के फूलों में गहरे लाल रंग के धब्बे और मध्यम आकार के टिंडे, जिनका औसतन भार 2.2 ग्राम होता है। यह जड़ गलन के प्रतिरोधी किस्म होती है। इसके बीजों की औसतन पैदावार 10-12 क्विंटल प्रति एकड़ और पिंजाई के बाद 38 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
VIRNAR: यह देसी कपास की मध्यम समय की किस्म है। इसके रेशे की लंबाई 0.88 से 0.96 इंच होती है। पिंजाई के बाद 37 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
VAGAD KALYAN (RB-423): यह जल्दी पकने वाली किस्म है। बारानी क्षेत्रों में उगाने के लिए अनुकूल है। पौधा 80-90 सैं.मी. लंबे होते हैं। टिंडे मध्यम आकार के होते हैं।
RBDV-7 (Pratap Kapi-1): बारानी क्षेत्रों में उगाने के लिए अनुकूल है। पौधे का कद 130 सैं.मी. होता है। टिंडे मध्यम आकार के, एक सिरा तीखा होता है।
PST 9: यह मध्यम समय की किस्म है। इसका तना और पत्ते हरे रंग के होते हैं। इसके रेशे की लंबाई 22.5 मि.मी. होती है और पिंजाई के बाद 33 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है।
देसी कपास की हाइब्रिड किस्में
RAJDH 9: यह किस्म 2005 में जारी की गई थी। इस किस्म का औसतन कद 130-140 सैं.मी. होता है। इसके हरे रंग के पत्ते, पीले रंग के फूल और अंडाकार आकार के टिंडे होते हैं। इसके बीजों की औसतन पैदावार 10-11 क्विंटल प्रति एकड़ होती है और पिंजाई के बाद 39 प्रतिशत रूई प्राप्त होती है। यह किस्म 160-170 दिनों में परिपक्व हो जाती है।