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मोती उत्पादन कैसे होता है ?

(hn)
Posted by
vipin kumar SHUKLA (9005764740)
vipin kumar SHUKLA
Uttar Pradesh
Gonda
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Posted Date (17 Mar 2019 01:19 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (23 Mar 2019 12:59 PM) Translated Date (-)

विपिन कुमार शुक्ला जी मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

पर्ल फार्मिंग के लिए कितना खर्चा आता है  कितनी बड़ी जगह चाहिए होती है और ट्रेनिंग कहा होती है और ट्रेनिंग फीस कितनी है ?

(hn)
Posted by
Pradeep Kumar (8178957128)
Pradeep Kumar
Delhi
South Delhi
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Posted Date (17 Mar 2019 12:32 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (23 Mar 2019 01:04 PM) Translated Date (-)

प्रदीप कुमार जी मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

Moti ki kheti ke bare me jankari chahiye ?

(en)
Posted by
tukaram balaji shinde (9763022818)
tukaram balaji shinde
Maharashtra
Nanded
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Posted Date (17 Mar 2019 12:27 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 06:59 PM) Translated Date (-)

Motia ki kheti bare puri jankari or is ki training ke lia aap Bamoriya Pearl Farm Phone: 097700 85381 se samparak kare.

Uttar Pradesh

Answered Date (17 Mar 2019 01:20 AM) Translated Date (-)

ha training chahiye

मोती की खेती कैसे करें ?

(hn)
Posted by
Subhash (6263874435)
Subhash
Chattisgarh
Bastar
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Posted Date (17 Mar 2019 12:26 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (23 Mar 2019 01:01 PM) Translated Date (-)

सुभाष जी मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें

जर्सी गाय पालने के लिए वीडियो चाहिए ?

(hn)
Posted by
ankit humane (9325910445)
ankit humane
Maharashtra
Gondiya
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Posted Date (17 Mar 2019 12:25 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 09:12 PM) Translated Date (-)

इसके लिए वातावरण साधारण ही चाहिए होता है वैसे यह नस्ल एचएफ नस्ल से गर्मी कम मानती है बाकि इसे रहने के लिए जगह साफ और खुराक का पूरा ध्यान रखना जरूरी है जिससे इससे अच्छा दूध लिया जा सके और हम कोशिश करेंगे कि इसकी वीडियों बनाकर आपको भेंजे जिसमें आपको पूरी जानकारी मिल जाएगी

जर्सी गाय पालने के लिए कैसा वातावरण चाहिए ?

(hn)
Posted by
ankit humane (9325910445)
ankit humane
Maharashtra
Gondiya
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Posted Date (17 Mar 2019 12:24 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 09:11 PM) Translated Date (-)

इसके लिए वातावरण साधारण ही चाहिए होता है वैसे यह नस्ल एचएफ नस्ल से गर्मी कम मानती है बाकि इसे रहने के लिए जगह साफ और खुराक का पूरा ध्यान रखना जरूरी है जिससे इससे अच्छा दूध लिया जा सके और हम कोशिश करेंगे कि इसकी वीडियों बनाकर आपको भेंजे जिसमें आपको पूरी जानकारी मिल जाएगी

anyone doing shrimp farming I want help that how can I start shrimp farming ?

(en)
Posted by
prashant prakash burte (9892572850)
prashant prakash burte
Maharashtra
Ratnagiri
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Posted Date (17 Mar 2019 12:23 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 May 2019 03:29 PM) Translated Date (-)

Prashant to get all the information about shrimp farming you can contact to Moh. Anis 9451411371,6394520950.

मोती की खेती ?

(hn)
Posted by
shyamraj shukla (6263277726)
shyamraj shukla
Madhya Pradesh
Rewa
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Posted Date (17 Mar 2019 12:16 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (25 Mar 2019 07:48 PM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें

sir bakri farm bare jankari deo ?

(pb)
Posted by
Manpreet Kahlon (7589055557)
Manpreet Kahlon
Punjab
Gurdaspur
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Posted Date (17 Mar 2019 12:16 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (19 Mar 2019 04:46 PM) Translated Date (-)

ਹਾਜੀ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਬੱਕਰੀਆ ਫਾਰਮ ਬਣਾਉਣਾ ਹੈ ਤਾਂ ਬਹੁਤ ਵਧੀਆ ਸੋਚ ਹੈ ਜੀ ਤੁਸੀ ਬੀਟਲ ਨਸਲ ਰੱਖੋ ਇਹ ਦੁੱਧ ਤੇ ਮੀਟ ਦੋਨਾਂ ਲਈ ਫਾਇਦੇਮੰਦ ਹੈ ਬਾਕੀ ਜਿਵੇ ਤੁਸੀ ਇਸ ਕਿੱਤੇ ਵਿੱਚ ਆਜੋਗੇ ਉਸ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਤੁਹਾਡੇ ਲਿਂਕ ਬਣਣੇ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਣਗੇ ਬਾਕੀ ਮਾਰਕੀਟਿੰਗ ਇਸ ਗੱਲ ਤੇ ਨਿਰਭਰ ਹੈ ਕਿ ਤੁਹਾਡੇ ਲੋਕਾ ਨਾਲ ਲਿੰਕ ਕਿਵੇ ਦੇ ਹੈ ਇਸ ਦਾ ਦੁੱਧ ਗਾਂ ਦੇ ਰੇਟ ਦੇ ਬਰਾਬਰ ਵਿਕ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਤੇ ਬਾਕੀ ਜੇਕਰ ਫਾਰਮ ਹੋਵੇ ਤਾਂ ਬੱਚੇ ਵਗੈਰਾ ਵੀ ਸੇਲ ਹੋ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਕੁੱਲ ਮਿਲਾ ਕੇ ਜੇਕਰ ਮੋਟਾ ਜਿਹਾ ਹਿਸਾਬ ਲਗਾਉਣਾ ਹੋਵੇ ਤਾਂ ਇੱਕ ਬੱਕਰੀ ਤੋਂ ਸਾਲ ਵਿੱਚ ਲੱਗਭੱਗ 20000 ਤੱਕ ਕਮਾਈ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਬਾਕੀ ਇਹ ਵੀ ਸਲਾਹ ਹੈ ਤੁਸੀ ਇੱਕ ਵਾਰ ਆਪਣੇ ਨੇੜੇ ਤੋਂ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਜਰੂਰ ਲਵੋ ਤੇ ਸਫਲ ਬੱਕਰੀ ਪਾਲਕਾਂ ਦੇ ਫਾਰਮ ਜਰੂਰ ਦੇਖੋ ਇਸ ਤੋਂ ਇਲਾਵਾ ਪ੍ਰੋਗੈਸਿਵ ਬੱਕਰੀ ਫਾਰਮਰ ਐਸੋਸੀਏਸ਼ਨ ਦੀ ਮੀਟਿੰਗ ਜੋ ਕਿ ਮਹੀਂਨੇ ਦੇ ਪਹਿਲੇ ਸ਼ੁੱਕਰਵਾਰ ਨੂੰ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਲੁਧਿਆਣਾ ਦੇ ਕਿਸਾਨ ਹੋਸਟਲ ਵਿੱਚ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਉੱਥੇ ਜਾ ਕੇ ਸਫਲ ਬੱਕਰੀ ਪਾਲਕਾ ਨੂੰ ਮਿਲੋ ਇਸ ਮੀਟਿੰਗ ਵਿੱਚ ਜਾਣ ਲਈ ਤੁਸੀ ਪ੍ਰੋਗੈਸਿਵ ਬੱਕਰੀ ਫਾਰਮਰ ਐਸੋਸੀਏਸ਼ਨ ਦੇ ਪ੍ਰਧਾਨ ਜਗਰਾਜ਼ ਸਿੰਘ ਨਾਲ 9023441504 ਤੇ ਗੱਲ ਕਰ ਲਵੋ ਜੀ.

मोती की खेती ?

(hn)
Posted by
vitthal (9604497272)
vitthal
Maharashtra
Bid
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Posted Date (17 Mar 2019 12:06 AM) Assigned Date (-)
Answered Date (25 Mar 2019 07:49 PM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें

Chattisgarh

Answered Date (17 Mar 2019 12:13 AM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

महाराष्ट्र

ਮੱਕੀ ਦੀ ਫਸਲ ?

(pb)
Posted by
Navneet (8725825876)
Navneet
Punjab
Fazilka
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Posted Date (16 Mar 2019 11:30 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 03:21 PM) Translated Date (-)

ਨਵਨੀਤ ਜੀ ਕਿਰਪਾ ਕਰਕੇ ਆਪਣਾ ਸਵਾਲ ਵਿਸਤਾਰ ਨਾਲ ਪੁਛੋ ਕੇ ਤੁਸੀ ਮੱਕੀ ਦੀ ਫ਼ਸਲ ਬਾਰੇ ਕੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਲੈਣਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾ ਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇਸ ਬਾਰੇ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ ਧੰਨਵਾਦ

सर मुझे मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी चाहिए ?

(hn)
Posted by
Ravinder Poonia (7988814394)
Ravinder Poonia
Haryana
Hisar
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Posted Date (16 Mar 2019 11:20 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:24 AM) Translated Date (-)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 पर कॉल कर सकते है

Meri cow 12 January 2019 ko jani ab vo heat pr kbtk ayegi ?

(en)
Posted by
shreyansh (7024876331)
shreyansh
Madhya Pradesh
Khandwa
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 11:18 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 05:29 PM) Translated Date (-)

आप अपनी गाय को किसी अच्छी का मिर्नल मिक्सर्च देना शुरू करें और हर तीन महीने के बाद पेट के कीड़ों के लिए गोली देते रहें इससे वो जल्दी हीट में आ जाएगी और आप उसकी खुराक का भी पूरा ध्यान रखें

Answered Date (20 Mar 2019 03:06 PM) Translated Date (-)

hllo srr hmare cow dud se nhe bdte kya kr

एक हेक्टेयर मे कितने बीघा होते है ?

(hn)
Posted by
surjeet (6376845457)
surjeet
Rajasthan
Sri Ganganagar
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 11:15 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 03:24 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

सुरजीत जी एक हेक्टेयर में लगभग 6.1772 बीघे होते है

Madhya Pradesh

Answered Date (17 Mar 2019 06:28 AM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

4 बीघा

cow ko aloe vera khilane se Kya hota hai, kitne days me khilana sahi rhta h ?

(en)
Posted by
shreyansh (7024876331)
shreyansh
Madhya Pradesh
Khandwa
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 11:10 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 05:40 PM) Translated Date (-)

एलोवेरा देने से त्वचा की कोमलता बनी रहती है इससे पशुओं में बांझपन की समस्या भी दूर होती है यह मिर्नल से भरपूर होता है जो पशुओं के शरीर की कमी को पूरा करता है यह थनों की समस्या से भी बचाव रखता है यह पशुओं के लिए प्राकृतिक औषधियों के रूप में प्रयोग होता है इसे आप आधा किलो तक पशु को दे सकते है और हफ्ते के बाद फिर दोबारा दे सकते है

देसी मुर्गी अंडा फार्म के लिए कोन सी फीड सही रहेगी, नांदेड़ महाराष्ट्र में कंपनी बतायें ?

(hn)
Posted by
Nilkanth Namdeorao Keshave (7588522765)
Nilkanth Namdeorao Keshave
Maharashtra
Nanded
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:59 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 05:32 PM) Translated Date (-)

देसी मुर्गी अंडा फार्म के लिए गोदरेज , पोस्टिक या फिर शीतल फीड खरीद सकते हो या फिर आप मुर्गियों कि फीड के लिए फीड तैयार करने के लिए 25kg मक्की, 20kg गेहू, 5-6 kg सोयाबीन खल और थोड़ा मिनरल मिश्रण मिलाकर सुबह और शाम को फीड मुर्गियों को डालें, इन्हे पूरी रजवी फीड दें

मोती की खेती करने के लिए क्या क्या चीेज़ें आवश्यक हैं ?

(hn)
Posted by
ravendra chaudhary (9084443536)
ravendra chaudhary
Uttar Pradesh
Aligarh
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:57 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:37 AM) Translated Date (-)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 पर कॉल कर सकते है

पिट बुल और लैबराडोर डॉग के बच्चों का क्या रेट है और यह कहां से मिलेंगे ?

(hn)
Posted by
Devendra Singh Rawat (9602717518)
Devendra Singh Rawat
Rajasthan
Ajmer
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:52 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 06:31 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

देवेंद्र सिंह रावत जी डॉग का रेट उन की ब्लड लाइन पर निर्भर करता है पिट बुल 8000-50000 और लैबराडोर डॉग 5000-12000 तक मिल जाता है खरीदने के लिए आप Pets Paradise The Complete Pet Shop Nasirabad Road, Ajmer - 305001, Opposite St Pauls School Bank Of Baroda ATM 8290052011, 8290970076 से सम्पर्क करे

22 Mar 2019

Bhilwara me ho to bataiye sir ji

pig farming di training kitho milti aa g ?

(en)
Posted by
pargat singh (9779083312)
pargat singh
Punjab
Sangrur
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:41 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (21 Mar 2019 11:21 AM) Translated Date (-)

ਸੂਰ ਪਾਲਣ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ,ਲੁਧਿਆਣਾ ਵਿਖੇ ਕਰਵਾਈ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਤੁਸੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲਈ ਜਦੋਂ ਚਾਹੇ ਆਪਣਾ ਫਾਰਮ ਭਰ ਕੇ ਆਓ ੳੇਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਜਦੋਂ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਹੋਈ ਤੁਹਾਨੂੰ ਕਾਲ ਕਰਕੇ ਬੁਲਾ ਲਿਆ ਜਾਵੇਗਾ ਕਿਉਕੀ ਕੋਈ ਪੱਕੀ ਤਰੀਕ ਨਹੀ ਹੁੰਦੀ ਜਾਂ ਤੁਸੀ ਨਜਦੀਕੀ KVK ਵਿਚ ਜਾ ਕੇ ਫਾਰਮ ਭਰ ਕੇ ਆਓ ਜਦੋ ਵੀ ਸੂਰਾ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿਗ ਹੋਵੇਗੀ ਉਹ ਤੁਹਾਨੂੰ ਫੋਨ ਕਰਕੇ ਦੱਸ ਦੇਣਗੇ ਇਸ ਤੋਂ ਇਲਾਵਾ ਤੁਸੀ ਸਰਕਾਰੀ ਸੂਰ ਫਾਰਮ ਨਾਭਾ, ਖਰੜ, ਗੁਰਦਾਸਪੁਰ ਤੋਂ ਵੀ ਸੂਰ ਪਾਲਣ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲੈ ਸਕਦੇ ਹੋਂ ਇਹ 5 ਦਿਨਾਂ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਤੁਸੀ ਜੇਕਰ ਇਸ ਕਿੱਤੇ ਦੇ ਸਬੰਧਿਤ ਸਫਲ ਕਿਸਾਨਾਂ ਨੂੰ ਮਿਲਣਾ ਹੈ ਤਾਂ ਤੁਸੀ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਵਿਖੇ ਸੂਰ ਪਾਲਕਾ ਦੀ ਹੋਣ ਵਾਲੀ ਮੀਟਿੰਗ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਿਲ ਹੋ ਸਕਦੇ ਹੋ ਇਸ ਮੀਟਿੰਗ ਵਿੱਚ ਜਾਣ ਲਈ ਤੁਸੀ 9915632577 ਸੁਖਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਨਾਲ ਸੰਪਰਕ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ ਇਹ ਸਫਲ ਸੂਰ ਪਾਲਕ ਹਨ ਜੀ ਬਾਕੀ ਮਾਨਸਾ ਦੇ ਕ੍ਰਿਸ਼ੀ ਵਿਗਿਆਨ ਕੇਂਦਰ ਦਾ ਪਤਾ ਵੀ ਤੁਸੀ ਨੋਟ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ Krishi Vigyan Kendra, Kheri , Sangrur Address: National Highway 71, Punjab 148001, Phone: 0161 240 1960.

Answered Date (15 Apr 2019 09:00 AM) Translated Date (-)

ਨਾਬੇ ਹਰ ਦਿਨ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਦਿੱਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ?

ਖੀਰਾ ਲਉਣ ਦਾ ਸ਼ਮਾ ?

(pb)
Posted by
Doctor (8872669396)
Doctor
Punjab
Sangrur
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:30 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 Mar 2019 08:38 AM) Translated Date (-)

ਖੀਰੇ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਦਾ ਸਮਾਂ ਫਰਵਰੀ-ਮਾਰਚ ਹੈ।

Hydroponic ਬਾਰੇ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦੇਵੋ ਕੇ ਉਸ ਵਿਚ ਕਿਹੜੀ ਫਾਸਲ ਹੋ ਸਕਦੀ ਹੈ ਤੇ ਕਿਵੇਂ ਉਸ ਨੂ nutrients ਕਿਵੇਂ ਤੇ ਕਿੰਨੀ ਮਾਤਰਾ ਵਿਚ ਦੇਣੇ ਨੇ ਕਿਹੜੀ ਫਾਸਲਾ ਨੂ ਕਿਹੜਾ nutrients ਤੇ ਪਾਣੀ ਕਿਹੜਾ ਤੇ ਉਸਦਾ ph ਲੈਵਲ tds ਲੈਵਲ ਕਿੰਨਾ ਹੋਵੇ ?

(pb)
Posted by
simranjit singh (9876455602)
simranjit singh
Punjab
Tarn Taran
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:21 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 03:27 PM) Translated Date (-)

ਹਾਈਡਰੋਪੋਨਿਕ ਇਕ ਅਜੇਹੀ ਤਕਨੀਕ ਹੈ ਜਿਸਦੇ ਵਿਚ ਬਿਨਾ ਮਿੱਟੀ ਦੇ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਸਬਜ਼ੀਆਂ ਅਤੇ ਚਾਰਾ ਉਗਾਇਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਜਿਸਦੇ ਵਿਚ ਫ਼ਸਲ ਨੂੰ ਤਰਲ ਰੂਪ ਦੇ ਵਿਚ ਤੱਤ ਦਿਤੇ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਇਸਦੇ ਬਾਰੇ ਵਿਚ ਹੋਰ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦੇ ਲਈ ਤੁਸੀ ਸੋਮਵੀਰ ਜੀ 9878733551 ਨਾਲ ਸੰਪਰਕ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ ਧੰਨਵਾਦ

dudh vdhaun da upa ?

(pb)
Posted by
parminder singh (9876650832)
parminder singh
Punjab
Ludhiana
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:14 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 05:41 PM) Translated Date (-)

ਪਸ਼ੂ ਦਾ ਦੁੱਧ ਉਸਦੀ ਨਸਲ ਤੇ ਨਿਰਭਰ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਜੇਕਰ ਨਸਲ ਵਧਿਆ ਹੈ ਤਾਂ ਦੁੱਧ ਵੀ ਵੱਧ ਹੋਵੇਗੀ , ਬਾਕੀ ਖੁਰਾਕ , ਪਸ਼ੂ ਦੇ ਰਹਿਣ ਸਹਿਣ , ਟਾਈਮ ਟਾਈਮ ਤੇ ਡੇਵਰਮਿੰਗ ਕਰਵਾਉਣਾ , ਇਹਨਾਂ ਸਭ ਗੱਲਾਂ ਦਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ , ਤੁਸੀ Anabolite liqued 100ml ਰੋਜ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ , ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਤੁਸੀ 250 ਗ੍ਰਾਮ ਗੁੜ ਅਤੇ 3 ਕਿਲੋ ਦਲੀਆ ਚੰਗੀ ਤ੍ਰਾਹ ਰਿਨ ਕੇ ਫਿਰ ਉਸ ਵਿਚ 100 ਗ੍ਰਾਮ ਸਰੋਂ ਦਾ ਤੇਲ ਮਿਕਸ ਕਰੋ , ਇਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ ਅੱਧਾ ਅੱਧਾ ਕਰਕੇ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦੇ ਸਕਦੇ ਹੋ , ਇਸ ਤ੍ਰਾਹ ਤੁਸੀ 5-7 ਦਿਨ ਦਿਓ , ਇਸ ਨਾਲ ਦੁੱਧ ਵੱਧ ਜਾਵੇਗਾ , ਅਤੇ ਤੁਸੀ Milkout ਪਾਊਡਰ ਦੇ 2-2 ਚਮਚ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦਿਓ , ਇਸਦਾ ਵੀ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਵਿਚ ਵਧਿਆ ਰਿਜਲਟ ਹੈ..

मैं मोती की खेती करना चाहता हूं क्या आप बता सकते हैं की मैं शुरूआत कैसे करूं ?

(hn)
Posted by
gulshan kumar (7009061239)
gulshan kumar
Punjab
Ludhiana
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 10:12 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:31 AM) Translated Date (-)

गुलशन कुमार जी मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Manish Vasudev 9417652857 से संपर्क करें

सीप की खेती ?

(hn)
Posted by
goldy baziger (7027734058)
goldy baziger
Haryana
Kurukshetra
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 09:56 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:39 AM) Translated Date (-)

सीप की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

मोती की खेती के बारे में मुख्य जानकारी दें ?

(hn)
Posted by
Pravin Sansare (8779428755)
Pravin Sansare
Maharashtra
Thane
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 09:54 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:41 AM) Translated Date (-)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm Phone: 097700 85381 पर कॉल कर सकते है

मुझे मोती की खेती करनी है उसका तरीका बतायें कैसे शुरू करनी है ?

(hn)
Posted by
kuldeep singh (8840196538)
kuldeep singh
Uttar Pradesh
Raebareli
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Posted Date (16 Mar 2019 09:47 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:43 AM) Translated Date (-)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 पर कॉल कर सकते है

सर हमें बकरी पालन के लिए लोन लेना है क्या करें ?

(hn)
Posted by
Badshaha Shaikh (8788456313)
Badshaha Shaikh
Maharashtra
Aurangabad
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Posted Date (16 Mar 2019 09:35 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (21 Mar 2019 02:50 PM) Translated Date (-)

इसके लिए सबसे पहले आप ट्रेनिंग लेनी जरूरी है आप आपने नज़दीकी केबीके से ट्रेनिंग ज़रूर लें और सफल बकरी पालकों के फार्म ज़रूर देखें बकरी पालन के काम पर लोन पर 25 प्रतिशत सब्सिडी दी जाती है और लोन लेने के लिए सबसे जरूरी है ट्रेनिंग सर्टीफिकेट अपने नज़दीक के कृषि विज्ञान केंद्र से ट्रेनिंग करने के बाद ट्रेनिंग के सर्टीफिकेट पर लोन एप्लाई होता है पर लोन मिलेगा या नहीं यह बैंक मेनेजर पर निर्भर करता है क्योंकि पहली बात यह है कि बैंक देखता है कि आपके अकाउंट में कितने पैसों का लेन देन हो रहा है और आपके पास ज़मीन गारंटी के तौर पर देने के लिए है या नहीं और अन्य भी कई बातें चैक करके लोन के लिए सहमत होता है बाकी कोशिश करें कि लोन के बिना अपने स्तर पर ही काम शुरू करें क्योंकि लोन की किश्त हर महीने भरनी पड़ेगी पर बकरियों से कमाई हर महीने नहीं होने होगी बाकी यदि कोशिश करके देखनी है तो अपने ट्रेनिंग सर्टीफिकेट से आप अपने जिले के पशु पालन विभाग अफसर को मिलें और उस पर प्रवानगी लेकर फिर बैंक से बात करके देखें इससे अपने एरिया के नाबार्ड डिपार्टमैंट के सी जी एम को भी लोन के लिए मिलें

मंडी भाव ?

(hn)
Posted by
mahendra (9340351370)
mahendra
Madhya Pradesh
Vidisha
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Posted Date (16 Mar 2019 09:33 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 03:28 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

महेंद्र जी कृपया आप बताये के आप कोनसी फसल के मंडी भाव की जानकारी लेना चाहते है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके

My Poultry farm South aur north ki direction me banana chahta hu 2200 birds ka.. 100×22 ke size me, Kya aisa Karna munasib rahega ?

(en)
Posted by
Saif Gabbur (9742707435)
Saif Gabbur
Karnataka
Belgaum
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Posted Date (16 Mar 2019 09:31 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 05:44 PM) Translated Date (-)

हांजी अगर आपने शेड बनाना है तो पूर्व - पश्चिम की तरफ ही बनाना पड़ेगा नहीं तो गर्मी में समस्या आएगी जी

Answered Date (22 Mar 2019 10:20 PM) Translated Date (-)

Kya samsya aayegi sir?

sir kanak nu tella bohat a kehdi spray kriye ?

(pb)
Posted by
swinder singh (9781072002)
swinder singh
Punjab
Amritsar
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Posted Date (16 Mar 2019 09:26 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 Mar 2019 08:38 AM) Translated Date (-)

Knak vich tele di roktham lyi Actara(thiamethoxam 25WG) @80gm prati acre de hisab nal spray kr skde ho.

sir asi 1105 kank nu pani 1 ton 5 march tak la dita aa hun pani laya jave ja naa kank 31 oct di biji aa 20 ton 25 din lau pakan nu ?

(en)
Posted by
Balvinder samra (9468021686)
Balvinder samra
Haryana
Fatehabad
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Posted Date (16 Mar 2019 09:26 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 Mar 2019 08:35 PM) Translated Date (-)

Balvinder g knak di harvesting to 20-25 din pehla pani lgouna band kr dena chaida hai g.jekar khet vich moisture ghat heiga tn tuc pani lga skde ho g.Pani halka lgao and hawa wale din pani na lagao..

सर हमको कड़कनाथ मुर्गे के पालन की जानकारी चाहिए और इसका मार्केटिंग कहां और कैसे करें ?

(hn)
Posted by
Gautam Kumar Singh (7860317991)
Gautam Kumar Singh
Uttar Pradesh
Mirzapur
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Posted Date (16 Mar 2019 09:25 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 05:43 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

कड़कनाथ जो है यह मध्य प्रदेश की झाबुआ जिले का जंगलों में पाई जाने वाली एक प्रजाति का एक मुर्गा है यह मुर्गा आजकल बहुत ज्यादा डिमांड में है क्योंकि इस मुर्गे का मांस काले कलर का होता है हड्डियां पंख और त्वचा भी काले कलर की होती है यह मुर्गा पौष्टिक गुणों से भरपूर होता है इसमें भी वन से लेकर बी12 तक विटामिंस बहुत सारे अमीनो एसिड इस मुर्गे में पाए जाते हैं इस मुर्गे में आयरन और हीमोग्लोबिन अधिक होने के कारण इस के खून का रंग गहरा लाल होता है जिससे काले कलर का प्रतीत होता है आजकल यह कई जगह अवेलेबल है लेकिन प्योर देसी कड़कनाथ की अगर बात करें तो प्योर देसी मतलब जो 5 से 6 महीने में 5 से 6 महीने में 1 किलो का होता है उसे देसी कहा जाता है और जिस की त्वचा हड्डी पंख सारा कुछ काला होता है उसे देसी कड़कनाथ कहा जाता है I इसका 1000 मुर्गा रखने के लिए 2000 sqayer फट की जरुरत पड़ेगी इसका एक चूजा ₹80 डेढ़ सौ तक ₹150 उपलब्ध हैइसकी फार्म शुरू करने के लिए आप Sumit Kumar 8006000291, 7906547529 Sumit Kumar Poultry Farm से संपर्क कर सकते है

ਸ਼੍ਰੀ ਮਾਨ ਜੀ ਸਰਸੋਂ ਤੇ ਕਣਕ ਤੇ Solomon ਦਾ ਇਸਤੇਮਾਲ ਕਰ ਸਕਦੇ ਤੇਲਾ ਜੇ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹਾਂ ਕਿੰਨੀ ਮਾਤਰਾ ਪਾਉਣੀ ਚਾਹੀਦੀ ਏ ?

(en)
Posted by
harjap singh (9915635619)
harjap singh
Punjab
Amritsar
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Posted Date (16 Mar 2019 09:22 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 Mar 2019 08:38 PM) Translated Date (-)

ਸ੍ਰੀਮਾਨ ਜੀ ਸਰੋਂ ਵਿੱਚ ਤੇਲੇ ਦੀ ਰੋਕਥਾਮ ਲਈ ਐਕਟਾਰਾ @50 ਗਰਾਮ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇਅ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ।ਇਸ ਵਿੱਚ Solomon ਦਾ ਸਪਰੇਅ ਕਰਨ ਦੀ ਸਿਫਾਰਿਸ਼ ਨਹੀਂ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਜੀ।ਕਣਕ ਵਿੱਚ ਤੇਲੇ ਦੀ ਰੋਕਥਾਮ ਲਈ Solomon ਦਾ ਸਪਰੇਅ @200 ਮਿਲੀਲਿਟਰ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇਅ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ।

Punjab wich mosam kida da hai hale kank nu pani launa hai ?

(pb)
Posted by
karampreet (9781599587)
karampreet
Punjab
Mansa
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Posted Date (16 Mar 2019 09:15 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 03:31 PM) Translated Date (-)

karampreet ji mausam vibhag de anusar punjab vich es hafte badlwai hi rahegi tuc kanak nu pani la sakde ho.

fish farming Di training te subsidy bare dso punjab vich ?

(en)
Posted by
satgur singh (7528917796)
satgur singh
Punjab
Patiala
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Posted Date (16 Mar 2019 09:09 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (21 Mar 2019 02:35 PM) Translated Date (-)

ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਦਾ ਕੰਮ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰਨਾ ਹੈ ਤਾ ਸਭ ਤੋਂ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਇਹ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਤੁਹਾਨੂੰ FFDA(fish farmer development aggency) ਜੋ ਕਿ ਲੱਗਭੱਗ ਹਰ ਜ਼ਿਲੇ ਵਿੱਚ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਜਾਂ ਉੱਥੇ ਜਾ ਕੇ ਐਪਲੀਕੇਸ਼ਨ ਫਾਰਮ ਭਰੋ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਤੁਹਾਨੂੰ 5 ਦਿਨ ਦੀ ਮੁਫਤ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਦਿੱਤੀ ਜਾਵੇਗੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲਈ ਦਸਵੀ ਪਾਸ ਹੋਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਤੇ ਇਹ ਡਿਪਾਰਮੈ੍ਟ ਜਿੱਥੇ ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਅਫਸਰ ਬੈਠਦਾ ਹੈ ਜਿਵੇ ਕਚਿਹਰੀਆਂ , ਡੀ ਸੀ ਆਫਿਸ ਕਹਿੰ ਦਿੰਦੇ ਹਾਂ ਉਸ ਵਿੱਚ ਬਣਿਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਲਈ ਸੇਮ ਵਾਲੇ ਇਲਾਕੇ ਵਿੱਚ 90% ਸਬਸਿਡੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਤੇ ਬਾਕੀ ਇਲਾਕਿਆ ਵਿੱਚ 40 % ਸਬਸਿਡੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਤੁਸੀ ਆਪਣੇ ਜ਼ਿਲੇ ਦੇ FFDA ( fish farming development agency ) ਦਫਤਰ ਵਿੱਚ ਜਾਓ ਜੋ ਕਿ ਆਮ ਤੌਰ ਤੇ ਡੀਸੀ ਦਫਤਰ ਜਾਂ ਕਚਿਹਰੀਆਂ ਵਿੱਚ ਬਣਿਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਤੁਸੀ ਉੱਥੇ ਆਪਣੇ ਜਮੀਂਨ ਦੀ ਫਰਦ , 10th ਸਰਟੀਫਿਕੇਟ ਤੇ ਜਿੱਥੇ ਤਲਾਬ ਬਣਾਉਣਾ ਹੈ ਉੱਥੋ ਦੀਆਂ 2 ਫੋਟੋ ਲੈ ਕੇ ਜਾਓ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ FFDA ਦੇ ਅਫਸਰ ਤੁਹਾਨੂੂੰ ਫਾਈਲ ਤਿਆਰ ਕਰਵਾਉਣਗੇ ਤੇ ਤੁਹਾਡੀ ਜਮੀਨ ਦੇਖ ਕੇ ਤਲਾਬ ਬਣਾਉਣ ਦਾ ਤਰੀਕਾ ਦੱਸਣਗੇ ਤੇ ਫਿਰ ਤੁਹਾਨੂੰ 40% ਸਬਸਿਡੀ ਲਈ ਫਾਈ਼ਲ ਤਿਆਰ ਕਰਕੇ ਲੋਨ ਅਪਲਾਈ ਬਾਰੇ ਸਮਝਾ ਦੇਣਗੇ

ਸਟੀਵੀਆ ਦੀ ਖੇਤੀ ਦੀ ਮੰਡੀਕਰਣ ਸਮੇਤ ਪੂਰੀ ਜਾਨਕਾਰੀ ਦਿਓ ਜੀ ?

(pb)
Posted by
ਮਲਕੀਤ ਸਿੰਘ (9610767628)
ਮਲਕੀਤ ਸਿੰਘ
Rajasthan
Sri Ganganagar
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Posted Date (16 Mar 2019 09:08 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 10:51 AM) Translated Date (-)

Stevia ਤੋਂ ਸਾਨੂੰ ਸ਼ੁਗਰ ਮਿਲਦੀ ਹੈ ਸਾਨੂੰ ਇਸ ਦੇ ਪਤਿਆਂ ਤੋਂ ਜ਼ੀਰੋ ਕੈਲੋਰੀਜ਼ ਸਵੀਟਨੈੱਸ ਮਿਲਦੀ ਹੈ ਜੋ ਕਿ ਇਹ ਸ਼ੂਗਰ ਤੋਂ ਜਾਇਦਾ ਮਿੱਠੇ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਭਾਰਤ ਵਿਚ ਇਸਦੀਆਂ 2 ਕਿਸਮਾਂ ਲਗਾਈਆ ਜਾਂਦੀਆਂ ਹਨ mds 14 ਅਤੇ mds13 ਇਸਦੇ ਲਈ ਤਾਪਮਾਨ 30℃ ਤੋਂ 32℃ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ 1. ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਝੋਨੇ ਦੀ ਕਾਸ਼ਤ ਜ਼ਿਆਦਾ ਹੋਣ ਕਾਰਨ ਜ਼ਮੀਨ ਹੇਠਲੇ ਪਾਣੀ ਦਾ ਪੱਧਰ ਹੇਠਾਂ ਜਾਣਾ ਵੱਡੀ ਚਿੰਤਾ ਦਾ ਵਿਸ਼ਾ ਹੈ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਪੌਣ-ਪਾਣੀ ਮੁਤਾਬਕ ਰੇਤਲੀ ਤੇ ਕੰਢੀ ਖੇਤਰ ਦੀ ਧਰਤੀ ਇਸ ਫ਼ਸਲ ਲਈ ਵਧੇਰੇ ਲਾਹੇਵੰਦ ਹੈ ਇਸ ਫ਼ਸਲ ਨੂੰ ਪਾਣੀ ਬਹੁਤ ਘੱਟ ਲੱਗਦਾ ਹੈ ਤੇ ਇੱਕ ਵਾਰੀ ਪੌਦੇ ਲਾਉਣ ਤੋਂ ਬਾਅਦ 5 ਸਾਲ ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਕਟਾਈ ਹੀ ਕਰਨੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ 2. ਪਹਿਲੀ ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਕਟਾਈ ਤਿੰਨ ਮਹੀਨਿਆਂ ਬਾਅਦ ਹੋਣ ਕਾਰਨ ਕਿਸਾਨਾਂ ਨੂੰ ਆਮਦਨ ਜਲਦੀ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਇੱਕ ਏਕੜ ਜ਼ਮੀਨ ਵਿੱਚ 30 ਤੋਂ 40 ਹਜ਼ਾਰ ਪੌਦੇ ਲੱਗਦੇ ਹਨ ਮਹੱਤਵਪੂਰਨ ਤੱਥ ਇਹ ਹੈ ਕਿ ਇਸ ਫ਼ਸਲ ’ਤੇ ਕੀਟਨਾਸ਼ਕ ਜਾਂ ਨਦੀਨਨਾਸ਼ਕ ਦਵਾਈਆਂ ਦੀ ਵਰਤੋਂ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ 3. ਯੂਰੀਆ ਜਾਂ ਡੀਏਪੀ ਖਾਦ ਦੀ ਥਾਂ ਸਿਰਫ਼ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ ਦੀ ਹੀ ਵਰਤੋਂ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਨਾਲ ਕੁਦਰਤੀ ਖੇਤੀ ਦਾ ਹਿੱਸਾ ਵੀ ਕਹੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਸਟੀਵੀਆ ਦੇ ਪੌਦੇ ਵਿੱਚ ਮਿਠਾਸ ਹੋਣ ਕਾਰਨ ਪਸ਼ੂ ਵੀ ਮੂੰਹ ਨਹੀਂ ਲਾਉਂਦੇ 4.ਇਹ ਫ਼ਸਲ ਘੱਟੋ ਘੱਟ ਇੱਕ ਕਨਾਲ ਰਕਬੇ ਵਿੱਚ ਵੀ ਲਗਾਈ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਪਰ ਜੇਕਰ 5 ਏਕੜ ਵਿੱਚ ਲਾਈ ਜਾਵੇ, ਤਾਂ ਭਾਰਤ ਸਰਕਾਰ ਕੁੱਲ ਲਾਗਤ ਦਾ 40 ਫੀਸਦੀ ਸਬਸਿਡੀ ਵੀ ਦਿੰਦੀ ਹੈ ਫ਼ਸਲ ਨੂੰ ਪ੍ਰਫੁੱਲਤ ਕਰਨ ਲਈ ਸਰਕਾਰ ਲਾ ਰਹੀ ਜ਼ੋਰ:ਇਸ ਲਈ ਕੰਢੀ ਖੇਤਰ ਦੇ ਕਿਸਾਨਾਂ ਨੂੰ ਸਟੀਵੀਆ ਲਾਉਣ ਲਈ ਪ੍ਰੇਰਿਆ ਜਾ ਰਿਹਾ ਹੈ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਪੰਜਾਬ ’ਚ ਇਸ ਫ਼ਸਲ ਨੂੰ ਪ੍ਰਫੁੱਲਤ ਕਰਨ ਲਈ ਸਰਕਾਰ ਨੇ ਵਧੀਕ ਮੁੱਖ ਸਕੱਤਰ (ਵਿਕਾਸ) ਸੁਰੇਸ਼ ਕੁਮਾਰ ਦੀ ਅਗਵਾਈ ਹੇਠ ਕਮੇਟੀ ਦਾ ਗਠਨ ਕੀਤਾ ਹੈ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਕਮਿਸ਼ਨਰ ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਡਾ. ਬਲਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਸਿੱਧੂ ਦਾ ਕਹਿਣਾ ਹੈ ਕਿ ਸਟੀਵੀਆ ਦੀ ਫਸਲ ਝੋਨੇ ਤੇ ਕਣਕ ਦਾ ਬਦਲ ਬਣ ਸਕਦੀ ਹੈ ਦੂਜਾ ਇਸ ਫ਼ਸਲ ਤੋਂ ਕਣਕ ਤੇ ਝੋਨੇ ਦੇ ਮੁਕਾਬਲੇ ਕਮਾਈ ਵੀ ਜ਼ਿਆਦਾ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇਸਦੇ ਬਾਰੇ ਹੋਰ ਜਾਣਕਾਰੀ ਲੈਣ ਲਈ ਤੁਸੀ ਇਸ ਨੰਬਰ ਤੇ ਸੰਪਰਕ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ :-Rajpal Singh Gandhi :-9814060700

मोती की खेती कैसे करें ?

(hn)
Posted by
ramavat darshan (9898191123)
ramavat darshan
Gujarat
Devbhumi Dwarka
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Posted Date (16 Mar 2019 09:06 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:59 AM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Regional Research Centre, Anand ATIC, Anand Agricultural University, Anand , Gujarat, Ph. & Fax: +91-2692-263699, -388001 से संपर्क करें

तोरी कब बोयी जाती है ?

(hn)
Posted by
ramesh kumar verma (9559702529)
ramesh kumar verma
Uttar Pradesh
Lucknow
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Posted Date (16 Mar 2019 09:06 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:21 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

वर्ष में दो बार इसके बीजों को बोया जाता है बिजाई के लिए उपयुक्त समय मध्यम फरवरी से मार्च का महीना है और दूसरी बार बिजाई के लिए मध्य मई से जुलाई का समय उपयुक्त है

मछली पालन के लिए मेरे पास 10 बीघा जमीन है। मुझे करना ठीक होगा ?

(hn)
Posted by
Nitesh Singh (7376600596)
Nitesh Singh
Uttar Pradesh
Azamgarh
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Posted Date (16 Mar 2019 09:04 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (21 Mar 2019 02:48 PM) Translated Date (-)

यदि आप मछली पालन का काम शुरू करना चाहते हैं तो ट्रेनिंग बहुत जरूरी है यह ट्रेनिंग FFDA(fish farmer development aggency) हर जिले में बनी है जहां हमारा खेतीबाड़ी विभाग है वहां इसके अफसर बैठते हैं वहां जाकर एप्लीकेशन भरवायें वहां आपको 5 दिन की ट्रेनिंग दी जायेगी यह मुफ्त है कोई पैसा नहीं लगता इसका आपको र्स्टीफिकेट दिया जाता है ट्रेनिंग के लिए दसवीं पास होना ज़रूरी है यह डिपार्टमेंट जहाँ खेतीबाड़ी अफसर बैठता है जैसे जैसे कचिहरी, डी सी दफ्तर बोल देते है उसमें बना होता है, मछली पालन के लिए सेम वाले इलाके में 90% सब्सिडी होती है और बाकि इलाकों में 40% सब्सिडी होती है आप अपने ज़िले के FFDA ( fish farming development agency ) दफ्तर में जाएं जो कि आमतौर पर डी सी दफ्तर या कचिहरी में बना होता है, आप वहां ज़मीन की फर्द, स10th र्टिफिकेट और जहाँ तालाब बनाना है वहां की 2 फोटो लेकर जाएं उसके बाद FFDA के अफ़सर आपको फाइल तैयार करवाएंगे और आपकी ज़मीन देखकर तालाब बनाने का तरीका बताएंगे और फिर आपको 40% सब्सिडी के लिए फाइल तैयार कर लोन अप्लाई के बारे में समझा देंगे

मोती की खेती कैसे करें ?

(hn)
Posted by
ramavat darshan (9898191123)
ramavat darshan
Gujarat
Devbhumi Dwarka
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Posted Date (16 Mar 2019 09:04 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:34 AM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Regional Research Centre, Anand ATIC, Anand Agricultural University, Anand , Gujarat, Ph. & Fax: +91-2692-263699, -388001 से संपर्क करें

मैं मोती की खेती करना चाहता हूँ मुझे इस की जानकारी चाहिए ?

(hn)
Posted by
sukhdev thakur (9131318591)
sukhdev thakur
Madhya Pradesh
Seoni
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Posted Date (16 Mar 2019 09:04 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 11:55 AM) Translated Date (-)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm Phone: 097700 85381 पर कॉल कर सकते है

मोती की खेती कैसे करें ?

(hn)
Posted by
Shivam awasthi (7905913932)
Shivam awasthi
Uttar Pradesh
Hamirpur
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Posted Date (16 Mar 2019 09:03 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 12:02 PM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

मोती की खेती ?

(hn)
Posted by
tarun singh (9076675544)
tarun singh
Uttar Pradesh
Sitapur
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Posted Date (16 Mar 2019 08:53 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 12:04 PM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

Answered Date (16 Mar 2019 09:04 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

haa moti ki kheti hoti h

how to Pearl farming ?

(en)
Posted by
Srimay prasanjit (9338233336)
Srimay prasanjit
Odisha
Puri
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Posted Date (16 Mar 2019 08:49 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 11:45 AM) Translated Date (-)

Pearl farming is one of the best aquaculture businesses in India. In commercial pearl farming project, the first year investment will be more as you need fixed asset set up. You can assume 3/4 to a 1-acre, the cost of the pearl project would be around 4 lakhs rupees approximately. When it comes to profits in commercial pearl farming project, you can expect 50 to 60% under ideal aquaculture management practices. However, if you put more dedication and hard work into the project even 100% profit possible. There are mainly three types of pearls. • Natural pearls: in this type, the shape of the pearl depends on the original shape of the foreign body. • Artificial pearls: These are artificially made and coated with a synthetic material. • Cultured pearls (freshwater): These are cultured pearls in freshwater such as ponds, rivers etc..you can get the desired shape in this type. • You must have a good source of Oysters to culture in the pond. • You must have some skills of grafting techniques in pearl culture as this is essential for commercial pearl farming project. You can visit nearby pearl farms to learn these tips of freshwater pearl culture. first of all you have to attend 3 days practical training. According to your location you can get training from vinod kumar. he is successful pearl farmer. He is also providing training to new farmers. his contact number is 9050555757.Thank You.

kanak pani laun nal dig payi aa ji koi nuksan ta nhi hou ?

(pb)
Posted by
amanjot singh (9592347618)
amanjot singh
Punjab
Ludhiana
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Posted Date (16 Mar 2019 08:36 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:26 PM) Translated Date (-)

amanjot ji kanak dign nal ik ta daaneya vich fungus lag jandi hai dooja daaneya da sahi akar nahi banda. dhanwad

मेरे गार्डन में चूहे सारे सीड खाए जा रहे हैं भगाने का तरीका बतायें ?

(hn)
Posted by
sachin (9764046667)
sachin
Uttar Pradesh
Jaunpur
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Posted Date (16 Mar 2019 08:34 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:27 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

सचिन जी आप चूहों की रोकथाम के लिए नीचे दिए गए तरीके अपना सकते है:- पिंजरो का प्रयोग करना - चूहो को पडने के अलग अलग पिजंरो का प्रयोग किया जाता है इन पिजंरो का प्रयोग करने से पहले पिजंरे को अच्छी तरह धोकर प्रयोग करे ताकि किसी भी प्रकार की गंध ना आये साफ पिंजरो को खेत में चूहो के आने जाने वाले रास्ते और नुक्सान करने वाली जगह पर रखे बडी संखिया में चूहो को पकडने के लिए पिंजरे में 10-15 ग्राम अनाज को तेल लगाकर दो से तीन दिनो तक मुंह खोलकर रखे चुहो को मगर लगाने के बाद पिंजरे के अंदर कागज के टूकडो पर 10-15 ग्राम दाने और नालीदार दाखले पर चुटकी भर दाने रखकर मुंह को बंद कर दे ऐसा करके तीन दिन तक चूहे और पकडे हुए चूहो को पानी में डूबो कर मारे पिंजरो का दौबारा प्रयोग करने के लिए कम से कम 20 दिनो का फासला रखें कीडेमार जहरो के प्रयोग से रोकथाम - चूहो की कीडेमार और जहर के प्रयोग से रोकथाम करने के लिए जहरीला चोगा प्रयोग करने में ध्यान और सही तरीका प्रयोग करने की जरूरत है चुहो को इस जहरीले चोगे को खाना प्रयोग किये दानो का मियारपन , स्वाद, और तेल की गंध पर निर्भर करता है जहरीला चोगा बनाना जिंक फॉसफाइड का प्रयोग - एक किलो बाजरा गेहूं ज्वार का दलिया या इनका मिश्रण लेकर इसमे 20 ग्राम तेल हो सके तो मुंगफली का तेल और 25 ग्राम जिंकफॉसफाइड डाल कर अच्छी तरह मिलाये इस प्रकार तैया किये जहरीले चोगे को कागज की पुडीया बनाकर खेत में गेज वाली जगह पर रखे बरोमोडाइओलोन का प्रयोग - 20 ग्राम बरोमोडाइओलोन 0 005 फीसदी पाऊडर, 20 ग्राम बूरा खंड, और 20 ग्राम तेल को एक किलो किसी भी अनाज के दलिये में मिलाये और पूरे खेत में 40 जगह पर रख दें रैकुमिन का प्रयोग- 50 ग्राम रैकुमिन 0 0375 फीसदी पाऊडर , 20 ग्राम मुंगफली या सूरजमुखी का तेल और 20 ग्राम बूरा खंड को किसी भी अनाज के दलीये में मिलाये यह भी चूहो को मारने में बहुत फायदेमंद है

Answered Date (16 Mar 2019 09:43 PM) Translated Date (-)

wire fancing karvao us pa dava laga kara

मोती की खेती ?

(hn)
Posted by
tarun singh (9076675544)
tarun singh
Uttar Pradesh
Sitapur
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Posted Date (16 Mar 2019 08:30 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (20 Mar 2019 12:07 PM) Translated Date (-)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप विनोद कुमार 9050555757 से संपर्क करें

seep ki kheti kaise hoti hai ?

(en)
Posted by
Md Taufique Shakir (6202304832)
Md Taufique Shakir
Bihar
Siwan
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Posted Date (16 Mar 2019 08:26 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (21 Mar 2019 02:36 PM) Translated Date (-)

Motio ki kheti bare puri jankari or is ki training ke lia aap Vinod Kumar 9050555757 se samparak kare.

खेती कैसे करें ?

(hn)
Posted by
tarun singh (9076675544)
tarun singh
Uttar Pradesh
Sitapur
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Posted Date (16 Mar 2019 08:25 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:31 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

तरुण जी कृपया आप अपना सवाल विस्तार से पूछे के कोनसी खेती की जानकारी लेना चाहते है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद

isda result dsso te doze kinni hai ?

(en)
  • 1
Posted by
Akash (8837652736)
Akash
Punjab
Muktsar
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Posted Date (16 Mar 2019 08:25 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:30 PM) Translated Date (-)

akash ji Sadheen ik fungicide hai jisde vich Tebuconazole 10% + Sulphur 65% WDG nam da salt maujood hunda hai. eh fungus di roktham de layi istemal kita janda hai isdi matra 500gram prati acre de hisab nal company valo sifarish kiti jandi hai. dhanwad

sir muje mushroom cultivation karni h to kaise hogi ?

(en)
Posted by
sandeep singh (8445493052)
sandeep singh
Uttar Pradesh
Saharanpur
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Posted Date (16 Mar 2019 08:15 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:22 PM) Translated Date (-)

खुम्ब की किस्में कई प्रकार की होती है जैसे कि बटन खुम्ब, डीगरी, शटाकी खुम्ब, पराली खुम्ब, और मिलकी खुम्ब इनमे से कुइ खुम्ब सर्दियो के मौसम में और कुछ गर्मीयों के मौसम में लगाये जाते है और हर खुम्ब को लगाने का समय अलग अलग है जैसे बटन खुम्ब का समय सितंबर से मार्च तक होता है इस समय में हम तीन फसले ले सकते है शटाकी खुम्ब का समय अक्तूबर से मध्य फरवरी तक हैं इस समय हम एक फसल ही ले सकते है पराली खुम्ब का समय अप्रैल से अगस्त तक है इस समय हम चार फसले ले सकते है मिलकी खुम्ब का समय अप्रैल से सितंबर तक है आप अब अप्रैल में मिलकी या पराली खुम्ब लगा सकते है पराली खुमब के लिए आपको पराली, बीज, बांस, सेबा, आदि की जरूरत है पराली के पूले, धानो की पराली 1-1 किलो के पूले दोनो सिरो से सेबे से बांध कर तैयार किये जाते है पूले के सिरे कांट कर एक सार कर लिए जाते है पूलो की क्यिारी लगाना पराली के पूलो को साफ पानी में 16-20 घंटो के लिए डूबो दे गिले पूलो को ढलान पर रख कर फालतू पानी को निकलने दे कमरे ईटो और बांस से एक पलेटफार्म बनाये इस पलेटफार्म पर 5 पूलो की एक तहय लगाये जिसके ऊपर 75 ग्राम बीज डाले इसके ऊपर की तहय उलट होती है इस प्रकार 5-5 पूलो की तहय में 300 ग्राम बीज डाल कर कियारी तैयार करे सबसे ऊपर दो पूलो को खोलकर रख दे खुम्बो का फूटना बिजाई से 7-9 दिनो के बाद खुम्ब फूटने लगती है पानी और हवा का संचार बिजाई के दो दिन के बाद हर रोज पानी का छिडका करे खुम्बो के फूटने के बाद हवा का संचार 6-8 घंटे प्रति दिन किया जाता है खुम्बो की तूडाई खुम्बो के फूटने के बाद 1-2 दिनो के बाद तोडाई के योग्य हो जाती है मिलकी खुम्ब मिलकी खुम्ब के लिए तूडी, बीज, मोमी लिफाफे, सेबा, केसिंग,मिट्टी आदि होने चाहिये तूडी की तैयारी सूकी तूडी को पक्के फर्श पर बिछा कर 16-20 घंटे पानी से गिला करे गिली तूडी को बोरी में भर कर सेबे से बांध दे इस बोरी को उबलते पानी में 45-50 मिनट रखें तूडी को निकालकर पक्के फर्श पर बिछा कर ठंडा करे यह तूडी बिजाई के लिए तैयार है बिजाई ठंडी तूडी में बीज मिलाकर मोमी लिफाफो में भर दें एक मोमी लिफाफें में लगभग 2 किलो गिली तूडी और 70-80 ग्राम बीज पडता है लिफाफे के मुंह को सेबे से अच्छी तरह बांध कर कमरे में रख दे केसिंग बिजाई के दो तीन हफतो के बाद लिफाफे खोलकर केसिंग की 1-1.5 की तहय लगा दें केसिंग में तूडी और रेतली मिट्टी होती है 24 घंटो के लिए 4 प्रतिशत फारमलेन के घोल से जीवाणु रहित किया जाता है खुम्बो का फूटना केसिंग मिट्टी डालने के लगभग दो हफतो में खुम्बो के छोटे छोटे किणके निकलने शुरू हो जाते है और 4-5 दिन के बाद तोडने योग्य हो जाते है खुम्बो की तूडाई लगभग 35-40 दिनो तक की जाती है

please tell about seep (moti) farming in detail ?

(en)
Posted by
surenda kumar raikwar (9098250132)
surenda kumar raikwar
Chattisgarh
Durg
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Posted Date (16 Mar 2019 08:11 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 03:02 PM) Translated Date (-)

Mr Surenda for All Information and Training please contact with ICAR-Central Institute of Freshwater Aquaculture(Indian Council of Agricultural Research)(An ISO 9001:2015 Certified Institute) Kausalyaganga, Bhubaneswar-751002, Odisha, India Tel: +91-674-2465421, 2465446, Fax: +91-674-2465407 E-mail: director.cifa@icar.gov.in, Website: www.cifa.nic.in

मोती के बारे मे जानकारी चाहिए थी ?

(hn)
Posted by
Imran Manik khan (7276801756)
Imran Manik khan
Maharashtra
Raigarh
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Posted Date (16 Mar 2019 08:11 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (19 Mar 2019 05:36 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:34 AM)

मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm Phone: 097700 85381 से सम्पर्क करे

Answered Date (16 Mar 2019 08:16 PM) Translated Date (-)

hi

मोती की खेती के बारे में जानकारी दे मैं मोती की खेती करना चाहता हूँ ?

(hn)
Posted by
sandeep (9812731672)
sandeep
Haryana
Hisar
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Posted Date (16 Mar 2019 08:11 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (19 Mar 2019 05:35 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:35 AM)

हमारे देश में नदियों, झरने और तालाब में मौजूद हैं इनमें मछली पालन अलावा हमारे बेरोजगार युवा एवं किसान अब मोती पालन कर अच्छा मुनाफा कमा सकते है सीपों की सर्जरी पूरे साल की जा सकती है (अप्रैल जून माह को छोड़कर) खेती शुरू करने के लिए किसान को पहले तालाब, नदी आदि से सीपों को इकट्ठा करना होता है इसके बाद प्रत्येक सीप में छोटी-सी शल्य क्रिया के उपरान्त इसके भीतर गोल, आधा गोल या डिजायनदार बीड जैसे गणेश, बुद्ध, पुष्प आकृति आदि डाले जाते है फिर सीप को बंद किया जाता है अन्दर से निकलने वाला पदार्थ नाभिक के चारों ओर जमने लगता है जो अन्त में मोती का रूप लेता है लगभग 8-9 माह बाद सीप से मोती निकाल लिया जाता है लागत (दस हजार (10000) सीपों के पालन के लिए :- (क) एक बार निवेश : - 1. तालाब (50 x 50 फीट) - 10000 रुपये, * 2. जाल - 5000 रुपये, 3. टैंक - 2 (सर्जरी के बाद का ट्रीटमेंट) - 4000 रुपये, 4. लैब इक्यूपमेंट, टूल - 3000 टोटल - 22000 रुपये * टैंक, एक्वेरियम, बाल्टी में भी फार्मिंग की जाती है (क) आवर्ती (क्रमशः) निवेश :- 1. सीप - 4 रुपये, 2.न्युक्लिअस (इम्पोर्टेड)** - 5 रुपये 3. दवाइयां - 100 रुपये ** न्युक्लिअस 100% इल्शियम कार्बोनेट से तैयार, सीमेंट और araldite से नहीं (ग) मुनाफा :- 1. सफलता की दर - 50 % (देख-रेख पर निर्भर), 2. तैयार मोती - 10000 (दस हजार) - 1 सीप से दो मोती 3. प्रति मोती ​औसत दर - 250 - 300 रुपये 4. 10000 (मोती) x 250 (रुपये) = 2,50,000 (दो लाख पचास हजार रुपये) सीप के अन्दर बनाने वाले मोती का रंग सीप की प्रजाति और वातावरण पर निर्भर करता है, काली मोती बनाने के सर्जरी के तरीके में कोई अंतर नहीं होता -मोती की खेती उसी प्रकार से की जाती है जैसे मोती प्राकृतिक रूप से तैयार होता है -मोती की खेती करने के लिए इसे छोटे स्‍तर पर भी शुरू किया जा सकता है इसके लिए आपको तालाब बनाना जरूरी नहीं है - छोटे - छोटे टैंक बनाकर, बाल्टी और एक्वेरियम बनाकर भी मोती की खेती शुरू की जा सकती है -9 महीने बाद एक सीप से 2 डिजायनर मोती तैयार होता है, जिसकी बाजार में कीमत 300 रुपए से 1500 रुपए तक मिल जाती है – बेहतर क्‍वालिटी और डिजाइनर मोती की कीमत इससे कहीं अधिक 10 हजार रुपए तक अंतर्राष्‍ट्रीय बाजार में मिल जाती है – 20 महीने बाद गोल मोती तैयार होती है, जिसकी कीमत 500 से 50000 या उससे ज्यादा भी हो सकती है – हैदराबाद, सूरत, अहमदाबाद, मुंबई आदि बड़े शहरों में मोती के हजारों व्‍यापारी मोतियों का कारोबार करते हैं, जिन्हें मोती बेचा जाता है – इनके अलावा आप अपने मोतियों को डायरेक्‍ट भी इंटरनेट व अन्‍य माध्‍यम से बेच सकते हैं – हमारी कंपनी के माध्‍यम से भी आप अपने मोती बेच सकते हैं छात्र - छात्राएं, किसान और नौकरीपेशा लोग भी इस खेती को कर सकते हैं- – इस खेती को करने के लिए बहुत ज्यादा देखभाल की जरूरत नहीं होती - आप इसकी सर्जरी पार्ट टाइम में भी कर सकते है - हमारी नयी तकनीकी के द्वारा आप आटोमेटिक सिस्टम भी लगा सकते हैं, जिससे ज्यादा देखभाल की जरुरत भी नहीं पड़ती और ज़्यादा जानकारी के लिए आप Vinod Kumar 9050555757 पर कॉल कर सकते है

Sat sri akal ji, 125 jhone bare jankari deo ji. es nu naram pani vich laga skde a ji ?

(en)
Posted by
MANINDERPREET SINGH (7087516745)
MANINDERPREET SINGH
Punjab
Bathinda
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 08:06 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:24 PM) Translated Date (-)

MANINDERPREET ji jhone di PR125 kisam nahi hai. jhone dian kisman PR 111,113,114,115,118,120,121,123,126,127 kisam hai jekar tuc ehna vicho kise kisam di jankari laina chahunde ho ta jo tuhanu is abre poori jankari diti ja sake. dhanwad

sir kanak nu tele wali sprey de nal ah photo wali sprey paa skde ha is bare jankari deo ?

(en)
  • 1
Posted by
Navdeep puri (8437116002)
Navdeep puri
Punjab
Tarn Taran
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 08:05 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (17 Mar 2019 08:41 PM) Translated Date (-)

Nizzu vich Gibberellic acid naam da salt hai jo knak vich growth increase krn lyi spray hunda hai.esnu tele wali spray vich mix krke spray nhi kr skde ho g.Kyuke gibberellic acid di spray krn hun koi faida nhi hai g..

मार्केट में सबसे ज्यादा डिमांड कौन से अमरूद की है और अमरूद के कलम वाले पौधे चाहिए प्लीज हमें भी बताएं आपके संपर्क में कोई है तो संपर्क करवाएं हमें अमरुद के पौधे बोने हैं जो जल्दी फल देना चालू कर दें और मार्केट में सबसे ज्यादा डिमांड है ?

(hn)
Posted by
Rakesh jaat (7727050666)
Rakesh jaat
Rajasthan
Udaipur
Write Answer
Posted Date (16 Mar 2019 08:02 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (22 Mar 2019 02:44 PM) Translated Date (-)

राकेश जी अमरुद के पेड़ लेने के लिए आप Pawan Kumar 9878726420 से सम्पर्क कर सकते है इन से आप को इसकी किस्मो के बारे में जानकारी मिल जाएगी

डेयरी ?

(hn)
Posted by
sompal (9813676340)
sompal
Haryana
Panipat
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Posted Date (16 Mar 2019 07:58 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 05:44 PM) Translated Date (24 Jul 2021 11:35 AM)

कृप्या आप अपना सवाल विस्तार से बताएं कि आप डेयरी फार्मिंग के बारे में क्या जानकारी लेना चाहते है ताकि आपको इसके बारे में सही जानकारी दी जा सके

gents di chest ch pain ?

(pb)
Posted by
jaspreet kaur (9810415472)
jaspreet kaur
Punjab
Rupnagar
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Posted Date (16 Mar 2019 07:55 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (18 Mar 2019 04:38 PM) Translated Date (-)

Jaspreet ji sade app vich pashua de saban vich ate fasla de saband vich mahir juude hoye hai, filhal app vich insana de bimaria wala ajje koi mahir nahi hai , isde ilagg lai tuci nazdiki doctor nal sampark kro ate jekar tuci fasla ya pashua de saband vich koi jankari leni hai tan tuci uss saband vich swal post kr skde ho

kheti da koi ghat labour wala sehayak dhende bare jankari deo ?

(en)
Posted by
Tejinder singh (9417312804)
Tejinder singh
Punjab
Muktsar
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Posted Date (16 Mar 2019 07:55 PM) Assigned Date (-)
Answered Date (06 Apr 2019 12:29 PM) Translated Date (-)

kheti de nal tusi bakri palan da kamm kar sakde ho. ehnu chote level te shuru karo . jeyada labour di jarurat v nahi hai ji.

Answered Date (16 Mar 2019 07:58 PM) Translated Date (-)

sorry kheti da nal g