Maharashtra
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(hn)
कृपया आप अपना सवाल विस्तार से पूछें ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके, धन्यवाद
ਝੋਨੇ ਦਾ ਕੀ ਰੇਟ ਹੈ ?
(pb)
Maharashtra
ਜਗਜੀਤ ਜੀ ਝੋਨੇ ਦਾ ਰੇਟ 1815 ਹੈ ਅਤੇ A grade ਦਾ 1835 ਹੈ ਧੰਨਵਾਦ
sir ji patta lapet rokan ly padan thik rahegi ?
(pb)
Maharashtra
Jhone de vich patta lapet di roktham de lyi tata tukumi@100gm ja coragen@60ml ja fame@20ml ja lambda@200ml nu 150 ltr pani de nal mila ke spray kr skde ho. iss ton ilaava tuc padan@5-7kg ja ferterra@4kg ja regent ultra@4kg prati acre de hisaab nal shitta de skde ho.
Sir mujhe shimla mirch ke bare me jankari do please ?
(hn)
Maharashtra
इसकी खेती के लिए 18-35° सै. मिट्टी का तापमान होना आवश्यक है इसके अच्छे विकास के लिए विभिन्न प्रकार की चिकनी से दोमट मिट्टी में इसकी खेती करें यह कुछ हद तक तेज़ाबी मिट्टी में उगाई जा सकती है यह रेतली दोमट मिट्टी और पानी के अच्छे निकास में बढ़िया परिणाम देती है शिमला मिर्च की खेती के लिए मिट्टी का pH 6-7 होना चाहिए Bomby (red color): यह जल्दी पकने वाली किस्म है यह किस्म लम्बी, पौधे मज़बूत और शाखाएं फैलने वाली होती हैं इसके फलों के विकास के लिए पर्याप्त छाया की जरूरत होती है इसके फल गहरे हरे होते है और पकने के समय यह लाल रंग के हो जाते हैं, इसका औसतन भार 130-150 ग्राम होता है इसके फलों को ज्यादा समय के लिए स्टोर करके रखा जा सकता है और यह ज्यादा दूरी वाले स्थान पर लेजाने के लिए उचित होते है Orobelle (yellow color): यह किस्म मुख्यतः ठंडे मौसम में विकसित होती है इसके फल ज्यादातर वर्गाकार, सामान्य और मोटे छिलके वाले होते है इसके फल पकने के समय पीले रंग के होते है, जिनका औसतन भार 150 ग्राम होता है यह किस्म बीमारीयों की रोधक किस्म है जो कि ग्रीन हाउस और खुले खेत में विकसित होती है Indra (green): यह किस्म लम्बी और देखने में झाड़ीदार होती है इसके पत्ते गहरे हरे रंग के और घने गुच्छों में होते है इस किस्म के फल गहरे हरे रंग के होते हैं,जिनका औसतन भार 170 ग्राम होता है फल विकसित होने के बाद 50-55 दिनों में बिजाई के लिए तैयार होते हैं इसके फलों को ज्यादा समय के लिए स्टोर करके रखा जा सकता है और यह ज्यादा दूरी वाले स्थान पर लेजाने के लिए उचित होते है शिमला मिर्च की खेती के लिए, ज़मीन को अच्छी तरह से तैयार करें ज़मीन को भुरभुरा बनाने के लिए, 5-6 बार सुहागे से जोताई करें खेत की तैयारी के समय खेत में रूड़ी की खाद डालें और मिट्टी में मिलाएं बीजों को मुख्य तौर पर अक्तूबर के अंत में बोयें और रोपण के लिए मध्य-फरवरी का समय उचित होता है जल्दी पैदावार के लिए, बीजों को मध्य-अक्तूबर में बोयें और रोपण के लिए नवंबर के अंत का समय उचित होता है बिजाई के लिए पंक्ति से पंक्ति में 50 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 40 सैं.मी. का फासला रखें बीज को 2-4 सैं.मी. गहरा बोयें एक एकड़ खेत के लिए 200-300 बीजों का प्रयोग करें मिट्टी से होने वाली बीमारीयों से बचाने के लिए बिजाई से पहले थीरम या कप्तान, सिरेसन आदि 2 ग्राम में प्रति किलो बीजों को भिगोएं शिमला मिर्च की खेती के लिए, सबसे पहले नर्सरी बैडों को तैयार करें नए पौधे लगाने के लिए 300 x 60 x 15 सैं.मी. आकार के सीड बैड तैयार करें बीजों को तैयार किये गए बैडों पर बोयें और बिजाई के बाद नर्सरी बैडों को मिट्टी की पतली परत से ढक दें बीजों के उचित अंकुरण के लिए बिजाई के बाद तैयार बैडों पर हल्की सिंचाई करें जब पौधे के 4-5 पत्ते निकलने शुरू हो जाये तो आरोपण करें मुख्य खेत में आरोपण किया जाता है आरोपण आमतौर पर बरसात के मौसम में किया जाता है आरोपण के लिए मुख्यतः 50-60 दिनों की पौध का प्रयोग किया जाता है आरोपण से पहले नर्सरी बैडों को पानी लगाएं ताकि पौधे को आसानी से उखाड़ा जा सके फसल की बढ़िया पैदावार के लिए, उचित समय के अंतराल पर गोड़ाई करें नए पौधों के रोपण के 2-3 हफ्ते बाद मेंड़ पर मिट्टी चढ़ाएं यह खेत को नदीन मुक्त करने में मदद करती है रोपण के 30 दिनों के बाद पहली गोड़ाई और 60 दिनों के बाद दूसरी गोड़ाई करें
Abhi Jo sagwan aaya hai market me navi kisan bio limited company ka uske bare me kuch jankari de company ka dawa hai ke wo 7 saal me cutting ko a jata hai ispar Kya kehna hai aapka ?
(hn)
5 बीघा जमीन क्या लगाये ?
(hn)
Maharashtra
आप सब्जियां जैसे गाजर, शलगम, फूलगोभी, बीन, टमाटर, काली सरसों के बीज, पालक, धनिया, ब्रसल्स स्प्राउट, चौलाई की बिजाई कर सकते है
मेरा एक कमरा है उसमें कुछ दूरी तक जाली लगाकर मुर्गी पालन कर सकते हैं, यदि हम मुर्गी को उस कमरे के अंदर ही रखें, क्या मुर्गी सही सलामत रह पाएगी ?
(hn)
Punjab
जी हां आप वहां उन्हें रख सकते है आप वहां पूरी साफ सफाई का ध्यान रखें और वहां लाईट का पूरा प्रबंध रखें और उनकी खुराक का भी पूरा ध्यान रखें और वहां ज्यादा गर्मी नहीं होनी चाहिए
गाभिन बकरी के खाने में नमक दे सकते है ?
(hn)
जी हां आप बकरी को नमक दे सकते है जो पाकिस्तानी नमक की पेसी होती है उसमें से रोजाना थोडा थोडा दे सकते है
Sabse Jyada egg dene vali murgi konsi hai jo Maharashtra me milti ho ?
(hn)
Punjab
Akshay ji jyada egg deni wali nasal aap BV300 rakh skte hai yeh sall mai 300 egg de skti hai.
Maharashtra
sir ji muze koi deshi nasal bataye.
सर मेरे शहर आस-पास देशी चिक्स कहा मिलेगा जो लेने आशन हो ?
(hn)
Punjab
योगेशवर जी देशी चिक्स लेने के लिए आप Dr Shashikant Patle 9098572227 से सम्पर्क करे धन्यवाद
1,बत्तख जिस रूम में रखना है उस रूम के फर्स में किया बिछाना चाहिये जिससे फर्स गिला न हो और कितना दिन में उसे बदलना चाहिए 2, किया बिना कुछ बिछाए बत्तख को रख सकते हैं किया ?
(hn)
Punjab
आप वहां सूखा चारा कोई भी डाल सकते है सूखे चारे को छोटा छोटा काट कर बिछा सकते है। आप वहां भूसा भी डाल सकते है।
7903647427
Uttar Pradesh
सर आप से बात करनी है नंबर देवक्ते है
Maine 2 bigha ka talav liya hai usme koun sa jeera daale or kitna daale jisse Kam lagat me jyada munafa Ho pls. kitna kharch aayega ?
(hn)
Sir put 20 thousand small size seed after 12 to 14 month it\'s ready for sale
गाय की कोई एक नई नस्ल बताए ?
(hn)
Rajasthan
कृप्या आप ये बताएं कि आप डेयरी फार्म बनाना चाहते है या वैसे घर पर रखने के लिए पूछ रहें है कृप्या विस्तार से अपना सवाल बताएं ताकि आपको सही जानकारी दी जा सके
kapas ?
(hn)
Punjab
Nehra ji kriypa aap apna swal vistar se pushen ki aap kapas ke bare me kya jankari lena chahte hai tan jo apko sahi jankari di ja ske.
wahan Wicho g mitti chakwae c essss waar.....1509 variety lae a 20 din ho gye jhona ne bilkull v fottt nhi kri g.....thalle ki paya jawe g ta Jo wadita futara KR awe jhona g.....khrcha chahe kinna v hojje ?
(pb)
Maharashtra
ਝੋਨੇ ਦੇ ਵਧੀਆ ਫੁਟਾਰੇ ਦੇ ਲਈ ਹੁਣ ਤੁਸੀ ਯੂਰੀਆ ਨਾਲ biovita @8 ਕਿਲੋ ਜਾ ਫਿਰ tata ਦੀ ralli gold @4 ਕਿਲੋ ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਵਿਚ ਇਸਦਾ ਛਿੱਟਾ ਦਵੋ ਉਸ ਨਾਲ ਤੁਹਾਡਾ ਝੋਨਾ ਵਧੀਆ ਫੋਟ ਮਾਰ ਲਵੇ ਗਾ ਜੀ I
sir mutton mushroom sa work kida ha end kitho wadia training milu ji and oda pichle bna ke sale karne ke system da kida patta lagu ?
(en)
Punjab
harmanjot ji tuc mushroom de bare poori jankari lain layi ate isde beej lain layi tuc Rameshwar 9829976310 Jony Mushroom Garden ji nal sampark kar sakde ho.dhanwad
ਬਰੋਨ ਦੀ ਸਪੇਰ ਕਦੋ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਤੇ ਇਸ ਦੇ ਨਾਲ ਕਿਹੜੀ ਦਵਾਈ ਪਾਈ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਝੋਨੇ ਨੂੰ ?
(pb)
Punjab
ਜਗਜੀਤ ਜੀ ਤੁਹਾਨੂੰ ਝੋਨੇ ਉਪਰ ਬੋਰੋਨ ਦੀ ਸਪਰੇ ਕਰਨ ਦੀ ਲੋੜ ਨਹੀਂ ਹੈ ਜਦੋ ਝੋਨਾ 5 % ਤਕ ਨਿਸਰ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਤਾ ਤੁਸੀ 130045 @10 ਗ੍ਰਾਮ ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਲਿਟਰ ਪਾਣੀ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ
Malabar neem ki kheti kaise kare ?
(hn)
Maharashtra
मालाबार नीम (Meliaceae) परिवार से निकलती है और भारत दक्षिण पूर्व एशिया और ऑस्ट्रेलिया, जहां यह जलाऊ लकड़ी का एक स्रोत के रूप में खेती की गई है मालाबार नीम के पेड़ की खेती सभी प्रकार की मिट्टी में की जा सकती है और पानी की कम आपूर्ति की आवश्यकता होती है मालाबार नीम रोपण से 2 साल के भीतर 40 फुट तक उचाई लेलेता है, मालाबार नीम एक नकदी नीम परिवार से संबंधित है इस पेड़ अपनी तेजी से विकास के लिए जाना जाता है हाल के दिनों में कर्नाटक के आसपास के किसान, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और केरल में इस वृक्ष की बढ़ी मात्रा में फार्मिंग कर रहे है और इसका प्रयोग सस्ती वुड (plywood इंडस्ट्री) के रूप में कर रहे है यदि पेड़ो को सिंचित किया जाये तो 5 वर्ष के अंत में काटा जा सकता है और प्लाई के लिए प्रयोग किया जासकता है मार्च - अप्रैल के दौरान बीज बोना सबसे अच्छा है साफ और सूखे बीजों को खुली हुई नर्सरी बेड में, ड्रिल किए गए लाइनों में, 5 सेमी अलग से बोना चाहिए रेत में बीज अंकुरित नहीं होते हैं उन्हें मिट्टी में बोया जाता है इसके लिए: खेत यार्ड खाद 2: 1 के अनुपात में या फिर 1: 1 अनुपात भी अपनाया जा सकता है एक मानक नर्सरी बेड के लिए लगभग 1500 की संख्या वाले 6-7 किलोग्राम सूखे ड्रिप की आवश्यकता होती है बोए गए बीजों को नियमित रूप से, दिन में दो बार पानी पिलाया जाना चाहिए उन स्थानों पर जहां दिन का तापमान बहुत अधिक नहीं है, या जहां नर्सरी बेड छाया में हैं, नर्सरी बेड को मध्यम में तापमान बनाए रखने के लिए तिरपाल शीट से ढंकना चाहिए ध्यान रहे 90 दिनों के भीतर बीज का अंकुरण होता है 5x5 मीटर का की दुरी को अच्छा माना गया है जबकि 8x8 मीटर का अंतर आदर्श है उर्वरकों की मदद से पौधे की वृद्धि और विकास को बढ़ाया जा सकता है वृक्षों के तेज विकास के लिए नियमित सिंचाई की आवश्यकता होती है शुरुआती विकास के लिए तीन महीने तक के लिए लगातार पानी देना और तीन महीने में एक बार उर्वरक का इस्तेमाल करने से काफी तेज़ी से विकास होता है, बारिश की स्थिति के तहत, पौधे के विकास की गति धीमी हो जाती है (लगभग 100% कम) जमीन से 8-10 मीटर पर पेड़ की शाखाएं हर छह महीने में प्रूनिंग करने से ब्रांचिंग नियंत्रित होती है मालाबार नीम की खेती के लिए मिट्टी की आवश्यकता: - यह विभिन्न प्रकार की मिट्टी पर उगती है कभी-कभी गहरी उपजाऊ रेतीली दोमट मिट्टी इष्टतम विकास दिखाती है, जबकि उथली बजरी मिट्टी तुरंत विकास को दर्शाती है मेलिया नामक एक अच्छी एग्रोफोरेस्ट्री प्रजाति है, और इसकी खेती की अवधि में अनेक प्रकार की फसलों का समर्थन करती है ग्राउंड नट, मिर्च, हल्दी, काले चने, पपीता, केला, खरबूजा, गन्ना, इन फसलों की सफलतापूर्वक खेती की जा सकती है बीजों को पकने, धोने और सुखाने के द्वारा पकने वाले फलों को (जनवरी - फरवरी) से एकत्र किया जाता है और सील किए गए टिनों में संग्रहित किया जाता है बीज की अंकुरण क्षमता 25% से कम होती है नर्सरी में, बीज को नर्सरी बेड में बोया जाता है सबसे अच्छा बीज उपचार एक दिन के लिए बीज को काऊडूंग घोल से उपचारित करना माना जाता है फिर उपचारित बीजों को उठे हुए नर्सरी बेड के ऊपर बोया जाता है बीज को अंकुरित होने में एक या दो महीने लगते हैं सिंचाई नियमित रूप से की जानी चाहिए अंकुर को अपनी नर्सरी अवस्था को पूरा करने में 6 महीने लगते हैं छह से नौ महीने पुरानी रोपाई 3x3m या 3x4m के अंतर पर लगाई जा सकती है सीधे बेलनाकार बोल्स प्राप्त करने के लिए वार्षिक छंटाई की जाती है पेड़ गैर-बरसात के मौसम में हर 10 - 15 दिनों में एक बार सिंचाई के लिए अच्छी तरह से प्रतिक्रिया करता है यह एक अच्छी लकड़ी है और प्लाईवुड उद्योग के लिए सबसे पसंदीदा प्रजाति है लकड़ी का उपयोग पैकिंग के लिए, छत के तख्तों, भवन निर्माण के उद्देश्यों, कृषि उपकरणों, पेंसिलों, माचिस की डिब्बी, मोचियों, संगीत वाद्ययंत्रों और चाय के बक्सों के लिए भी किया जाता है क्योंकि लकड़ी स्वयं द्वारा दीमक रोधी होती है इस प्रकार, इसकी बहुउद्देशीय उपयोगिताओं के कारण प्रजाति का एक तैयार और सुनिश्चित बाजार है प्रजाति भी अत्यधिक अनुकूलनीय है प्लाईवुड उद्योगों द्वारा प्रजाति की अत्यधिक मांग है
धान की तना छेदक बीमारी की रोकथाम कैसे करें ?
(hn)
Maharashtra
सचिन जी तना छेदक की रोकथाम के लिए आप fame@20ml या coragen@60ml को 150 लीटर पानी में मिलाकर स्प्रे करें, धन्यवाद
धान में झुलस रोग की रोकथाम कैसे करें ?
(hn)
Punjab
धान में UPL saaf@400 ग्राम को प्रति एकड़ के हिसाब से इस्तेमाल करें, धन्यवाद
काली तुलसी का मारकेट कहा है ?
(hn)
Maharashtra
इसके मंडीकरण के लिए आप Aushadhiya kheti vikas sansthan 6268536795 से संपर्क कर सकते हैं
Rajasthan
उत्तर प्रदेश
मेरे दो नीम के पेड़ लगे हुए है और उनको लगाए हुए 2 साल हो गए हैं पर लंबाई नहीं बड़ रही है तो उसमे कया प्रोब्लम हो गई है ?
(hn)
Punjab
आप नीम को 50 ग्राम VAM, 20 ग्राम एज़ोसपाईरीलियम और फास्फोबैक्टीरिया जरूर डालें इस से पौधे की ग्रोथ होना शुरू हो जाएगी धन्यवाद
ਝੋਨੇ ਦਾ ਰੇਟ ਹੁਣ ਕੀ ਹੈ
(pb)
Punjab
Sharan ji saal 2018-19 vich jhona 1750, jhona (Grade A) 1770 si, saal 2019-20 is vaar jhone da smarthan mull 1815 ate jhona (Grade A) 1835 hai Thankyou.
सर 15-20 दिन से धान में झंडा रोग आ गया है पौधे सूख रहे हैं, कोई दवाई बताएं ?
(hn)
Maharashtra
झंडे रोग की रोकथाम के लिए UPL की saaf@400gm को यूरिया के साथ मिलाकर छिड़काव कर सकते हैं जो अब यूरिया डालोगे इसके साथ आप इसका छींटा दें, इसके इलावा आप oswal की combo 75@400gm प्रति एकड़ के हिसाब से यूरिया के साथ छींटा दे सकते हो यह कुछ हद तक कण्ट्रोल हो जाएगा यदि आप किसी और कंपनी की दवाई लेना चाहते है तो यह ध्यान रखें की उस दवाई में carbendazim 12% और mancozeb 63% वाला साल्ट हो, यह झंडे रोग की रोकथाम करता है
cotton me ukheda h koee elaj ?
(hn)
Maharashtra
Ukheda rog ki roktham ke liye isme 200gm ridomil gold ja 400gm saaf ja 400gm m-45 ko 150 ltr paani mein daal kar prati acre pe spray krein. yeh bimaari thk ho jayegi.
कौन सी खेती करे जिससे अधिक लाभ हो ?
(hn)
Punjab
चंद्रा जी कृपया बताएं कि आपके पास ज़मीन कितनी है और मिट्टी कैसी है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके, धन्यवाद
सर धान में झंडा रोग आ गया है इसके बारे में जानकारी दें ?
(hn)
Maharashtra
झंडे रोग की रोकथाम के लिए UPL की saaf@400gm को यूरिया के साथ मिलाकर छिड़काव कर सकते हैं जो अब यूरिया डालोगे इसके साथ आप इसका छींटा दें, इसके इलावा आप oswal की combo 75@400gm प्रति एकड़ के हिसाब से यूरिया के साथ छींटा दे सकते हो यह कुछ हद तक कण्ट्रोल हो जाएगा यदि आप किसी और कंपनी की दवाई लेना चाहते है तो यह ध्यान रखें की उस दवाई में carbendazim 12% और mancozeb 63% वाला साल्ट हो, यह झंडे रोग की रोकथाम करता है
में goat फॉर्मिग करना चाहता हु मालवा क्षेत्र मध्यप्रदेश में बकरे की अच्छी किस्म बताये ऒर बकरा पालन के आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान करे ?
(hn)
Punjab
बकरी पालन बहुत ही लाभकारी काम है शुरूआत करने के लिए आप 10 बकरियों और 2 बकरे के साथ कर सकत हैं इन्हें खुराक कम चाहिए इसलिए इन्हें आसानी से पाल सकते हैं ये हर प्रकार के मौसम में पाली जा सकती हैं बकरियां 12-14 महीने में बच्चे देना शुरू कर देती है बकरी का गर्भ समय 150 दिन का होता है और साल में 1-5 बच्चे देती है साल में दो बच्चे देना आम बात है बकरियां 8-10 वर्ष तक बच्चे देती हैं और अपन गिनती को तेजी से बढ़ा लेती हैं आप बारबरी, ब्लैक बंगाल, जैसी नसल पाल सकते हैं इसकी ट्रेनिेंग के लिए आप अपने कुषि विज्ञान केंद्र से संपर्क करे या फिर जो बकरी पालन का व्यवसाय कर रहा कोई किसान उसका फार्म स्वंय जाकर देखकर आयें तो और भी बारीकियों का पता चल जायेगा, आप ब्लैक बंगाल, बीटल, सिरोही, जमुनापरी, बरबरी नस्ल रख सकते हैं,
kinnow dae bage che ph jayade hone dae karn patae burning hoe rahe hae esa layae sulphur 90% wdg ek acer kine paune chyedea hae yae koi hor ilaj daso ?
(pb)
Maharashtra
ਜੇਕਰ ਮਿੱਟੀ ਦਾ pH 5 ਤੋਂ ਘੱਟ ਹੋਵੇ ਤਾਂ ਜਮੀਨ ਵਿੱਚ ਕਲੀ ਪਾਓ ਅਤੇ ਜੇਕਰ pH 9.5 ਤੋ ਵੱਧ ਹੋਵੇ ਤਾਂ ਜ਼ਮੀਨ ਵਿੱਚ ਜਿਪਸਮ ਪਾਓ
कद्दू की बैल के कद्दू लगने शुरू नहीं हुए क्या करे ?
(hn)
Maharashtra
आप इसकी 3G cutting करें, यह बढ़िया ढंग के फल लेने के बढ़िया तरीका है इसकी कटाई के समय पौधे की पहले टहनी से फूल तोड़ दिए जाते हैं इस टहनी के फूल और फल लगभग नर ही होते हैं, फिर दूसरी टहनी जो पहली टहनी से बनी होती है उसके फूल भी तोड़ दिए जाते हैं, इसके फल और फूल कुछ नर और मादा होते हैं इन्हें भी नहीं रखा जाता, अब जो दूसरी शाखा से तीसरी शाखा निकली हुई होती है उसके फूल रखे जाते हैं इसे तीसरी तोड़ाई कहते हैं इसके फूल और फल लगभग मादा ही होते हैं
ਸਰ ਸਿਉਕ ਦੇ ਇਲਾਜ ਦਾ ਕੋਈ ਔਰਗੈਨਿਕ ਤਰੀਕਾ
(pb)
Punjab
ਸਿਉਕ ਦੇ ਇਲਾਜ ਦਾ ਤਰੀਕਾ:- ਲੋੜੀਂਦੀ ਸਮੱਗਰੀ :8-10 ਮੱਕੀ ਦੀ ਛੱਲੀ ਦੇ ਭੁੱਠੇ ਜਾਂ ਟਾਹਲੀ ਦੀ ਕੱਚੀ ਲੱਕੜ,ਮਿੱਟੀ ਦਾ ਘੜਾ,ਸੂਤੀ ਕੱਪੜਾ ਵਰਤੋਂ ਦਾ ਢੰਗ :• ਇੱਕ ਮਿੱਟੀ ਦਾ ਘੜਾ ਲਓ, ਉਸ ਤੇ ਚਾਰੇ ਪਾਸੇ ਮੋਰੀਆ ਕਰੋ • ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਘੜੇ ਵਿੱਚ ਗਿੱਲੀਆਂ ਜਾਂ ਸ਼ੀਸ਼ਮ ਦੀ ਲੱਕੜ ਨੂੰ ਰੱਖ ਕੇ ਘੜੇ ਦੇ ਮੂੰਹ ਤੇ ਸੂਤੀ ਕੱਪੜਾ ਬੰਨੋ • ਫਿਰ ਇਸ ਨੂੰ ਜ਼ਮੀਨ ਵਿੱਚ ਇਸ ਤਰਾਂ ਗੱਡੋ ਕਿ ਉਸਦਾ ਮੂੰਹ ਜ਼ਮੀਨ ਤੋਂ 1 ਇੰਚ ਉੱਪਰ ਹੋਵੇ • ਕੁੱਝ ਦਿਨਾਂ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਘੜੇ ਵਿੱਚ ਬਹੁਤ ਸਾਰੀ ਸਿਉਂਕ ਆ ਜਾਂਦੀ ਹੈ , ਇਸ ਨੂੰ ਖੇਤ ਤੋਂ ਦੂਰ ਲਿਜਾ ਕੇ ਨਸ਼ਟ ਕਰ ਦਿਓ ਇਸ ਤਰਾਂ ਦੇਸੀ ਤਰੀਕੇ ਨਾਲ ਸਿਉਂਕ ਨੂੰ ਰੋਕਿਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ
ਸਰ ਮੇਰੀ ਗਾਂ ਦੇ ਥਣ ਬਹੁਤ ਛੋਟੇ ਹਨ ਵਧਾਉਣ ਲਈ ਕੀ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇ ਸੂਣ ਵਿੱਚ ਪੰਦਰਾਂ ਦਿਨ ਰਹਿੰਦੇ ਹਨ ?
(pb)
uss nu Udder-H liquid 10-10ml swere sham, Metabolite powder di rojana 1 pudi deni suru kro, iss nal lewa ate dudh vdia tyar ho jawega.
sahjan ke beej ?
(en)
Punjab
Gamit alpesh ji sehjan (Moringa) seed ke lia aap J.B Lal 8290200303 se sampark kare, Thankyou.
ग्वार के बूँटे पीले पड़ रहे हैं तथा लम्बाई में ज्यादा बढ़ रहे हैं क्या करें ?
(hn)
Yeh jyada barish ke kaarn ho rha hai. iss ke upper M-45@400gm ja upl ki saaf@500gm ja Z-78@400gm ki prati acre ke hisaab se spray krein. ho ske toh pani agar khada hua hai toh woh nikal de.
नरमे का कद ज्यादा है और टिडे नहीं बन रहे है उपाय बताए ?
(hn)
Maharashtra
यदि बिजाई के 80-100 दिनों के बाद फसल को फूल ना निकलें या फूल कम हों तो फूलों की पैदावार बढ़ाने के लिए ज्यादा सूक्ष्म तत्व खाद 750 ग्राम प्रति एकड़ प्रति 150 लीटर पानी की स्प्रे करें बी.टी किस्मों की पैदावार बढ़ाने के लिए बिजाई के 85, 95 और 105 दिनों के बाद 13:0:45 के अनुसार 10 ग्राम या पोटाश 5 ग्राम प्रति लीटर पानी की स्प्रे शाम के समय करें अधिक पैदावार प्राप्त करने के लिए पोटाश्यिम 10 ग्राम प्रति लीटर और डी.ए.पी. 20 ग्राम प्रति लीटर (पहले फूल खिलने के प्रत्येक 15 दिनों के फासले पर 2-3 स्प्रे) की स्प्रे करें कई बार वर्गाकार लार्वा गिरता है और इससे फूल झड़ने शुरू हो जाते हैं, इसकी रोकथाम के लिए पलैनोफिक्स (एन ए ए) 4 मि.ली. और ज्यादा सूक्ष्म तत्व 120 ग्राम, मैगनीश्यिम सल्फेट 150 ग्राम प्रति 15 लीटर पानी की स्प्रे करें यदि खराब मौसम के कारण टिंडे झड़ते दिखाई दें तो इसकी रोकथाम के लिए 100 ग्राम 00:52:34+30 मि.ली. हयूमिक एसिड (12 प्रतिशत से कम)+6 मि.मी. स्टिकर को 15 लीटर पानी में मिलाकर 10 दिनों के फासले पर तीन स्प्रे करें आज कल पत्तों में लाली बहुत ज्यादा दिख रही है, इसका मुख्य कारण पौष्टिक तत्वों की कमी है इसे खादों के सही उपयोग से ठीक किया जा सकता है इस तरह करने के लिए 1 किलो मैगनीश्यिम सल्फेट की पत्तियों पर स्प्रे करें और इसके बाद यूरिया 2 किलो को 100 लीटर पानी में मिलाकर स्प्रे करें
इलायची की खेती कैसे करे ?
(hn)
Maharashtra
इलायची के रोपण करते समय भूमि में जल संरक्षण करना बहुत आवश्यक है कम बारिश वाले भाग में और ढलान वाली भूमि में जल संरक्षण करना जरूरी है इसकी फसल में नीम की खली एक किलोग्राम मुर्गी की खाद , FARMYARD खाद , कम्पोस्ट खाद या वर्मी कम्पोस्ट खाद की २ किलोग्राम की मात्रा को जैविक खाद के रूप में प्रयोग करना चाहिए इस खाद का प्रयोग एक साल में एक बार किया जा सकता है यदि इस खाद को हम मई या जून के महीने में प्रयोग करते है तो बहुत फायदेमंद होता है इलायची की फसल में लगने वाले रोग की रोकथाम करने के लिए :-इलायची की फसल में मुख्य रूप से फंगल रोग और पेड़ों की झुरमुट सड़ांध है इस रोग से इलायची का पौधा बिलकुल बेकार हो जाता है जिससे हमे उन्नत किस्म की उपज नही मिलती इसकी रोकथाम करने के लिए हमे बीजों को ट्राईकोडरमा कीटनाशक दवा से उपचरित करके बोना चाहिए इसके आलावा इलायची की बुआई उचित समय पर करनी चाहिए इलायची का जो पौधा वायरस के प्रभाव में आ जाता है उसके वायरस को और ना बढ़ने दें रोगग्रस्त पौधे को उखाड़कर जलाकर नष्ट कर दें इलायची की खेती करने के लिए 10 डिग्री से 30 डिग्री का तापमान सबसे उत्तम माना जाता है तापमान के साथ – साथ इलायची की अधिक उपज लेने के लिए नमी युक्त स्थान और छायादार स्थान का होना बहुत जरूरी है
sat Sri akal ji bangan ch sundia pai rehia ne ji and boote di shakha upper v suk rehi a t wich sundi a ji dhanwad ?
(pb)
Maharashtra
ਨੁਕਸਾਨੇ ਫ਼ਲ ਹਰ ਹਫਤੇ ਤੋੜ ਕੇ ਨਸ਼ਟ ਕਰ ਦਿਓ ਨਰਸਰੀ ਲਾਉਣ ਤੋਂ 1 ਮਹੀਨੇ ਬਾਅਦ ਟ੍ਰਾਈਜ਼ੋਫੋਸ 20 ਮਿ.ਲੀ. ਪ੍ਰਤੀ 10 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਅਤੇ 50 ਗ੍ਰਾਮ ਨਿੰਮ ਐਕਸਟ੍ਰੈਕਟ 50 ਗ੍ਰਾਮ ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ 10-15 ਦਿਨਾਂ ਦੇ ਵਕਫੇ ਤੇ ਇਹ ਸਪਰੇਅ ਦੋਬਾਰਾ ਕਰੋ ਫੁੱਲ ਨਿਕਲਣ ਸਮੇਂ ਕੋਰਾਜੈੱਨ 18.5% ਐੱਸ.ਸੀ. 5 ਮਿ.ਲੀ. + ਟੀਪੋਲ 5 ਮਿ.ਲੀ. ਦਾ ਘੋਲ 12 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿੱਚ ਮਿਲਾ ਕੇ 20 ਦਿਨਾਂ ਦੇ ਵਕਫੇ ਤੇ ਦੋ ਵਾਰ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਸ਼ੁਰੂਆਤੀ ਹਮਲੇ ਵਿੱਚ 5% ਨਿੰਮ ਐਕਸਟ੍ਰੈਕਟ 50 ਗ੍ਰਾਮ ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਜ਼ਿਆਦਾ ਹਮਲਾ ਦਿਖਣ ਤੇ 25% ਸਾਈਪਰਮੈਥਰੀਨ 2.4 ਮਿ.ਲੀ. ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਕੀੜਿਆਂ ਦੀ ਗਿਣਤੀ ਬਹੁਤ ਜ਼ਿਆਦਾ ਵੱਧ ਜਾਣ ਤੇ ਸਪਾਈਨੋਸੈੱਡ 1 ਮਿ.ਲੀ. ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਫਲ ਪੱਕਣ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਟ੍ਰਾਈਜ਼ੋਫੋਸ ਜਾਂ ਕਿਸੇ ਹੋਰ ਕੀਟਨਾਸ਼ਕ ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਨਾ ਕਰੋ
kise veer kol verka mohali di new rate list huve ta cmt ch jrur sanzi kryeo ?
(en)
Punjab
Simran ji verka milk da rate 10.0 fatt de hisab nal 68-69 rs. tak chal reha hai.
jiri k e andar photo ke liye konsi dawai kaam karegi ?
(en)
Maharashtra
धान के बढ़िया फुटाव के लिए अब आप यूरिया के साथ biovita @8 किलो या फिर टाटा की ralli gold @4 किलो को प्रति एकड़ में इसका छींटा दें, इससे आपका धान बढ़िया फुटाव कर लेगा
eh salte kis layi varto kita jandA ?
(en)
Tinku ji iss injection di varto takat lai kiti hai iss vich B-complex hunda hai jiss nal pashu nu takat ate vitamin milde hai, iss nal bhukh lgdi hai ate hajma sahi rehnda hai
धान 1121 में झंडा रोग हुआ है ?
(en)
Maharashtra
झंडे रोग की रोकथाम के लिए UPL की saaf@400gm को यूरिया के साथ मिलाकर छिड़काव कर सकते हैं जो अब यूरिया डालोगे इसके साथ आप इसका छींटा दें, इसके इलावा आप oswal की combo 75@400gm प्रति एकड़ के हिसाब से यूरिया के साथ छींटा दे सकते हो यह कुछ हद तक कण्ट्रोल हो जाएगा यदि आप किसी और कंपनी की दवाई लेना चाहते है तो यह ध्यान रखें की उस दवाई में carbendazim 12% और mancozeb 63% वाला साल्ट हो, यह झंडे रोग की रोकथाम करता है
sir fish farming lyi theke di jameen te loan mil jaanda ?
(pb)
Punjab
nahi ji theke di jameen te loan pas nai karde ji.
Sir gay ko byaye 3din ho gya use pet ke kiro ke liye kya aur kab de liver tonic bhi de ?
(hn)
Punjab
Usko aap byane ke 1 hafte ke badd Flukarid-ds bolus de skte hai aur Broton liquid 50ml rojana de skte hai, isse liver achi trah kam krega aur khaya huaa assani se hajam ho jayega. baki uski khurak ka pura dhyan rkhen.
ਸਾਡੀ ਗਾਂ ਦੇ ਮੂੰਹ ਖੁਰ ਹੋ ਗਿਆ ਸੂਈ ਨੂੰ ਇੱਕ ਮਹੀਨਾ ਹੋ ਗਿਆ ਉਸ ਦਾ ਦੁੱਧ ਘੱਟ ਗਿਆ ਹੈ ਇਸ ਦਾ ਇਲਾਜ ਦੱਸੋ ?
(pb)
Punjab
ਜੇਕਰ ਉਸ ਨੂੰ ਮੂੰਹ ਖੁਰ ਦੀ ਬਿਮਾਰੀ ਹੋ ਗਈ ਹੈ ਤਾਂ ਉਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ ਦੂਜੇ ਪਸ਼ੂਆਂ ਤੋਂ ਅਲੱਗ ਰੱਖੋ ਉਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ Avil injection 10ml, DCR injection 2.5 gram, Nonavet injection 15ml ਲਗਵਾਓ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ ਉਸਦੇ ਮੂੰਹ ਵਿਚ Goheal ਸਪਰੇ ਮਾਰਨੀ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ, ਇਹ ਸਪਰੇ Goel vet pharma company ਦਾ ਪ੍ਰੋਡਕਟ ਹੈ, ਇਸ ਨਾਲ ਫਰਕ ਪੈਣ ਲਗ ਜਾਵੇਗਾ.
ਮੈਂ ਗੋਭੀ ਅਤੇ ਮੂਲੀ ਦੀ ਕਾਸ਼ਤ ਕਰਨੀ, ਕਿਹੜੀ ਕਿਸਮ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਕਰੀਏ, ਪਹਿਲਾਂ ਵੀ ਆਡੀਓ ਭੇਜੀ ਸੀ ਪਰ ਉਸ ਦਾ ਜਵਾਬ ਨਹੀਂ ਮਿਲਿਆ ?
(pb)
Maharashtra
ਫੁਲ ਗੋਭੀ:- ਇਹ ਫਸਲ ਹਲਕੀ ਤੋਂ ਭਾਰੀ ਕਿਸੇ ਵੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਦੀ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਉਗਾਈ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਦੇਰ ਨਾਲ ਬੀਜਣ ਵਾਲੀਆਂ ਕਿਸਮਾਂ ਲਈ ਭਾਰੀਆਂ ਮਿੱਟੀਆਂ ਨੂੰ ਮਹੱਤਤਾ ਦਿੱਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਜਲਦੀ ਪੱਕਣ ਵਾਲੀਆਂ ਲਈ ਦਰਮਿਆਨੀ ਮਿੱਟੀ ਵਰਤੋ ਮਿੱਟੀ ਦੀ pH 6-7 ਹੋਣੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਅਤੇ ਘੱਟ pH ਵਾਲੀ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਕਲੀ ਪਾਉ Pusa Snowball 1: ਇਹ ਕਿਸਮ ਬੀਜਣ ਤੋਂ 100 ਦਿਨਾਂ ਬਾਅਦ ਕਟਾਈ ਲਈ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਬਾਹਰਲੇ ਪੱਤੇ ਉੱਪਰ ਨੂੰ ਅਤੇ ਫੁੱਲ ਦਰਮਿਆਨੇ ਅਕਾਰ ਦੇ ਗੁੱਛੇ ਦੀ ਤਰਾਂ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਇਸ ਦਾ ਰੰਗ ਸਫੇਦ ਬਰਫ ਵਰਗਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਸਦਾ ਔਸਤਨ ਝਾੜ 90 ਕੁਇੰਟਲ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਹੈ Pusa Snowball K-1: ਇਹ ਕਿਸਮ ਬਿਜਾਈ ਕਰਨ ਤੋਂ 100 ਦਿਨ ਬਾਅਦ ਕਟਾਈ ਲਈ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਬਾਹਰਲੇ ਪੱਤੇ ਉੱਪਰ ਨੂੰ ਅਤੇ ਫੁੱਲ ਦਰਮਿਆਨੇ ਅਕਾਰ ਦੇ ਗੁੱਛੇ ਦੀ ਤਰਾਂ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਇਸ ਦਾ ਰੰਗ ਸਫੇਦ ਬਰਫ ਵਰਗਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਸਦਾ ਔਸਤਨ ਝਾੜ 90 ਕੁਇੰਟਲ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਹੈ ਵਹਾਈ ਕਰਕੇ ਮਿੱਟੀ ਨੂੰ ਬਰੀਕ ਕਰਨਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਇਸ ਨੂੰ ਅਖੀਰਲੀ ਵਹਾਈ ਵੇਲੇ ਰੂੜੀ ਦੀ ਗਲੀ ਹੋਈ ਖਾਦ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਚੰਗੀ ਤਰਾਂ ਰਲਾ ਦੇਣੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਅਗੇਤੀ ਰੁੱਤ ਦੀ ਕਿਸਮ ਲਈ ਇਸ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਜੂਨ-ਜੁਲਾਈ ਮਹੀਨੇ ਵਿੱਚ ਕਰੋ ਮੁੱਢਲੀ ਰੁੱਤ ਦੀ ਕਿਸਮ ਲਈ ਬਿਜਾਈ ਅਗਸਤ ਤੋਂ ਅੱਧ ਸਤੰਬਰ ਅਤੇ ਅਕਤੂਬਰ ਤੋਂ ਨਵੰਬਰ ਦੇ ਪਹਿਲੇ ਹਫਤੇ ਪਿਛੇਤੀ ਕਿਸਮ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਕਰੋ ਮੁੱਢਲੀ ਰੁੱਤ ਦੀ ਫਸਲ ਲਈ 45x45 ਸੈ:ਮੀ: ਦਾ ਫਾਸਲਾ ਰੱਖੋ ਅਗੇਤੀ ਅਤੇ ਪਿਛੇਤੀ ਪੱਕਣ ਵਾਲੀਆ ਕਿਸਮਾਂ ਲਈ 45x30 ਸੈ:ਮੀ: ਦਾ ਫਾਸਲਾ ਰੱਖੋ ਬੀਜ ਨੂੰ 1-2 ਸੈ:ਮੀ: ਡੂੰਘਾ ਬੀਜਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਨਰਸਰੀ ਵਿੱਚ ਬੀਜ ਬੀਜੋ ਅਤੇ ਸਿੰਚਾਈ ਕਰੋ ਅਤੇ ਜਰੂਰਤ ਅਨੁਸਾਰ ਖਾਦਾਂ ਪਾਉ ਬਿਜਾਈ ਤੋਂ 25-30 ਦਿਨ ਬਾਅਦ ਪੌਦੇ ਜਾਂ ਪਨੀਰੀ ਨਵੇ ਖੇਤ ਵਿੱਚ ਲਗਾਉਣ ਲਈ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਪਨੀਰੀ ਲਈ 3-4 ਹਫਤੇ ਪੁਰਾਣੇ ਪੌਦੇ ਹੀ ਵਰਤੋ ਜਲਦੀ ਪੱਕਣ ਵਾਲੀਆਂ ਕਿਸਮਾਂ ਦਾ ਬੀਜ 500 ਗ੍ਰਾਮ ਹੋਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਅਤੇ ਮੁੱਢਲੀ ਰੁੱਤ ਦੇ ਸਮੇਂ ਅਤੇ ਦੇਰ ਨਾਲ ਪੱਕਣ ਵਾਲੀਆਂ ਕਿਸਮਾਂ ਲਈ ਬੀਜ 250 ਗ੍ਰਾਮ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਪੂਰਾ ਫੁੱਲ ਬਨਣ ਤੇ ਫਸਲ ਕੱਟ ਲਉ ਸਵੇਰ ਦੇ ਸਮੇਂ ਫੁੱਲ ਨੂੰ ਵੱਢ ਲਉ ਫੁੱਲਾਂ ਨੁੰ ਠੰਡੀ ਜਗਾ ਤੇ ਕੱਟ ਕੇ ਰੱਖੋ ਮੂਲੀ ਦੀ ਖੇਤੀ :-ਇਸ ਫਸਲ ਨੂੰ ਮਿੱਟੀ ਦੀਆਂ ਕਈ ਕਿਸਮਾਂ ਵਿੱਚ ਉਗਾਇਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਪਰ ਇਹ ਭੁਰਭੁਰੀ, ਰੇਤਲੀ ਦੋਮਟ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਵਧੀਆ ਨਤੀਜਾ ਦਿੰਦੀ ਹੈ ਭਾਰੀ ਅਤੇ ਠੋਸ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਖੇਤੀ ਕਰਨ ਤੋਂ ਬਚਾਅ ਕਰੋ, ਇਸ ਦੀਆਂ ਜੜ੍ਹਾਂ(ਫਲ) ਟੇਢੀਆਂ ਹੁੰਦੀਆਂ ਹਨ ਫਸਲ ਦੇ ਵਧੀਆ ਵਿਕਾਸ ਲਈ ਮਿੱਟੀ ਦਾ pH 5.5-6.8 ਹੋਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਲਈ ਖੇਤ ਨੂੰ ਹਲ ਨਾਲ ਜੋਤੋ ਅਤੇ ਖੇਤ ਨੂੰ ਨਦੀਨਾਂ ਅਤੇ ਢੇਲਿਆਂ ਤੋਂ ਰਹਿਤ ਕਰੋ ਹਰ ਵਾਰ ਵਾਹੀ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਸੁਹਾਗਾ ਫੇਰੋ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਦੇ ਸਮੇਂ ਚੰਗੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਸੜ੍ਹੀ ਹੋਈ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ 5-10 ਟਨ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਮਿਲਾਓ ਚੰਗੀ ਤਰ੍ਹਾਂ ਨਾ ਸੜ੍ਹੀ ਹੋਈ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ ਨੂੰ ਖੇਤ ਚ ਨਾ ਪਾਓ ਇਸ ਨਾਲ ਜੜ੍ਹਾਂ ਦੋ-ਮੂੰਹੀਆਂ ਹੋ ਜਾਂਦੀਆਂ ਹਨ ਬਿਜਾਈ ਦਾ ਸਮਾਂ:- Pusa Himani: ਇਹ ਕਿਸਮ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਜਨਵਰੀ-ਫਰਵਰੀ ਮਹੀਨੇ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮ ਦੇ ਸਮੇਂ ਕਰੋ Punjab Pasand: ਇਹ ਕਿਸਮ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਮਾਰਚ ਦੇ ਪੰਦਰਵਾੜੇ ਪੱਖਵਾੜੇ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮ ਦੇ ਸਮੇਂ ਕਰੋ ਜਦਕਿ ਇਹ ਕਿਸਮ ਅਪ੍ਰੈਲ-ਅਗਸਤ ਵਿੱਚ ਬੀਜਣ ਲਈ ਅਨੁਕੂਲ ਹੈ Japanese white: ਇਹ ਕਿਸਮ ਨਵੰਬਰ-ਦਸੰਬਰ ਮਹੀਨੇ ਵਿੱਚ ਬੀਜਣ ਲਈ ਅਨੁਕੂਲ ਹੈ ਬਿਜਾਈ ਕਤਾਰਾਂ ਵਿੱਚ ਜਾਂ ਛਿੱਟਾ ਦੇ ਕੇ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਕਤਾਰਾਂ ਵਿੱਚਲਾ ਫਾਸਲਾ 30-40 ਸੈ.ਮੀ. ਅਤੇ ਪੌਦਿਆਂ ਵਿੱਚ ਫਾਸਲਾ 30-40 ਮੀਟਰ ਦਾ ਰੱਖੋ ਇੱਕ ਏਕੜ ਖੇਤ ਵਿੱਚ 4-5 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਬੀਜ ਕਾਫੀ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਜੜ੍ਹਾਂ ਦੇ ਵਧੀਆ ਵਿਕਾਸ ਲਈ ਬਿਜਾਈ ਵੱਟਾਂ ਤੇ ਕਰੋ ਬਿਜਾਈ ਦੇ ਸਮੇਂ ਸੜ੍ਹੀ ਹੋਈ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ, ਦੇ ਨਾਲ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ 25 ਕਿਲੋ (ਯੂਰੀਆ 55 ਕਿਲੋ), ਫਾਸਫੋਰਸ 12 ਕਿਲੋ(ਸਿੰਗਲ ਸੁਪਰ ਫਾਸਫੇਟ 75 ਕਿਲੋ) ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਵਿੱਚ ਵਰਤੋ ਨਦੀਨਾਂ ਦੀ ਰੋਕਥਾਮ ਅਤੇ ਮਿੱਟੀ ਨੂੰ ਹਵਾਦਾਰ ਬਣਾਉਣ ਲਈ ਹੱਥਾਂ ਨਾਲ ਅਤੇ ਕਹੀ ਜਾਂ ਕਸੀਏ ਦੀ ਮਦਦ ਨਾਲ ਗੋਡੀ ਕਰੋ ਪਹਿਲੀ ਗੋਡੀ ਬਿਜਾਈ ਦੇ 2-3 ਹਫਤਿਆਂ ਬਾਅਦ ਕਰੋ ਗੋਡੀ ਦੇ ਬਾਅਦ ਵੱਟਾਂ ‘ਤੇ ਮਿੱਟੀ ਚੜਾਓ ਬਿਜਾਈ ਦੇ ਬਾਅਦ, ਪਹਿਲੀ ਸਿੰਚਾਈ ਕਰੋ ਗਰਮੀਆਂ ਵਿੱਚ ਮਿੱਟੀ ਦੀ ਕਿਸਮ ਅਤੇ ਜਲਵਾਯੂ ਦੇ ਆਧਾਰ ‘ਤੇ ਬਾਕੀ ਦੀਆਂ ਸਿੰਚਾਈਆਂ 6-7 ਦਿਨਾਂ ਦੇ ਅੰਤਰਾਲ ਅਤੇ ਸਰਦੀਆਂ ਵਿੱਚ 10-12 ਦਿਨਾਂ ਦੇ ਅੰਤਰਾਲ ‘ਤੇ ਕਰੋ ਜ਼ਿਆਦਾ ਸਿੰਚਾਈਆਂ ਕਰਨ ਤੋਂ ਬਚਾਅ ਕਰੋ, ਇਸ ਨਾਲ ਫਲ ਦਾ ਆਕਾਰ ਵਧੇਗਾ ਅਤੇ ਫਲ ਉੱਤੇ ਬਾਲਾਂ ਦਾ ਵਿਕਾਸ ਬਹੁਤ ਜ਼ਿਆਦਾ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਗਰਮੀਆਂ ਦੇ ਮੌਸਮ ਵਿੱਚ, ਕਟਾਈ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾ ਹਲਕੀ ਸਿੰਚਾਈ ਕਰੋ ਇਸ ਨਾਲ ਫਲ ਤਾਜ਼ਾ ਰਹਿੰਦੇ ਹੈ ਅਤੇ ਬਦਬੂ ਘਟ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਇਹ ਫਸਲ ਕਿਸਮ ਦੇ ਅਨੁਸਾਰ, ਬਿਜਾਈ ਤੋਂ 25-60 ਦਿਨਾਂ ਬਾਅਦ ਪੁਟਾਈ ਲਈ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਇਸਦੀ ਪੁਟਾਈ ਹੱਥਾਂ ਨਾਲ ਪੌਦੇ ਨੂੰ ਉਖਾੜ ਕੇ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਉਖਾੜੇ ਗਏ ਫਲਾਂ ਨੂੰ ਧੋ ਕੇ ਆਕਾਰ ਅਨੁਸਾਰ ਛਾਂਟ ਲਓ
Anybody s hav Water Harvesting in Hoshiarpur ?
(pb)
ये दबाई किस रोग के लिए है जी और कितनी मात्रा डाले धन्यवाद ?
(hn)
Punjab
sandeep ji yeh ek fungicide hai iski matra 200 ml ko 150 litre pani men mila kar spray karen yeh blast ki roktham karti hai.dhanywad
Jiri kandal janwaro Gaya Hua Hai ?
(en)
Punjab
sudhir ji kripya aap apna swal vistar se pooche taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake.dhanywad
ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਬਾਰੇ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾਵੇ ਜੀ ?
(pb)
Punjab
ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਸੰਭਵ ਨਹੀ ਹੈ ਜੀ ਕਿਉਕੀ ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਲਈ ਤਾਪਮਾਨ ਆਮ ਨਾਲੋ ਵੀ ਕਈ ਗੁਣਾ ਘੱਟ ਤਾਪਮਾਨ ਚਾਹੀਦਾ ਜੋ ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਕਰਨ ਦੀ ਗੱਲ ਕਰ ਰਹੇ ਹਨ ਉਹ ਅਸਲੀ ਕੇਸਰ ਨਹੀ ਹੈ ਇਹ ਕੁਸਮ ਹੈ ਅਸਲੀ ਕੇਸਰ ਸਿਰਫ ਜੰਮੂ ਕਸ਼ਮੀਰ, ਇਰਾਨ ਤੇ ਅਫਗਾਨਿਸਤਾਨ ਵਿੱਚ ਹੀ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ ਇਹ ਕੁਮਸ ਹੈ ਇਸ ਦੀਆ ਵੀ ਕਈ ਦਵਾਈਆ ਬਣਦੀਆ ਹਨ ਜੇਕਰ ਕੋਈ ਹੋਰ ਸ਼ੱਕ ਹੈ ਤਾਂ ਜੰਮੂ ਕਸ਼ਮੀਰ ਦੇ ਇਸ ਕਿਸਾਨ ਨਾਲ ਗੱਲ ਕਰ ਲਵੋ ਜਿਸਦੇ ਦਾਦੇ ਪੜਦਾਦੇ ਵੀ ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਕਰਦੇ ਸੀ ਤੇ ਇਹ ਵੀ ਕੇਸਰ ਦੀ ਖੇਤੀ ਕਰਦੇ ਹਨ Javid Ahmed- 95964 93260
ਵੀਰ ਜੀ 1718ਬਾਸਪਤੀ ਆ 12/63ਥੱਲੇ ਵੀ ਪਾਇਆ ਸੀ ਝੰਡਾ ਰੋਗ ਬਣਦਾ ਜਾ ਰਿਹਾ ਹੈ 12/63ਦੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰਦਿਆ ?
(pb)
Maharashtra
Jhande rog di roktham de lyi UPL di saaf@400gm nu urea de nal mila ke shitta de deo. jo hun tuc urea paoge iss de nal iss da shitta de deo. iss ton ilaava tuc oswal di combo 75@400gm prati acre de hisaab nal urea de nal shitta de skde ho. ihh kuch hadd tak control ho jawega. jekar tuc ihna kise hor company di v dwaayi lainde ho tan ihh dhyan rakho ki uss dwaayi de vich carbendazim 12% ate mancozeb 63% wala salt howe. ihh jhande rog di roktham krda Hai.
dhan ke bare me ?
(hn)
Maharashtra
ritik ji kripya btay eke aap dhan ke bare men kya jankari lena chahte hai taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake.dhanwyad
ਆਲੂ ਦਾ ਰੇਟ ?
(pb)
Punjab
Hardeep Sidhu ji Aloo da rate 600-800/q tak chal reha hai. Thankyou.
dhan me kharpatvar hone par kya davai dale ?
(hn)
Maharashtra
पौध को खेत में बीजने से 2-3 दिन बाद 1200 मि.ली. बूटाक्लोर 50 ई.सी. या 1200 मि.ली. थायोबैनकार्ब 50 ई.सी. या 1000 मि.ली. पैंडीमैथालीन 30 ई.सी. या 600 मि.ली. परैटीलाकलोर 50 ई.सी. प्रति एकड़ नामक बूटीनाशकों का प्रयोग करना चाहिए इनमें से किसी भी बूटी नाशक को 60 किलोग्राम मिट्टी में मिलाकर 4-5 सैं.मी. खड़े पानी में फैला दें चौड़े पत्ते वाले नदीनों की रोकथाम के लिए 30 ग्राम मैटसल्फरोन 20 डब्लयू पी को प्रति एकड़ के हिसाब से 150 लीटर पानी में मिलाकर बीजने से 20-25 दिनों के बाद छिड़काव करना चाहिए छिड़काव करने से पहले खेत में रूके हुए पानी को निकाल दें और छिड़काव करने के एक दिन बाद खेत को फिर पानी दें
cabbage k bare m batao ?
(hn)
Maharashtra
इसे हर तरह की ज़मीन पर उगाया जा सकता है पर अच्छे जल निकास वाली हल्की ज़मीन इसके लिए सबसे अच्छी हैं मिट्टी की पी एच 5.5-6.5 होनी चाहिए यह अत्याधिक अम्लीय मिट्टी में वृद्धि नहीं कर सकती Golden Acre, Pusa Mukta, Pusa Drumhead, K-1, Pride of india, Kopan hagen, Ganga, Pusa synthetic, Shriganesh gol, Hariana, Kaveri, Bajrang. इन किस्मों की औसतन पैदावार 75-80 क्विंटल प्रति एकड़ होती है मिट्टी के भुरभुरा होने तक खेत की जोताई करें मिट्टी को समतल करने के लिए 3-4 बार जोताई करें आखिरी जोताई के समय अच्छी तरह से गले हुए गाय के गोबर को मिट्टी में अच्छी तरह मिलायें सितंबर से अक्तूबर महीना समतल क्षेत्रों में फसल उगाने के लिए सही समय है जल्दी बोयी फसल में फासला 45x45 सैं.मी. और देर से बोयी फसल के लिए 60x45 सैं.मी. होना चाहिए बीज 1-2 सैं.मी. गहरे बीजने चाहिए इसकी बिजाई के लिए दो ढंग प्रयोग किए जाते हैं • गड्ढा खोदकर • खेत में रोपाई करके नर्सरी में सबसे पहले बिजाई करें और खादों का प्रयोग आवश्यकता के अनुसार करें बिजाई के 25-30 दिनों के बाद नए पौधे रोपाई के लिए तैयार हो जाते हैं खेत में पौध की रोपाई के लिए 3-4 सप्ताह पुराने पौधों का प्रयोग करें बिजाई के लिए 200-250 ग्राम प्रति एकड़ बीज की जरूरत होती है बिजाई से पहले बीज को गर्म पानी में 50 डिग्री सैल्सियस 30 मिनट के लिए या स्ट्रैपटोसाइकलिन 0.01 ग्राम प्रति लीटर में दो घंटों के लिए भिगो दें बीज उपचार के बाद उन्हें छांव में सुखादो और बैडों पर बीज दें रबी की फसल में गलने की बीमारी बहुत पायी जाती है और इससे बचाव के लिए बीज को मरकरी कलोराईड के साथ उपचार करें इसके लिए बीज को मरकरी कलोराइड 1 ग्राम प्रति लीटर घोल में 30 मिनट के लिए डालें और छांव में सुखाएं रेतली ज़मीनों में बोयी फसल पर तने का गलना बहुत पाया जाता है इसको रोकने के लिए बीज को कार्बेनडाज़िम 50 प्रतिशत डब्लयु पी 3 ग्राम से प्रति किलो बीज का उपचार करें ज़मीन में पूरी तरह गली हुई रूड़ी की खाद 40 टन और नाइट्रोजन 50 किलो (यूरिया 110 किलो), (फासफोरस 25 किलो), ( एस एस पी 115 किलो) और पोटाश 25 किलो, (एम ओ पी 40 किलो) प्रति एकड़ में डालें सारी रूड़ी की खाद, एस एस पी, एम ओ पी और आधी यूरिया पनीरी खेत में लगाने से पहले और बाकी यूरिया पनीरी खेत में लगाने के 4 सप्ताह बाद डालें अच्छे फूल खिलने और अधिक पैदावार लेने के लिए फसल और पानी के घोल वाली खाद (19:19:19) 5-7 ग्राम प्रति लीटर शुरूआती दिनों में डालें पनीरी के खेत में लगाने के 40 दिन बाद 12:61:00, 4-5 ग्राम, सूक्ष्म तत्च 2.5-3 ग्राम बोरोन 1 ग्राम प्रति लीटर पानी की स्प्रे करें सेहतमंद फूल लेने के लिए फूल बनने के समय पानी घोल वाली खाद 13:00:45, 8-10 ग्राम प्रति लीटर पानी की स्प्रे करें मिट्टी की जांच करवाएं और मैग्नीश्यिम की कमी आने पर मैगनीश्यिम सल्फेट 5 ग्राम प्रति लीटर की फसल खेत में लगाने के 30-35 दिनों के बाद स्प्रे करो और कैल्श्यिम की कमी आने पर कैल्श्यिम नाइट्रेट 5 ग्राम प्रति लीटर की फसल खेत में लगाने के 30-35 दिनों के बाद स्प्रे करें यदि तने खाली और बेरंगे, फूल भूरे और पत्ते मुड़ जाये तो बोरोन की कमी होती है और इसे पूरा करने के लिए बोरैक्स 250-400 ग्राम प्रति एकड़ डालें फसल को खेत में लगाने से 4 दिन पहले पैंडीमैथालीन 1 लीटर प्रति एकड़ डालें और बाद में एक गोडाई करें फसल को खेत में लगाने के तुरंत बाद पहली सिंचाई दें ज़मीन और वातावरण के अनुसार सर्दियों में 10-15 दिनों के बाद सिंचाई करें नए उगे पौधों को सही मात्रा में पानी दें ज्यादा पानी देने की सूरत में फूलों में दरारें पड़ जाती हैं गोभी के फूल के पूरे और बढ़िया आकार के होने पर कटाई करें कटाई बाजार की मांग के अनुसार की जा सकती है यदि मांग ज्यादा और मूल्य भी ज्यादा हो तो कटाई जल्दी करें कटाई के लिए चाकू का प्रयोग किया जाता है
ਬਾਈ ਜੀ ਪਸ਼ੂ ਲੋਨ ਬਾਰੇ ਕੀ ਕਰਨਾ ਪੈਦਾ ?
(pb)
Rajasthan
ਡੇਅਰੀ ਫਾਰਮਿੰਗ ਲਈ ਲੋਨ ਅਲੱਗ ਅਲੱਗ ਕੰਮਾਂ ਲਈ ਮਿਲਦਾ ਹੈ ਲੋਨ ਦੇ ਲਈ ਡੇਅਰੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਦਾ ਸਰਟੀਫਿਕੇਟ ਹੋਣਾ ਬਹੁਤ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਜੀ ਲੋਨ ਲੈਣ ਸਬੰਧੀ ਅਰਜੀ ਨੇੜੇ ਦੇ ਡਿਪਟੀ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਡੇਅਰੀ ਨੂੰ ਮਿਲ ਕੇ ਦੇਵੋ ਇਸ ਦੇ ਲੋਨ ਤੇ 25% ਸਬਸਿਡੀ ਜਨਰਲ ਕੈਟਾਗਰੀ ਲਈ ਹੈ ਤੇ 33% ਅਨੂਸੂਚਿਤ ਜਾਤੀਆ ਲਈ ਹੈ ਬਾਕੀ ਵਿਆਜ ਜੋ ਅਲੱਗ ਅਲੱਗ ਬੈੱਕ ਦਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਉਸ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਹੀ ਲੱਗਦਾ ਹੈ ਸਭ ਤੋਂ ਵਧੀਆ ਤਰੀਕਾ ਇਹੀ ਹੈ ਕਿ ਤੁਸੀ ਆਪਣੇ ਨੇੜੈ ਦੇ ਡੇਅਰੀ ਡਿਵੈਲਪੈਟ ਆਫਿਸਰ ਨੂੰ ਮਿਲੋ ਉਹ ਤੁਹਾਨੂੰ ਫਾਈਲ ਤਿਆਰ ਕਰਕੇ ਦੇਣਗੇ ਹਰ ਜ਼ਿਲੇ ਵਿੱਚ ਡਿਪਟੀ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਡੇਅਰੀ (PDDB) ਦਾ ਦਫਤਰ ਬਣਿਆ ਹੋਇਆ ਹੈ ,ਤੁਹਾਨੂੰ ਓਹਨਾ ਤੋਂ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਮਿਲ ਜਾਵੇਗੀ ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ ਯੂਟਿੳਬ ਤੇ apni kheti ਲਿ਼ਖ ਕੇ ਚੈਨਲ ਸਰਚ ਕਰੋ ਤੇ ਉਸ ਚੈਨਲ ਦੁਆਰਾ ਅੱਪਲੋਡ ਕੀਤੀਆ ਹੋਈਆ ਵੀਡੀਓ ਵਿੱਚ ਵੀ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇਕ ਡੇਅਰੀ ਲੋਨ ਵਾਲੀ ਵੀਡਿਓ ਮਿਲ ਜਾਵੇਗੀ ਜੀ https://youtu.be/L9dsW7iAdgw
Barsat Ke Karan Mere Kapas ki height kam ho gayi hai aur Lal Pate ho gayi hai upay Bataye ?
(hn)
Maharashtra
नरमे में आवश्यक यूरिया और डी ए पी का प्रयोग करने के बाद इस पर ग्रोथ के लिए npk 130045@2kg या triacontanol@250ml या gibberellic acid@250ml को 150 लीटर पानी में मिलाकर प्रति एकड़ पर स्प्रे करें इनके प्रयोग से पहले यूरिया की मात्रा सारी पूरी कर दें क्योंकि यूरिया डालने से नरमे की ग्रोथ चल पड़ती है
ਗੁਆਰਾ ਤੇ ਕਿਹੜੀ ਸਪਰੇਅ ਕਰੀ ਜਾਵੇ ਏਸ ਦੇ ਜਮਾ ਉੱਪਰ ਵਾਲੇ ਹਿੱਸੇ ਚ ਥੂੱਕ ਜਾ ਬਣ ਜਾਂਦਾ ਤੇ ਟੂਸਾ ਖਰਾਬ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ?
(pb)
Maharashtra
ਜਗਮੀਤ ਜੀ ਇਸਦੇ ਉਪਰ ਤੁਸੀ mancozeb @400 ਗ੍ਰਾਮ ਨੂੰ 150 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਮਿਲਾ ਕੇ ਸਪਰੇ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ
from where we get training in horticulture in ranchi ?
(hn)
sir ਮੱਝ ਦਾ ਪੂਰਾ ਇਲਾਜ ਕੀਤਾ ਹੈ । ਮੱਝ ਦੀ ਸਫਾਈ ਕੀਤੀ ਨੂੰ 21 ਦਿਨ ਹੋ ਗਏ ਹਨ । ਹੁਣ ਇਸ ਤਰ੍ਹਾਂ ਕਰ ਰਹੀ ਹੈ । ਕੀ ਕਾਰਨ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ ?
(pb)
Punjab
Ranjeet ji ehh koi chakar wali gal nhi hai tuci iss nu agli varr heat vich aaund te tika bhrwa skde ho..
ਸਰ ਜੀ ਗਾਂਵਾ ਦੇ ਮੱਛਰ ਬਹੁਤ ਲੜਦਾ ਹੈ ਕੋਈ ਹੱਲ ਦੱਸੋ ?
(pb)
Punjab
ਤੁਸੀ Butox ਦਵਾਈ ਨੂੰ 2ml/1 ਲਿਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਮਿਲਾ ਕੇ ਪਸ਼ੂਆਂ ਦੇ ਉਪਰ ਛਿੜਕਾਵ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ, ਜੇਕਰ ਪਸ਼ੂ ਚੱਟ ਲਵੇ ਤਾਂ ਇਸਦਾ ਨੁਕਸਾਨ ਨਹੀਂ ਹੈ, ਤੁਸੀ ਇਹ ਸਪਰੇ ਪਸ਼ੂ ਦੇ ਮੂੰਹ ਨੂੰ ਛੱਡ ਕੇ ਬਾਕੀ ਸਰੀਰ ਤੇ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ, ਤੁਸੀ ਇਹ ਓਹਨਾ ਦੇ ਚਾਰੇ, ਫੀਡ ਤੇ ਨਾ ਕਰੋ ਅਤੇ ਇਹ ਤੁਸੀ ਸ਼ਾਮ ਦੇ ਟਾਈਮ ਜਦੋ ਮੱਖੀਆਂ ਮੱਛਰ ਜ਼ਿਆਦਾ ਹੋਵੇ ਉਦੋਂ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ