Experts Q&A Search

Posted by Kuldeep Singh
Haryana
31-03-2019 04:25 PM
Punjab
03-31-2019 07:53 PM
मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें
Posted by Sushama Naik
Odisha
31-03-2019 04:20 PM
Punjab
03-31-2019 07:53 PM
मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें
Posted by gaggi singh
Punjab
31-03-2019 04:19 PM
Punjab
04-01-2019 03:45 PM
ਤੁਸੀ Anabolite liqued 100ml , Calcimust bolus 1-1 ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਰੋਜ ਦਿਓ , ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਤੁਸੀ 250 ਗ੍ਰਾਮ ਗੁੜ ਅਤੇ 3 ਕਿਲੋ ਦਲੀਆ ਚੰਗੀ ਤ੍ਰਾਹ ਰਿਨ ਕੇ ਫਿਰ ਉਸ ਵਿਚ 100 ਗ੍ਰਾਮ ਸਰੋਂ ਦਾ ਤੇਲ ਮਿਕਸ ਕਰੋ, ਇਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ ਅੱਧਾ ਅੱਧਾ ਕਰਕੇ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦੇ ਸਕਦੇ ਹੋ, ਇਸ ਤ੍ਰਾਹ ਤੁਸੀ 5-7 ਦਿਨ ਦਿਓ, ਇਸ ਨਾਲ ਦੁੱਧ ਵੱਧ ਜਾਵੇਗਾ..
Posted by ਲਖਵੀਰ ਸਿੰਘ
Punjab
31-03-2019 04:16 PM
Punjab
04-01-2019 03:47 PM
ਇੱਕ ਏਕੜ ਵਿੱਚ 5000 ਪੂੰਗ ਪਾ ਸਕਦੇ ਹਾਂ ਇਹ 2 to 3 ਇੰਚ ਦਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਜੇਕਰ 5000 ਪਾਉਣਾ ਹੈ ਤਾਂ 3000 ਰੋਹੂ , 1000 ਕਤਲਾ , 500 ਕੋਮਨ ਕਾਰਪ ਤੇ 500 ਮਰੀਗਲ ਨਸਲ ਪਾਈ ਜਾਵੇ ਇਹ ਪੂੰਗ ਤੁਸੀ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਵਿਭਾਗ ਤੋਂ ਖਰੀਦ ਸਕਦੇ ਹੋਂ ਇਹ ਇੱਕ ਇੰਚ ਦਾ ਬੱਚਾ 10 ਪੈਸਾ ਪ੍ਰਤੀ ਬੱਚਾ ਮਿਲੇਗਾ ਜੇਕਰ ਵਧੀਆਂ ਖੁਰਾਕ ਪਾਈ ਜਾਵੇ ਤਾਂ 8 ਮਹੀਨਿਆ ਵਿੱਚ ਇਹ ਲੱਗਭੱਗ 800-900 ਗ੍ਰਾਮ ਦਾ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ..
Posted by Sandeep Kumar
Haryana
31-03-2019 04:15 PM
Punjab
04-02-2019 04:55 PM
संदीप कुमार जी आप spirulina की खेती की जानकारी लेने के लिए आप यह वीडियो देख सकते हैं https://www.youtube.com/watch?v=kdc7VXM39g4 यह राजस्थान से है इनसे बीज भी मिल जाएंगे धन्यवाद
Posted by ਕਾਲਾ
Punjab
31-03-2019 04:12 PM
Punjab
04-01-2019 03:49 PM
ਤੁਸੀ ਇਸ ਨੂੰ Zenvet ਦਵਾਈ ਦੀ ਗੋਲੀ ਦਿਓ , 3D Red liqued 50-50ml ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਅਤੇ Livtantra liqued 50ml ਰੋਜਾਨਾ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ , ਇਸ ਨਾਲ ਫਰਕ ਪੈਣ ਲਗ ਜਾਵੇਗਾ ਅਤੇ ਇਸਦੇ ਸਰੀਰ ਦੀ ਕਮੀ ਵੀ ਪੂਰੀ ਹੋਣ ਲੱਗ ਜਾਵੇਗੀ ..
Posted by Hardeep Singh Saggi
Punjab
31-03-2019 04:11 PM
Punjab
04-01-2019 12:03 PM
इसके लिए सबसे पहले आप ट्रेनिंग लेनी जरूरी है आप आपने नज़दीकी केबीके से ट्रेनिंग ज़रूर लें और सफल बकरी पालकों के फार्म ज़रूर देखें बकरी पालन के काम पर लोन पर 25 प्रतिशत सब्सिडी दी जाती है और लोन लेने के लिए सबसे जरूरी है ट्रेनिंग सर्टीफिकेट अपने नज़दीक के कृषि विज्ञान केंद्र से ट्रेनिंग करने के बाद ट्रेनिंग के.... (Read More)
इसके लिए सबसे पहले आप ट्रेनिंग लेनी जरूरी है आप आपने नज़दीकी केबीके से ट्रेनिंग ज़रूर लें और सफल बकरी पालकों के फार्म ज़रूर देखें बकरी पालन के काम पर लोन पर 25 प्रतिशत सब्सिडी दी जाती है और लोन लेने के लिए सबसे जरूरी है ट्रेनिंग सर्टीफिकेट अपने नज़दीक के कृषि विज्ञान केंद्र से ट्रेनिंग करने के बाद ट्रेनिंग के सर्टीफिकेट पर लोन एप्लाई होता है पर लोन मिलेगा या नहीं यह बैंक मेनेजर पर निर्भर करता है क्योंकि पहली बात यह है कि बैंक देखता है कि आपके अकाउंट में कितने पैसों का लेन देन हो रहा है और आपके पास ज़मीन गारंटी के तौर पर देने के लिए है या नहीं और अन्य भी कई बातें चैक करके लोन के लिए सहमत होता है बाकी कोशिश करें कि लोन के बिना अपने स्तर पर ही काम शुरू करें क्योंकि लोन की किश्त हर महीने भरनी पड़ेगी पर बकरियों से कमाई हर महीने नहीं होने होगी बाकी यदि कोशिश करके देखनी है तो अपने ट्रेनिंग सर्टीफिकेट से आप अपने जिले के पशु पालन विभाग अफसर को मिलें और उस पर प्रवानगी लेकर फिर बैंक से बात करके देखें इससे अपने एरिया के नाबार्ड डिपार्टमैंट के सी जी एम को भी लोन के लिए मिलें , आप बीटल बकरियां रख सकते हैं यह बहुत ही लाभदायक व्यापार है शुरूआत करने के लिए आप 10 बकरियों और 2 बकरे के साथ कर सकत हैं इन्हें खुराक कम चाहिए इसलिए इन्हें आसानी से पाल सकते हैं इनकी खुराक अवस्था भी कम होती है इन्हें आप वृक्षों के पत्ते, हरा चारा, हरे घास के साथ पाल सकते हैं आप बीटल और देसी नसल की बकरियां खरीद सकते हैं यह नसल पंजाब, हरियाणा, हिमाचल, में आम मिल जाती है और एक तंदरूस्त बकरी 12 -15000 के करीब मिल जायेगी एक तंदरूस्त बकरी एक ब्यांत में 160-190 किलो तक दूध दे देती है इनका एक दिन का दूध 2-4 किलो तक का होता है यह साल में 2-5 बच्चे दे देती है भारतीय मंडी में बकरी के दूध और मीट की बहुत ही मांग है जिस कारण हम इसका आसानी से मंडीकरण भी कर सकते हैं और इसके मीट से खुद प्रोडक्ट तैयार करके या त्योहार के दिनों में खुद मंडीकरण करके अधिक मुनाफा ले सकते हैं.
Posted by inderjeet singh
Rajasthan
31-03-2019 04:08 PM
Punjab
04-02-2019 08:01 PM
इंद्रजीत सिंह जी इसकी बीमारी का सही कारण इसकी जांच करके पता लग सकता है आप इसे नज़दीकी किसी अच्छे डॉक्टर से जांच करवाएं जिससे सही जांच करके अच्छा इलाज हो सके।
Posted by naresh kumar
Haryana
31-03-2019 03:59 PM
Punjab
04-02-2019 02:09 PM
Naresh Kumar ji Doodh ke liye aap Beetal Bakri rakh sakte hai yeh doodh or meet dono ke liye best hai.
Posted by ਗੋਕਲ ਸਿੰਘ
Punjab
31-03-2019 03:58 PM
Punjab
04-01-2019 03:51 PM
ਉਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ Vitum-H 10ml-10ml ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਰੋਜਾਨਾ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ, ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਤੁਸੀ Anabolite liqued 100ml ਦਿਓ , ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ ਚੁਆਈ ਦੇ ਟਾਈਮ ਥਨਾ ਨੂੰ ਸਰੋਂ ਦਾ ਤੇਲ ਲਗਾ ਕੇ ਚੁਆਈ ਕਰੋ, ਇਸ ਨਾਲ ਫਰਕ ਪੈਣ ਲਗ ਜਾਵੇਗਾ
Posted by kewal singh
Punjab
31-03-2019 03:53 PM
Maharashtra
04-01-2019 05:37 PM
ਪੌਦੇ ਦੇ ਉਚਿੱਤ ਵਿਕਾਸ, ਫੁੱਲ ਨਿਕਲਣ ਅਤੇ ਫਲ ਬਣਨ ਲਈ ਸਿੰਚਾਈ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਪਰ ਬੇਲੋੜੀ ਸਿੰਚਾਈ ਵੀ ਜੜ੍ਹ ਗਲਣ ਅਤੇ ਤਣਾ ਗਲਣ ਰੋਗ ਦਾ ਕਾਰਨ ਬਣਦੀ ਹੈ ਸਹੀ ਫਾਸਲੇ ਤੇ ਜ਼ਿਆਦਾ ਮਾਤਰਾ ਵਿੱਚ ਕੀਤੀ ਗਈ ਸਿੰਚਾਈ ਲਾਭਦਾਇਕ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਨਮਕੀਨ ਪਾਣੀ ਫਸਲ ਲਈ ਨੁਕਸਾਨਦਾਇਕ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਬਸੰਤ ਰੁੱਤ ਵਿੱਚ ਥੋੜੀ ਮਾਤਰਾ ਵਿੱਚ ਖੁਸ਼ਕ ਮਿੱਟੀ ਪੌਦੇ ਨੂੰ ਪ੍ਰਭਾਵਿਤ ਨਹੀਂ ਕਰਦੀ ਇਸਦੇ ਫ਼ਲ .... (Read More)
ਪੌਦੇ ਦੇ ਉਚਿੱਤ ਵਿਕਾਸ, ਫੁੱਲ ਨਿਕਲਣ ਅਤੇ ਫਲ ਬਣਨ ਲਈ ਸਿੰਚਾਈ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਪਰ ਬੇਲੋੜੀ ਸਿੰਚਾਈ ਵੀ ਜੜ੍ਹ ਗਲਣ ਅਤੇ ਤਣਾ ਗਲਣ ਰੋਗ ਦਾ ਕਾਰਨ ਬਣਦੀ ਹੈ ਸਹੀ ਫਾਸਲੇ ਤੇ ਜ਼ਿਆਦਾ ਮਾਤਰਾ ਵਿੱਚ ਕੀਤੀ ਗਈ ਸਿੰਚਾਈ ਲਾਭਦਾਇਕ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਨਮਕੀਨ ਪਾਣੀ ਫਸਲ ਲਈ ਨੁਕਸਾਨਦਾਇਕ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਬਸੰਤ ਰੁੱਤ ਵਿੱਚ ਥੋੜੀ ਮਾਤਰਾ ਵਿੱਚ ਖੁਸ਼ਕ ਮਿੱਟੀ ਪੌਦੇ ਨੂੰ ਪ੍ਰਭਾਵਿਤ ਨਹੀਂ ਕਰਦੀ ਇਸਦੇ ਫ਼ਲ ਡਿਗਣ ਤੋਂ ਰੋਕਣ ਦੇ ਲਈ ਤੁਸੀ ਇਸਨੂੰ ਸਹੀ ਸਮੇ ਤੇ ਪਾਣੀ ਲਾਓ ਅਤੇ ਇਸਨੂੰ 3 ਕਿੱਲੋ ਵਰਮੀ ਕੰਪੋਸਟ ਪਾਓ ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਬੂਟੇ ਨੂੰ ਸਾਰੇ ਤੱਤ ਮਿਲ ਜਾਣਗੇ ਅਤੇ ਬੂਟੇ ਦੀ ਗਰੋਥ ਵਧੀਆ ਹੋ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by Harvinder singh
Punjab
31-03-2019 03:44 PM
Punjab
04-01-2019 05:41 PM
ਹਰਵਿੰਦਰ ਜੀ ਸਬਜ਼ੀਆਂ ਨੂੰ NPK ਦੀ ਮਾਤਰਾ 7 ਗ੍ਰਾਮ ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇ ਕਰੋ ਇਹ ਸਪਰੇ ਤੁਸੀ ਹਫਤੇ ਦੇ ਬਾਅਦ ਇਸਦੀ ਸਪਰੇ ਦੁਬਾਰਾ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by Uday mistri
Jharkhand
31-03-2019 03:22 PM
Punjab
04-01-2019 03:52 PM
देसी मुर्गी पालन को हम कम पूँजी थोड़ी जमीन और थोड़ी सी मेहनत से आसानी से किया जा सकता है , मुर्गी पालन का चलन भारत में तेज़ी से बढ़ रहा है चीन और अमेरिका के बाद भारत अंडा उत्पादन में तीसरे स्थान पर और मांस उत्पादन में 5 स्थान पर है यह 3 देसी मुर्गी की प्रजातियां ज्यादा प्रचलित हैं ग्रामप्रिया श्रीनिधि वनराजा कुक्क.... (Read More)
देसी मुर्गी पालन को हम कम पूँजी थोड़ी जमीन और थोड़ी सी मेहनत से आसानी से किया जा सकता है , मुर्गी पालन का चलन भारत में तेज़ी से बढ़ रहा है चीन और अमेरिका के बाद भारत अंडा उत्पादन में तीसरे स्थान पर और मांस उत्पादन में 5 स्थान पर है यह 3 देसी मुर्गी की प्रजातियां ज्यादा प्रचलित हैं ग्रामप्रिया श्रीनिधि वनराजा कुक्कुट पालन परियोजना हैदराबाद के द्वारा यह तीनो प्रजातियां विकसित की गयीं हैं यह मुर्गियां अण्डों और मांस दोनों के लिए बहुत लाभदायक हैं देखा जाता है के जो हमारे किसान भाई ग्रामीण प्रजाति के मुर्गी पालन करते हैं उसके अपेक्षा में यह संकर नस्ल की प्रजाति अंडे और मांस में ज्यादा मुनाफा देता हैं आइये हम विस्तार से इन तीन प्रजाति के बारे में बात करें ग्रामप्रिया – ग्रामप्रिया प्रजाति की मुर्गियां भी दोहरी उपयोगिता वाली प्रजाति की मुर्गी है इसका अर्थ यह है के यह अंडा और मांस दोनों के लिए उपयोगी है , 18 महीने में यह 240 से 250 अंडे तक दे सकती है और इसका वजन 1.5 kg से 2 kg तक होता है श्रीनिधि प्रजाति की मुर्गी – यह प्रजाति ग्रामीण प्रजाति की मुर्गी के अपेक्षा में 230-250 अंडे तक देती है , श्रीनिधि मुर्गियों का वजन 2.5kg से लेकर 5 kg तक का होता है जो की ग्रामीण प्रजाति के मुर्गियों से बहुत ज्यादा है इसीलिए यह दोहरी उपयोगिता प्रजाति में गिनी जाती है इसके मांस और अंडे दोनों से ज्यादा मुनाफा कमाया जा सकता है ,इन प्रजातियों की मुर्गियां तेजी से बढ़ती हैं वनराजा – वनराजा प्रजाति की मुर्गियां भी ग्रामीण प्रवेश के लिए काफी अच्छी मानी जाती है यह मुर्गी 120 – 130 अंडे 3 महीने में देती है देसी मुर्गी पालन के लिए यह 3 विकसित प्रजातियां बहुत ही लाभदायक साबित हुई है आप भी अगर देसी मुर्गी पालन करना चाहते हैं तो यह तीनो प्रजातियों को जरूर अपनाएं
Posted by raj kumar
Haryana
31-03-2019 03:18 PM
Punjab
04-01-2019 05:43 PM
राज कुमार जी कृपया आप बताये के आपके खेत की मिट्टी कैसी है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद
Posted by abdul aziz
West Bengal
31-03-2019 03:10 PM
Punjab
04-01-2019 05:44 PM
abdul ji kripya aap apna swal vistar se pooche taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake.dhanywad
Posted by kinder
Punjab
31-03-2019 03:00 PM
Punjab
04-01-2019 04:11 PM
ਮੱਖੀਆਂ ਦੇ ਲਈ Butox 15ml ਲਉ ਤੇ 2ml /1 litter ਪਾਣੀ ਚ ਪਾਉ ਤੇ ਪਸ਼ੂ ਤੇ ਛਿੜਕਾਅ ਕਰੋ ਅਤੇ ਦੇਸੀ ਤਰੀਕਾ ਨਿਮ ਦੇ ਪਤੇ ਤੇ ਗਲੋ ਦੇ ਪਤੇ ਚੰਗੀ ਤਰਾ ਮਿਕਸੀ ਕਰਕੇ ਵਿਚ ਪਾਣੀ ਪਾਉਣਾ ਪਤੇ ਤੇ ਪਾਣੀ ਡੰਗਰਾ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਲੈ ਲਵੋ ਕਿ ਐਨਾ ਕੂ ਡੰਗਰਾ ਦੇ ਲਗ ਜਾਵੇ, ਪਾਣੀ ਕਪੜੇ ਨਾਲ ਪੁਣ ਕੇ ਵਿਚ ਸਰੋ ਦਾ ਤੇਲ ਪਾਉਣਾ ਫਿਰ ਡੰਗਰਾ ਦੇ ਲਾ ਦੇਵੋ, ਇਸ ਨਾਲ ਮੱਖੀਆਂ ਤੋਂ ਆਰਾਮ ਮਿਲ ਜਾਵੇਗਾ .
Posted by ajay
Madhya Pradesh
31-03-2019 02:57 PM
Punjab
03-31-2019 07:54 PM
मोती की खेती के बारे में पूरी जानकारी के लिए आप Bamoriya Pearl Farm फ़ोन: 097700 85381 से संपर्क करें
Posted by Palwinder Singh
Punjab
31-03-2019 02:42 PM
Punjab
04-01-2019 06:45 AM
हांजी पलविंदर सिंह जी regent ज़रूर डालें, इससे जड़ की सुंडी और nematodes से बचाव हो जाता है
Posted by harjindersingh7
Punjab
31-03-2019 02:34 PM
Punjab
03-31-2019 07:55 PM
ਪਰਮਲ ਝੋਨੇ ਦੀਆ PR PR 113, PR 111, PR 114, PR 115, PR 116,PR 118 ,PR 121,PR 122, PR 123 , PR 126, PR 127, Cr 212, ਕਿਸਮਾਂ ਦਾ ਝਾੜ ਸਭ ਦਾ ਹੀ ਚੰਗਾ ਹੈI ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਲੰਬੇ ਸਮੇ ਵਾਲੀ ਅਤੇ ਵੱਧ ਝਾੜ ਵਾਲੀ ਕਿਸਮ ਲਗਾਉਣੀ ਚਾਉਂਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਉਸ ਦੇ ਲਈ ਤੁਸੀ ਪੂਸਾ 44 ਕਿਸਮ ਲਗਾ ਸਕਦੇ ਹੋ I
Posted by sunil kumar
Rajasthan
31-03-2019 02:34 PM
Maharashtra
04-01-2019 05:44 PM
Waste decomposer एक अच्छा प्रोडक्ट हैं जिसकी 20 रूप्ये की शीशी आ जाती हैं जो किसी कीटनाशी की दुकान से मिल सकती हैंं Waste decomposer एक जैविक प्रोडक्ट है इसमें बैक्टीरियां हैं जोकि मिट्टी की उपजाऊ शक्ति को बढाता हैं और फालतू चीजों जैसे पत्ते, पराली को गालता हैं और उसे खाद के रूप में बदल देता हैं इसको तैयार करने केे लिए 200 लीटर पान.... (Read More)
Waste decomposer एक अच्छा प्रोडक्ट हैं जिसकी 20 रूप्ये की शीशी आ जाती हैं जो किसी कीटनाशी की दुकान से मिल सकती हैंं Waste decomposer एक जैविक प्रोडक्ट है इसमें बैक्टीरियां हैं जोकि मिट्टी की उपजाऊ शक्ति को बढाता हैं और फालतू चीजों जैसे पत्ते, पराली को गालता हैं और उसे खाद के रूप में बदल देता हैं इसको तैयार करने केे लिए 200 लीटर पानी में 2 किलो गुड और एक शीशी Waste decomposer की डालें यह फंगीनाशी का काम करता हैं इससे जल्दी जल्दी बीमारियां नजदीक नहीं आती यह लगभग 7 दिनो में तैयार हो जाता हैं यह एक एकड की मात्रा होती है
Posted by Palwinder Singh
Punjab
31-03-2019 02:27 PM
Maharashtra
04-22-2019 04:19 PM
Palwinder ji kirpa karke daso ke ehna di umar kini hai ta jo tuhanu is bare poori jankari diti ja sake.dhanwad
Posted by Palwinder Singh
Punjab
31-03-2019 02:18 PM
Punjab
04-01-2019 05:46 PM
ਉੱਤਰੀ ਭਾਰਤ ਵਿੱਚ, ਇਸਦੀ ਖੇਤੀ ਦੋ ਵਾਰ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਇਸਨੂੰ ਫਰਵਰੀ-ਮਾਰਚ ਅਤੇ ਜੂਨ-ਜੁਲਾਈ ਵਿੱਚ ਬੀਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ ਬੈੱਡ ਦੇ ਦੋਨੋਂ ਪਾਸੇ 45 ਸੈ.ਮੀ. ਦੇ ਫਾਸਲੇ ਤੇ ਬੀਜੋ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ 2-3 ਸੈ.ਮੀ. ਡੂੰਘਾਈ ਤੇ ਬੀਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਹਰੇਕ ਜਗ੍ਹਾ ਤੇ ਦੋ ਬੀਜ ਬੀਜੋ ਇੱਕ ਏਕੜ ਜ਼ਮੀਨ ਲਈ 1.5 ਕਿਲੋ ਬੀਜਾਂ ਦੀ ਵਰਤੋਂ ਕਰੋ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ ਸਿੱਧਾ ਬੈੱਡਾਂ ਜਾਂ ਵੱਟਾਂ ਤੇ ਬੀਜਿਆ ਜਾ.... (Read More)
ਉੱਤਰੀ ਭਾਰਤ ਵਿੱਚ, ਇਸਦੀ ਖੇਤੀ ਦੋ ਵਾਰ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਇਸਨੂੰ ਫਰਵਰੀ-ਮਾਰਚ ਅਤੇ ਜੂਨ-ਜੁਲਾਈ ਵਿੱਚ ਬੀਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ ਬੈੱਡ ਦੇ ਦੋਨੋਂ ਪਾਸੇ 45 ਸੈ.ਮੀ. ਦੇ ਫਾਸਲੇ ਤੇ ਬੀਜੋ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ 2-3 ਸੈ.ਮੀ. ਡੂੰਘਾਈ ਤੇ ਬੀਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਹਰੇਕ ਜਗ੍ਹਾ ਤੇ ਦੋ ਬੀਜ ਬੀਜੋ ਇੱਕ ਏਕੜ ਜ਼ਮੀਨ ਲਈ 1.5 ਕਿਲੋ ਬੀਜਾਂ ਦੀ ਵਰਤੋਂ ਕਰੋ ਬੀਜਾਂ ਨੂੰ ਸਿੱਧਾ ਬੈੱਡਾਂ ਜਾਂ ਵੱਟਾਂ ਤੇ ਬੀਜਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ
Posted by Harpreet batth
Punjab
31-03-2019 01:53 PM
Punjab
04-01-2019 04:14 PM
ਤੁਸੀ pailtox shop ਲਗਾਓ, ਇਹ ਤੁਸੀ ਪਸੂਆ ਨੂੰ ਨਹਾਉਣ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾ ਚੰਗੀ ਤ੍ਰਾਹ ਝੱਗ ਕਰਕੇ ਪਸੂਆ ਉਪਰ ਅੱਧਾ ਘੰਟਾ ਲਗਾ ਰਹਿਣ ਦਿਓ ਫਿਰ ਬਾਦ ਵਿਚ ਨਹਾ ਦਿਓ , ਇਸ ਦਾ ਕੋਈ ਨੁਕਸਾਨ ਨਹੀਂ ਹੈ, ਇਸ ਨਾਲ ਚਮੜੀ ਵੀ ਵਧਿਆ ਰਹਿੰਦੀ ਹੈ ਅਤੇ ਚਿੱਚੜ ਤੋਂ ਬਚਾ ਰਹੇਗਾ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀਂ Ticktac ਦਵਾਈ ਨੂੰ 2ml ਲੈ ਕੇ 1 liter ਪਾਣੀ ਵਿੱਚ ਮਿਲਾ ਕੇ ਪਸ਼ੂਆਂ ਦੇ ਆਸੇ ਪਾਸੇ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਇਸ ਨਾਲ ਆਲੇ ਦੁਆਲੇ ਦੇ ਚਿੱਚੜ ਮਰ ਜਾ.... (Read More)
ਤੁਸੀ pailtox shop ਲਗਾਓ, ਇਹ ਤੁਸੀ ਪਸੂਆ ਨੂੰ ਨਹਾਉਣ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾ ਚੰਗੀ ਤ੍ਰਾਹ ਝੱਗ ਕਰਕੇ ਪਸੂਆ ਉਪਰ ਅੱਧਾ ਘੰਟਾ ਲਗਾ ਰਹਿਣ ਦਿਓ ਫਿਰ ਬਾਦ ਵਿਚ ਨਹਾ ਦਿਓ , ਇਸ ਦਾ ਕੋਈ ਨੁਕਸਾਨ ਨਹੀਂ ਹੈ, ਇਸ ਨਾਲ ਚਮੜੀ ਵੀ ਵਧਿਆ ਰਹਿੰਦੀ ਹੈ ਅਤੇ ਚਿੱਚੜ ਤੋਂ ਬਚਾ ਰਹੇਗਾ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀਂ Ticktac ਦਵਾਈ ਨੂੰ 2ml ਲੈ ਕੇ 1 liter ਪਾਣੀ ਵਿੱਚ ਮਿਲਾ ਕੇ ਪਸ਼ੂਆਂ ਦੇ ਆਸੇ ਪਾਸੇ ਸਪਰੇਅ ਕਰੋ ਇਸ ਨਾਲ ਆਲੇ ਦੁਆਲੇ ਦੇ ਚਿੱਚੜ ਮਰ ਜਾਣਗੇ ਜਿਥੋਂ ਉਹ ਦੁਬਾਰਾ ਆਉਂਦੇ ਹੈ, ਇਸਦੀ ਮਾਲਿਸ਼ ਪਸ਼ੂਆਂ ਉਪਰ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ.
Posted by harpal bhuller
Haryana
31-03-2019 01:21 PM
Punjab
04-01-2019 04:16 PM
ਇਸਨੂੰ minotas ਦੀਆਂ 21 ਗੋਲੀਆ ਲਿਆ ਕੇ ਇੱਕ ਹਰ ਰੋਜ਼ ਦਿਓ ਤੇ ਇਸ ਦੇ ਨਾਲ ਹੀ ovumin powder 50 ਗ੍ਰਾਮ ਹਰ ਰੋਜ਼ ਦਿਓ ਇਸ ਨਾਲ ਜਲਦੀ ਹੀਟ ਵਿਚ ਆ ਜਾਵੇਗੀ .
Posted by Mangat
Punjab
31-03-2019 01:10 PM
Punjab
04-01-2019 04:17 PM
ਤੁਸੀ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਲਈ Milkout powder ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ , ਇਸਦੇ 2 ਚਮਚ ਸਵੇਰੇ ਅਤੇ 2 ਸ਼ਾਮ ਨੂੰ ਦੇਣੇ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ , ਇਸਦੀ 300 ਗ੍ਰਾਮ ਜਾਂ 900 ਗ੍ਰਾਮ ਦੀ ਪੈਕਿੰਗ ਹੁੰਦੀ ਹੈ , ਅਤੇ ਉਸਨੂੰ Calcimust gold liqued ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ ਇਸ ਨੂੰ 100 ਮਿਲੀ ਰੋਜਾਨਾ ਦਿਓ , ਇਸ ਨਾਲ ਫਰਕ ਪੈ ਜਾਵੇਗਾ.
Posted by jay
Gujarat
31-03-2019 01:05 PM
Punjab
04-02-2019 02:50 PM
उसे आप vitum-h liquid 10-10ml सुबह शाम देना शुरू करें इसके साथ आप Metabolite powder की रोजाना एक पुड़ी दें इससे दूध अपने आप गिरना बंद हो जाएगा दूध अपने आप गिरने का कारण पशु के थन के आगे वाले किल टूट जाना होता है जिसके कारण अपने आप दूध आता रहता है
Posted by Harsimran Singh
Punjab
31-03-2019 01:03 PM
Punjab
04-02-2019 02:32 PM
हरसिमरन सिंह जी साहीवाल नस्ल की गाय या बछड़ी लेने के लिए आप सुखविंदर 9781800637 जी से संपर्क कर सकते है।
Posted by jaswant singh
Haryana
31-03-2019 12:58 PM
Punjab
04-01-2019 05:46 PM
ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ 40 ਕਿਲੋ (90 ਕਿਲੋ ਯੂਰੀਆ) ਦੀ ਮਾਤਰਾ ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਵਿੱਚ ਤਿੰਨ ਭਾਗਾਂ ਵਿੱਚ ਵੰਡ ਕੇ ਵਰਤੋ ਪਹਿਲੀ ਖ਼ੁਰਾਕ ਬਿਜਾਈ ਵੇਲੇ ਜਦਕਿ ਦੂਜੀ ਅਤੇ ਤੀਜੀ ਖੁਰਾਕ ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਪਹਿਲੀ ਅਤੇ ਦੂਜੀ ਕਟਾਈ ਵੇਲੇ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਬੀਜ ਤਿਆਰ ਕਰਨ ਲਈ ਬੀਜੀ ਗਈ ਫ਼ਸਲ ਵਿਚ 30 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ ਦੀ ਪੂਰਤੀ ਲਈ 65 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਯੂਰੀਆ ਖਾਦ ਦੀ ਵਰਤੋਂ ਦੋ ਵਾਰ, ਪਹਿਲੀ ਖੁਰਾਕ ਬਿਜਾਈ ਅਤੇ .... (Read More)
ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ 40 ਕਿਲੋ (90 ਕਿਲੋ ਯੂਰੀਆ) ਦੀ ਮਾਤਰਾ ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਵਿੱਚ ਤਿੰਨ ਭਾਗਾਂ ਵਿੱਚ ਵੰਡ ਕੇ ਵਰਤੋ ਪਹਿਲੀ ਖ਼ੁਰਾਕ ਬਿਜਾਈ ਵੇਲੇ ਜਦਕਿ ਦੂਜੀ ਅਤੇ ਤੀਜੀ ਖੁਰਾਕ ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਪਹਿਲੀ ਅਤੇ ਦੂਜੀ ਕਟਾਈ ਵੇਲੇ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਬੀਜ ਤਿਆਰ ਕਰਨ ਲਈ ਬੀਜੀ ਗਈ ਫ਼ਸਲ ਵਿਚ 30 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ ਦੀ ਪੂਰਤੀ ਲਈ 65 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਯੂਰੀਆ ਖਾਦ ਦੀ ਵਰਤੋਂ ਦੋ ਵਾਰ, ਪਹਿਲੀ ਖੁਰਾਕ ਬਿਜਾਈ ਅਤੇ ਦੂਜੀ ਫਸਲ ਦੇ ਫੁੱਲਾਂ ਤੇ ਆਉਣ ਵੇਲੇ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਫ਼ਸਲ ਦੇ ਛੇਤੀ ਵਾਧੇ ਲਈ ਬਿਜਾਈ ਦੇ 15 ਤੋਂ 20 ਦਿਨ ਬਾਅਦ 20 ਮਿਲੀਲੀਟਰ ਟਰਾਈਕੋਟਾਨੋਲ ਹਾਰਮੋਨ ਨੂੰ 20 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਘੋਲ ਕੇ ਛਿੜਕਾਅ ਕਰਨਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਫ਼ਸਲ ਦੇ ਚੰਗੇ ਅਤੇ ਤੇਜ਼ ਵਾਧੇ ਲਈ 75 ਗ੍ਰਾਮ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ, ਪੋਟਾਸ਼ੀਅਮ ਅਤੇ ਫਾਸਫੋਰਸ ਦੀ ਖਾਦ 19:19:19 ਦੀ ਦਰ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਨੂੰ 15 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਘੋਲ ਤਿਆਰ ਕਰ ਕੇ ਬਿਜਾਈ ਤੋਂ 20 ਦਿਨਾਂ ਬਾਅਦ ਸਪਰੇਅ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਢੁਕਵੀਂ ਪੈਦਾਵਾਰ ਲਈ ਬਿਜਾਈ ਦੇ 40 ਤੋਂ 50 ਦਿਨ ਬਾਅਦ 50 ਮਿਲੀਲੀਟਰ ਬਰਾਸੀਨੋਲਾਈਡ ਨੂੰ 150 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਘੋਲ ਤਿਆਰ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਛਿੜਕਾਅ ਕਰਨਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਦੂਜੀ ਸਪਰੇਅ 10 ਦਿਨਾਂ ਬਾਅਦ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ 45 ਗ੍ਰਾਮ ਮੋਨੋ ਅਮੋਨੀਅਮ ਫੋਸਫੇਟ 12:61:00 ਨੂੰ 15 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਵਿਚ ਘੋਲ ਕੇ ਪੌਦਿਆਂ ਦੀਆਂ ਲਗਰਾਂ (ਤਣਿਆਂ) ਉਤੇ ਛਿੜਕਾਅ ਕਰਨਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਇਹ ਪੌਦੇ ਦੇ ਚੰਗੇ ਵਾਧੇ ਅਤੇ ਪ੍ਰਫੁੱਲਤਾ ਲਈ ਲਾਹੇਵੰਦ ਹੁੰਦਾ ਹੈ
Posted by deep
Punjab
31-03-2019 12:53 PM
Punjab
04-01-2019 04:31 PM
Deep ji iss nal pashua vich mineral mixture di kami puuri hundi hai , iss nal pashu nu mineral ate vitamin milde hai , pashu jldi nawe dudh ho jnda hai , usdi bachedani ate sarir di kami purri hundi rehndi hai tuci rojana 50gm rojana de skde ho , bakki tuci Agrimin, CRS, bovimin-b, Repromin koi v powder vart skde ho .
Posted by deep
Punjab
31-03-2019 12:50 PM
Punjab
04-01-2019 04:28 PM
uss nu Cargill di Hiefer Dry feed deni suru kro , isde nal tuci Calf plan powder 100gm rojana deo, iss nal vdia growth ho jawegi.
Posted by Raju Ram
Rajasthan
31-03-2019 12:50 PM
Punjab
04-01-2019 05:47 PM
ककड़ी की खेती के लिए अच्छी तरह से तैयार ज़मीन की आवश्यकता होती है मिट्टी को भुरभुरा करने के लिए हैरो से 2-3 बार जोताई करना आवश्यक है बीजों की बिजाई के लिए फरवरी-मार्च का महीना अनुकूल होता है प्रति एकड़ में 1 किलो बीजों का प्रयोग करें
Posted by Lavkush kumar
Uttar Pradesh
31-03-2019 12:44 PM
Maharashtra
04-22-2019 04:18 PM
लवकुश जी बसंत के मौसम के लिए नर्सरी नवंबर-दिसंबर में तैयार करें जबकि सर्दियों के मौसम में सितंबर-अक्तूबर महीने में नर्सरी में बीजों को बोयें आप इसके लिए किस्मे जैसे Hisar Arun (Selection 7),Kashi Amrut, Kashi Anupam, Pant Bahar, Arka Saurabh, Pusa Hybrid 2 की बिजाई कर सकते है
Posted by raman
Punjab
31-03-2019 12:37 PM
Punjab
04-01-2019 05:26 AM
Madhu makhi da box lain layi tusi 9417423111 number te narpinder singh ji nal gal karo ji.
Posted by gurmindear singh
Punjab
31-03-2019 12:30 PM
Punjab
04-15-2019 12:27 PM
Gurmindear ji is bare hale koi notification nahi aayi hai. jive hi koi jankari mildi hai tuhanu is bare das dita jayega.dhanwad
Posted by राजा
Uttar Pradesh
31-03-2019 12:27 PM
Punjab
04-01-2019 08:05 AM
अप्रैल महीने में आप मूंगी या कपास की खेती कर सकते हैँ
Posted by Sarita
Haryana
31-03-2019 12:24 PM
Punjab
04-27-2019 01:59 PM
sarita ji can you please tell the specific date of which you want to know about weather parameters so that we can provide you proper information.thank you.
Posted by ਪਲਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ
Punjab
31-03-2019 12:18 PM
Punjab
04-01-2019 11:56 AM
Palwinder Singh ji kirpa kare eh daso ke tusi feed kehre pashua lai teyar karni hai ta jo tuhanu puri jankari diti ja sake.
Posted by A zeel khan
Uttar Pradesh
31-03-2019 12:11 PM
Maharashtra
04-01-2019 05:24 PM
Azeel khan ji neem ke tel ki matra 2-3 ml ko prati litre pani mila kar spray karen. iski matra 4-5 din ke bad dubara spray karen.dhanywad
Posted by mansingh meena
Rajasthan
31-03-2019 12:09 PM
Punjab
04-09-2019 12:34 PM
अरंडी बीज का आज का भाव 5370/q है
Posted by Amardeep Singh
Punjab
31-03-2019 11:56 AM
Punjab
04-01-2019 04:29 PM
Amardeep ji pesticide di shop kholan de layi tuhade kol Bsc agriculture di degree honi chahidi hai. isde nal hi tuhanu license milda hai.dhanwad
Posted by ਗੁਰਮਿੰਦਰ
Punjab
31-03-2019 11:53 AM
Punjab
04-01-2019 07:02 AM
ਉਸ ਨੂੰ Liquid Bovimen-GL 150ml 7ml ਰੋਜਾਨਾ ਦਿਉ ਨਾਲ ਹੀ Injection Curax 30ml 15ml ਦੋਵੇਂ ਪਾਸੇ ਗਰਦਨ ਤੇ ਲਾਉ ਤੇ 72 ਘੰਟੇ ਬਾਅਦ ਰਪੀਟ ਕਰੋ ਤੇ ਪਟਾਸ਼ੀਅਮ ਦੇ ਘੋਲ ਵਿਚ ਪੈਰ ਡਬੋ ਕੇ ਪੰਜ ਮਿੰਟ ਰੱਖੋ ਸਾਰੇ ਪਸ਼ੂਆ ਦੇ ਥੱਲੇ ਚੂਨਾ ਕਲੀ ਦਾ ਛਾਣਾ ਦਿਉ ਜੀ
Posted by sidhu
Punjab
31-03-2019 11:50 AM
Maharashtra
04-01-2019 05:32 PM
bicky ji eh 105-110 dina vich pakk ke tyar hundi hai.eh bimariyan di v pratirodak hai.tuc ehna di bijai kar sakde ho.dhanwad
Posted by bua singh
Punjab
31-03-2019 11:50 AM
Rajasthan
04-01-2019 05:28 PM
ਪਸ਼ੂਆਂ ਲਈ ਵਧਿਆ ਫੀਡ ਤਾਂ ਘਰ ਦੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ , ਸੰਤੁਲਿਤ ਖੁਰਾਕ 100 ਕਿਲੋ ਬਣਾਉਣ ਲਈ ਲੋੜੀਂਦੀ ਸਮੱਗਰੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਜਿਵੇਂ 25 ਕਿਲੋ ਅਨਾਜ ( ਜਵਾਰ, ਬਾਜਰੀ (ਸਰਦੀਆਂ) , ਕਣਕ, ਜੌਂ ( ਗਰਮੀਆ) ਇਹਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਕੋਈ ਇੱਕ ) , ਦਾਲ ਚੂਰੀ 20 ਕਿਲੋ( ਮੂੰਗੀ ਚੂਰੀ, ਮਾਂਹ ਚੂਰੀ, ਮੋਠ ਚੂਰੀ ( ਕੇਵਲ ਸਰਦੀਆਂ ਲਈ), ਮਸੁਰ ਚੂਰੀ ,ਅਰਹਰ, (ਇਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਇੱਕ ) , DOC 25 ਕਿਲੋ ( ਚੌਲਾਂ ਦਾ ਚੂਰਾ ) , ਫਾਈਬਰ ਛਿਲਕਾ 15 ਕਿਲੋ (ਕ.... (Read More)
ਪਸ਼ੂਆਂ ਲਈ ਵਧਿਆ ਫੀਡ ਤਾਂ ਘਰ ਦੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ , ਸੰਤੁਲਿਤ ਖੁਰਾਕ 100 ਕਿਲੋ ਬਣਾਉਣ ਲਈ ਲੋੜੀਂਦੀ ਸਮੱਗਰੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਜਿਵੇਂ 25 ਕਿਲੋ ਅਨਾਜ ( ਜਵਾਰ, ਬਾਜਰੀ (ਸਰਦੀਆਂ) , ਕਣਕ, ਜੌਂ ( ਗਰਮੀਆ) ਇਹਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਕੋਈ ਇੱਕ ) , ਦਾਲ ਚੂਰੀ 20 ਕਿਲੋ( ਮੂੰਗੀ ਚੂਰੀ, ਮਾਂਹ ਚੂਰੀ, ਮੋਠ ਚੂਰੀ ( ਕੇਵਲ ਸਰਦੀਆਂ ਲਈ), ਮਸੁਰ ਚੂਰੀ ,ਅਰਹਰ, (ਇਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਇੱਕ ) , DOC 25 ਕਿਲੋ ( ਚੌਲਾਂ ਦਾ ਚੂਰਾ ) , ਫਾਈਬਰ ਛਿਲਕਾ 15 ਕਿਲੋ (ਕਣਕ, ਚੌਕਰ, ਚਨਾ ਛਿਲਕਾ, ਮਟਰ ਛਿਲਕਾ, ਇਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਇੱਕ) , ਖਲ਼ 14 ਕਿਲੋ(ਸਰੋਂ, ਬਿਨੌਲਾ ਜਾਂ ਸੋਇਆ (ਇਹਨਾਂ ਵਿੱਚੋ ਕੋਈ ਇੱਕ) , ਮਿੱਠਾ ਸੋਡਾ 250 ਗ੍ਰਾਮ, 1 ਕਿਲੋ ਨਮਕ, ਗੁੜ 1 ਕਿਲੋ, 1 ਕਿੱਲੋ ਹਲਦੀ (ਸਰਦੀਆ ਵਿੱਚ ), 1 ਕਿਲੋ ਮਿਨਰਲ ਮਿਕਸਰ ਇਹ ਨੂੰ ਰਲਾ ਲਵੋ ਇਹ ਫੀਡ ਪਸ਼ੂ ਲਈ ਬਹੁਤ ਲਾਹੇਵੰਦ ਹੁੰਦੀ ਹੈ , ਬਾਕੀ ਇਸਦੇ ਨਾਲ Enerboost ਪਾਊਡਰ 100 ਗ੍ਰਾਮ ਰੋਜਾਨਾ ਦਿਓ , ਇਸ ਨਾਲ ਪਸ਼ੂ ਦੀ ਕਮਜ਼ੋਰੀ ਦੂਰ ਹੁੰਦੀ ਹੈ
Posted by satinderjit kaur
Punjab
31-03-2019 11:49 AM
Punjab
03-31-2019 07:58 PM
ਐਲੋਵੀਰਾ ਦੀ ਵਰਤੋ ਆਯੂਰਵੈਦਿਕ ਦਵਾਈਆਂ ਵਿੱਚ ਵੱਡੇ ਪੱਧਰ ਤੇ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਅੱਜਕਲ ਕਈ ਨੇਸ਼ਨਲ ਅਤੇ ਇੰਟਰ ਨੇਸ਼ਨਲ ਕੰਪਨਿਆ ਇਸਦੀ ਵਰਤੋ ਚਿਕਤਸਾ ਦੇ ਨਾਲ ਨਾਲ ਸੁੰਦਰਤਾ ਉਤਪਾਦ ਜਿਵੇਂ ਫੇਸਵਾਸ ਕਰੀਮ ,ਸ਼ੇੰਪੂ , ਦੰਤ ਪੇਸਟ ਹੋਰ ਕਈ ਸਾਰੇ ਪ੍ਰੋਡਕਟਸ ਵਿੱਚ ਇਸਦਾ ਇਤੇਮਾਲ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਵੇਸੇ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦੇ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ ਕਿਸੇ ਵੀ ਪ੍ਰਕਾਰ ਦੀ ਉਪਜਾਊ ਅਨੁਪਜਾਊ ਮਿੱਟੀ ਵਿ.... (Read More)
ਐਲੋਵੀਰਾ ਦੀ ਵਰਤੋ ਆਯੂਰਵੈਦਿਕ ਦਵਾਈਆਂ ਵਿੱਚ ਵੱਡੇ ਪੱਧਰ ਤੇ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਅੱਜਕਲ ਕਈ ਨੇਸ਼ਨਲ ਅਤੇ ਇੰਟਰ ਨੇਸ਼ਨਲ ਕੰਪਨਿਆ ਇਸਦੀ ਵਰਤੋ ਚਿਕਤਸਾ ਦੇ ਨਾਲ ਨਾਲ ਸੁੰਦਰਤਾ ਉਤਪਾਦ ਜਿਵੇਂ ਫੇਸਵਾਸ ਕਰੀਮ ,ਸ਼ੇੰਪੂ , ਦੰਤ ਪੇਸਟ ਹੋਰ ਕਈ ਸਾਰੇ ਪ੍ਰੋਡਕਟਸ ਵਿੱਚ ਇਸਦਾ ਇਤੇਮਾਲ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਵੇਸੇ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦੇ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ ਕਿਸੇ ਵੀ ਪ੍ਰਕਾਰ ਦੀ ਉਪਜਾਊ ਅਨੁਪਜਾਊ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਆਸਾਨੀ ਨਾਲ ਉਗ ਜਾਂਦੇ ਹੈ ਬਸ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇੱਕ ਗੱਲ ਦਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖਣਾ ਹੈ ਕੀ ਪੋਦਾ ਜਿਆਦਾ ਪਾਣੀ ਵਾਲੀ (ਸੇਮ) ਅਤੇ ਪਾਲਾ ਪੈਣ ਵਾਲੀ ਜਗ੍ਹਾ ਉੱਤੇ ਨਹੀ ਲਗਾਉਣਾ ਹੈ ਘੱਟ ਪਾਣੀ ਤੇ ਰੇਤਲੇ ਵਾਹਨ ਵਿਚ ਲਾਉਣ ਲਈ ਇਹ ਸਭ ਤੋਂ ਵਧੀਆ ਫ਼ਸਲ ਹੈ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਲਈ ਸਭ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਖੇਤ ਦੀ 2 ਵਾਰ ਚੰਗੀ ਤਰਾਂ ਵਾਹ ਕੇ ਉਸ ਵਿਚ ਪ੍ਰਤੀ ਹੇਕਟਰ 10 ਤੋਂ 20 ਟਨ ਦੇ ਵਿੱਚ ਪੁਰਾਣੀ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ ਪਾਓ ਨਾਲ ਵਿੱਚ 120 ਕਿੱਲੋਗ੍ਰਾਮ ਯੂਰੀਆ + 150 ਕਿੱਲੋਗ੍ਰਾਮ ਫਾਸਫੋਰਸ + 30 ਕਿੱਲੋਗ੍ਰਾਮ ਪੋਟਾਸ਼ ਇਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਖੇਤ ਵਿੱਚ ਸਮਾਨ ਰੂਪ ਨਾਲ ਬਖੇਰ ਦੇਵੋ ਫਿਰ ਇੱਕ ਵਾਰ ਹੱਲਕੀ ਵਹਾਈ ਤੇ ਕਰਾਹੇ ਨਾਲ ਵਾਹਨ ਨੂੰ ਪੱਧਰਾ ਕਰ ਲਾਓ ਫਿਰ ਖੇਤ ਵਿੱਚ 50×50 ਸੇਮੀ . ਦੀ ਦੁਰੀ ਉੱਤੇ ਵੱਟਾਂ ਬਣਾ ਲਾਓ ਪੌਦੇ ਦੀ ਰੋਪਾਈ ਅਤੇ ਸਾਂਭ ਸੰਭਾਲ ਪੌਦੇ ਦੀ ਰੋਪਾਈ ਕਿਸੇ ਵੀ ਸਮੇ ਵਿਚ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਪਰ ਚੰਗੀ ਉਪਜ ਪ੍ਰਾਪਤ ਕਰਨ ਲਈ ਜੂਨ-ਜੁਲਾਈ ਜਾਂ ਫਰਵਰੀ-ਮਾਰਚ ਦੇ ਵਿੱਚ ਕਰ ਸੱਕਦੇ ਹੋਂ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦੀ ਰੋਪਾਈ ਵੱਟਾਂ ਉੱਤੇ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇਹ ਪੌਦੇ ਕਿਸੇ ਪੁਰਾਣੇ ਐਲੋਵੇਰਾ ਫਾਰਮ ਜਾ ਨਰਸਰੀ ਤੋਂ ਪ੍ਰਾਪਤ ਕੀਤੇ ਜਾ ਸਕਦੇ ਹਨ ਅਸਲ ਵਿਚ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦੇ ਇਕ ਵੱਡੇ ਪੌਦੇ ਦੇ ਨਾਲ ਛੋਟੇ ਛੋਟੇ 3-2 ਪਤੀਆਂ ਵਾਲੇ ਅਲੋਵੇਰਾ ਦੇ ਪੌਦੇ ਉੱਗ ਆਉਂਦੇ ਹਨ ਇਹੀ ਪੌਦੇ ਬਾਅਦ ਵਿਚ ਪਨੀਰੀ ਤੋਰ ਤੇ ਵਰਤੇ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਇਸ ਵਿਧੀ ਨੂੰ ਰੂਟ ਸ਼ੱਕਰ(ROOT SUCKER) ਕਿਹਾ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਚੰਗੀ ਉਪਜ ਲਈ ਕਿਸਮਾਂ ਸਿਮ – ਸਿਤਲ, L 1 , 2 , 5 ਅਤੇ 49 ਲਗਾਓ ਜਿਸ ਵਿੱਚ ਜੈਲ੍ਹ ਦੀ ਮਾਤਰਾ ਜਿਅਾਦਾ ਪਾਈ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਇਸ ਤੋ ਇਲਾਵਾ ਨੈਸ਼ਨਲ ਬੋਟਨੀਕਲ ਅਤੇ ਪਲਾਂਟ ਜੈਨੇਟਿਕ ਰਿਸੋਰਸ, ਆਈ.ਸੀ.ਏ.ਆਰ. ਦੁਆਰਾ ਰਿਲੀਜ਼ ਕੀਤੀਆਂ ਕਿਸਮਾਂ IC111271, IC111269, IC111280 ਆਦਿ ਹਨ ਵੱਟਾਂ ਉੱਤੇ 50 & 50 ਸੇਮੀ ਦੀ ਦੂਰੀ ਉੱਤੇ ਬੂਟੀਆਂ ਨੂੰ ਲਗਾਓ ਬੂਟੇ ਤੋਂ ਬੂਟੇ ਦੀ ਦੂਰੀ 50 ਸੇਮੀ ਰੱਖਣ ਉੱਤੇ ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ 15000 ਬੂਟੀਆਂ ਦੀ ਲੋੜ ਰੋਪਾਈ ਲਈ ਹੋਵੇਗੀ ਸਿਚਾਈ ਸਾਲ ਭਰ ਵਿੱਚ ਇਸਨੂੰ ਸਿਰਫ 4 ਜਾਂ 5 ਵਾਰ ਸਿਚਾਈ ਦੀ ਲੋੜ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਸਿਚਾਈ ਲਈ ਡਰੀਪ ਪ੍ਰਣਾਲੀ ਚੰਗੀ ਰਹਿੰਦੀ ਹੈ ਇਸਤੋਂ ਇਸਦੀ ਉਪਜ ਵਿੱਚ ਵਾਧਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਗਰਮੀ ਦੇ ਦਿਨਾਂ ਵਿੱਚ 25 ਦਿਨਾਂ ਦੇ ਅੰਤਰਾਲ ਵਿੱਚ ਸਿਚਾਈ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਕੀੜੇ ਅਤੇ ਬਿਮਾਰੀਆ ਵੇਸੇ ਤਾਂ ਇਸ ਫਸਲ ਉੱਤੇ ਕੋਈ ਵਿਸ਼ੇਸ਼ ਕੀਟ ਅਤੇ ਰੋਗਾਂ ਦਾ ਪ੍ਰਭਾਵ ਨਹੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਪਰ ਕੀਤੇ-ਕੀਤੇ ਤਾਣੇ ਦੇ ਸੜਨ ਅਤੇ ਪੱਤੀਆਂ ਉੱਤੇ ਦਾਗ ਵਾਲੀ ਬੀਮਾਰਿਆ ਦਾ ਅਸਰ ਵੇਖਿਆ ਗਿਆ ਹੈ ਜੋ ਇੱਕ ਉੱਲੀ ਰੋਗ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਉਸਦੇ ਉਪਚਾਰ ਲਈ ਮੇਂੰਕੋਜੇਬ 3 ਗਰਾਮ ਪ੍ਰਤੀ ਲਿਟਰ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਛਿਡਕਾਵ ਕਰਨਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦੀ ਕਟਾਈ ਇਹ ਫਸਲ ਇੱਕ ਸਾਲ ਬਾਅਦ ਕੱਟਣ ਲਾਇਕ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਕਟਾਈ ਦੇ ਦੋਰਾਨ ਪੌਦਿਆਂ ਦੀ ਸਭ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਹੇਠਲੀ ਠੋਸ 3 ਜਾਂ 4 ਪੱਤਾਂ ਦੀ ਕਟਾਈ ਕਰੋ ਉਸਦੇ ਬਾਅਦ ਲੱਗਭੱਗ ਇੱਕ ਮਹੀਨੇ ਦੇ ਬਾਅਦ ਉਸ ਨਾਲ ਉਪਰ ਵਾਲੀ ਪੱਤੀਆਂ ਦੀ ਕਟਾਈ ਕਰਨੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਕਦੇ ਵੀ ਉਪਰ ਵਾਲੀ ਨਵੀਂ ਨਾਜਕ ਪੱਤੀਆਂ ਦੀ ਕਟਾਈ ਨਾ ਕਰੋ ਕਟੇ ਹੋਏ ਪਤੀਆਂ ਵਿੱਚ ਫਿਰ ਨਾਲ ਨਵੀਂ ਪੱਤੀਆ ਬਣਨੀ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਪ੍ਰਤੀ ਹੇਕਟਰ 50 ਤੋਂ 60 ਟਨ ਤਾਜੀ ਪੱਤੀਆ ਪ੍ਰਤੀ ਸਾਲ ਮਿਲ ਜਾਂਦੀਆਂ ਹਨ ਦੂਜੇ ਸਾਲ ਵਿੱਚ 15 ਤੋਂ 20 ਫ਼ੀਸਦੀ ਵਾਧਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਬਾਜ਼ਾਰ ਵਿੱਚ ਇਸ ਦੀਆਂ ਪੱਤੀਆਂ ਦੀ ਅਨੁਮਾਨਿਤ ਕੀਮਤ 3 ਤੋਂ 6 ਰੂਪਏ ਕਿੱਲੋ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇੱਕ ਤੰਦੁਰੁਸਤ ਪੌਦੇ ਤੋਂ ਇਕ ਸਾਲ ਵਿਚ ਲਗਭਗ 3-4 ਕਿੱਲੋ ਪੱਤੀਆ ਲਈਆਂ ਜਾ ਸਕਦੀਆਂ ਹਨ ਇਸ ਤਰਾਂ ਇਕ ਸਾਲ ਵਿਚ ਇਕ ਏਕੜ ਵਿਚੋਂ 1.5 ਤੋਂ 3 ਲੱਖ ਦੀ ਫ਼ਸਲ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਐਲੋਵੇਰਾ ਦਾ ਵਰਤੋ ਤੰਦੁਰੁਸਤ ਪੱਤੀਆਂ ਦੀ ਕਟਾਈ ਦੇ ਬਾਅਦ ਸਾਫ਼ ਪਾਣੀ ਨਾਲ ਧੋ ਕੇ ਪੱਤੀਆਂ ਦੇ ਹੇਠਲੇ ਹਿੱਸੇ ਵਿੱਚ ਬਲੇਡ ਜਾਂ ਚਾਕੂ ਨਾਲ ਕਟ ਲਗਾ ਕੇ ਥੋੜ੍ਹੇ ਸਮਾਂ ਲਈ ਛੱਡ ਦਿੰਦੇ ਹਨ ਜਿਸ ਵਿੱਚ ਪਿੱਲੇ ਰੰਗ ਦਾ ਗਾਡਾ ਚਿਪਚਿਪਾ ਰਸ ( ਜੇਲ੍ਹ ) ਨਿਕਲਦਾ ਹੈ ਉਸਨੂੰ ਇੱਕ ਟੈਂਕ ਵਿੱਚ ਇੱਕਠਾ ਕਰਕੇ ਇਸ ਰਸ ਨੂੰ ਸੁਖਾ ਲਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਇਸ ਸੁੱਕੇ ਹੋਏ ਰਸ ਨੂੰ ਵੱਖ ਵੱਖ ਢੰਗ ਨਾਲ ਤਿਆਰ ਕਰਨ ਦੇ ਬਾਅਦ ਵੱਖ ਵੱਖ ਨਾਮਾਂ ਨਾਲ ਜਾਣਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਜਿਵੇਂ ਕੀ ਸਕੋਤਰਾ , ਕੇਪ.. ਜਦੋ ਫਸਲ ਪੂਰੀ ਤਰਾਂ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਵੇ ਅਤੇ ਉਸਦੀ ਕਟਾਈ ਕਰ ਲਈ ਜਾਵੇ ਤਾਂ ਉਸ ਨੂੰ ਤੁਸੀ ਸਬਜੀ ਮੰਡੀ ਵਿੱਚ ਸਿੱਧੇ ਤੌਰ ਤੇ ਵੇਚ ਸਕਦੇ ਹੋਂ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਖੁਦ ਮੰਡੀ ਵਿੱਚ ਵੇਚਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਅੰਦਾਜਨ 5 ਤੋਂ 10 ਰੁਪਏ ਪ੍ਰਤੀ ਕਿੱਲੋ ਤੱਕ ਮੁੱਲ ਮਿਲ ਸਕਦਾ ਹੈ ਪਰ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਕਿਸੇ ਕੰਪਨੀ ਨਾਲ ਕੋਨਟ੍ਰੈਕਟ ਕਰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਇਸਦਾ ਰੇਟ ਉਸ ਕੰਪਨੀ ਦੀ ਲੋੜ ਅਤੇ ਸ਼ਰਤਾਂ ਦੇ ਮੁਤਾਬਿਕ ਉਸ ਕੰਪਨੀ ਦੁਆਰਾ ਹੀ ਤੈਅ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਹ ਮੁੱਲ ਤੁਹਾਡੀ ਉਹਨਾਂ ਨਾਲ ਡੀਲਿੰਗ ਤੇ ਨਿਰਭਰ ਕਰਦਾ ਹੈ jekar tuc alovera da farm visit krna chaunde ho tan iss no. te sampark kr skde ho. HIMMAT SINGH 9914444442 GIDDARBAHA, PUNJAB.
Posted by beant
Punjab
31-03-2019 11:42 AM
Punjab
04-19-2019 06:52 PM
Beant g beejayi de hisab nal kank di harvesting 10 April to thodi bhut start ho jndi hai and 13 April to harvesting start ho hi jndi hai g..
Posted by Amardeep Singh
Punjab
31-03-2019 11:37 AM
Punjab
04-01-2019 05:30 PM
ਤੁਸੀ ਮੱਝ ਨੂੰ Agrimin super ਪਾਊਡਰ 100 ਗ੍ਰਾਮ ਰੋਜਾਨਾ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ, ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਤੁਸੀ Ovumin Advance ਗੋਲੀਆਂ ਦਿਓ ਇਸਦੀ ਰੋਜਾਨਾ 1 ਗੋਲੀ ਦਿਓ ਅਤੇ 21 ਦਿਨ ਤਕ ਦਿਂਦੇ ਰਹੋ, ਇਸ ਨਾਲ ਹੀਟ ਵਿੱਚ ਆ ਜਾਵੇਗੀ .
Posted by akash chamlate
Maharashtra
31-03-2019 11:28 AM
Punjab
04-04-2019 03:57 PM
Akash ji agar aap ke pas jagha ki kami hai starting me aap ik ja do bakri ke sath start kar sakte hai. ane vale time is ke doodh or bacho se hone vale munafe se aap apne farm ko bdha kar sakte hai.
Posted by manmandar singh
Punjab
31-03-2019 11:17 AM
Punjab
04-02-2019 07:46 PM
ਮਨਮਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਜੀ ਕਿਰਪਾ ਕਰਕੇ ਦੂਜੀ ਕਿਸਮ ਦਾ ਨਾਮ ਪੂਰਾ ਦੱਸੋ ਤਾ ਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇਸ ਬਾਰੇ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by sunny
Punjab
31-03-2019 11:01 AM
Punjab
04-01-2019 05:51 PM
Sunny ji tuc gamleya vich vermi compost pao prati gamla 2-3 killo vermi compost pa sakde ho.isde nal bootya nu sare tat mil jange ate fal jyada lagn lag jayega.dhanwad
Posted by bawa
Punjab
31-03-2019 10:55 AM
Punjab
04-03-2019 08:49 PM
hanji ji ehh feed vdia hai ji tuci isdi varto kr skde ho.