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Posted by nanak
Haryana
06-06-2019 05:26 PM
Punjab
06-08-2019 05:57 PM
देसी कपास के लिए रेतली दोमट से चिकनी मिट्टी की आवश्यकता होती है और अमेरिकन कपास की किस्मों के लिए दोमट मिट्टी की आवश्यकता होती है इसे हर तरह की मिट्टी, जिसकी पी एच दर 6-8 होती है, में उगाया जा सकता है इस फसल की खेती के लिए गहरी, नर्म, अच्छे निकास वाली और उपजाऊ मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है कपास की बिजाई के लिए रेत.... (Read More)
देसी कपास के लिए रेतली दोमट से चिकनी मिट्टी की आवश्यकता होती है और अमेरिकन कपास की किस्मों के लिए दोमट मिट्टी की आवश्यकता होती है इसे हर तरह की मिट्टी, जिसकी पी एच दर 6-8 होती है, में उगाया जा सकता है इस फसल की खेती के लिए गहरी, नर्म, अच्छे निकास वाली और उपजाऊ मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है कपास की बिजाई के लिए रेतली, खारी या जल जमाव वाली मिट्टी ठीक नहीं होती मिट्टी की गहराई 20-25 सैं.मी. से कम नहीं होनी चाहिए प्रसिद्ध किस्में:-RS 2013,RS 810,RST 9,RS 875,Ganganagar Ageti, की बिजाई कर सकते है फसल की अच्छी पैदावार और अच्छे अंकुरण के लिए ज़मीन को अच्छी तरह तैयार करना जरूरी होता है रबी की फसल को काटने के बाद तुरंत खेत को पानी लगाना चाहिए इसके बाद खेत की हल से अच्छी तरह जोताई करें और फिर सुहागा फेर दें ज़मीन को तीन वर्षों में एक बार गहराई तक जोतें, इससे सदाबहार नदीनों की रोकथाम में मदद मिलती है और इससे मिट्टी में पैदा होने वाले कीड़ों और बीमारियों को भी रोका जा सकता है बिजाई के लिए अप्रैल से मध्य मई का समय उपयुक्त होता है अमेरिकन कपास के लिए कतार से कतार का फासला 60 सैं.मी. और पौधे से पौधे का फासला 45 सैं.मी. रखें देसी कपास की किस्म के लिए कतार से कतार का फासला 45 सैं.मी. और पौधे से पौधे का फासल 30 सैं.मी. रखें बीजों के अंकुरन ना होने और नए पौधों के नष्ट होने के कारण कुछ फासले पड़ जाते हैं इन्हें भरने के लिए 2-3 पानी में भिगोये हुए बीजों या अंकुरन के बाद एक सेहतमंद नए पौधे को बोयें बिजाई के दो सप्ताह बाद कमज़ोर, बीमार, प्रभावित नए पौधों को निकालकर सेहतमंद नए पौधे की रोपाई करें बीजों को बोने के लिए 4-5 सैं.मी. की गहराई होनी चाहिए देसी कपास की बिजाई के लिए सीड ड्रिल का प्रयोग करें जब कि हाइब्रिड और बी टी कपास के लिए डिबलिंग ढंग का प्रयोग करें आयताकार रोपाई के मुकाबले वर्गाकार रोपाई ज्यादा लाभदायक होती है बीजों के अंकुरन ना होने और नए पौधों के नष्ट होने के कारण कुछ फासले पड़ जाते हैं इन्हें भरने के लिए 2-3 पानी में भिगोये हुए बीजों या अंकुरन के बाद एक सेहतमंद नए पौधे को बोयें बिजाई के दो सप्ताह बाद कमज़ोर, बीमार, प्रभावित नए पौधों को निकालकर सेहतमंद नए पौधे की रोपाई करें हाइब्रिड और बी टी कपास के लिए 1 किलो बीज प्रति एकड़ में प्रयोग करें, जब कि देसी किस्मों के लिए 3-5 किलो बीज प्रति एकड़ में प्रयोग करें पौधों में ज्यादा फासला होने के कारण फसल पर नदीनों का गंभीर हमला होता है अच्छी पैदावार के लिए फसल की बिजाई के बाद 50-60 दिनों तक फसल का नदीन रहित होना जरूरी है, नहीं तो फसल की पैदावार में 60-80 प्रतिशत कमी आ सकती है नदीनों की असरदार रोकथाम के लिए हाथों से, मशीनी और रासायनिक ढंगों के सुमेल का उपयोग होना जरूरी है बिजाई के 5-6 सप्ताह बाद या पहली सिंचाई करने से पहले हाथों से गोडाई करें बाकी गोडाई प्रत्येक सिंचाई के बाद करनी चाहिए कपास के खेतों के आस पास गाजर बूटी पैदा ना होने दें, क्योंकि इससे मिली बग के हमले का खतरा ज्यादा रहता है बिजाई के बाद नदीनों के पैदा होने से पहले ही पैंडीमैथालीन 25-33 मि.ली. प्रति 10 लीटर पानी की स्प्रे करें बिजाई के 6-8 सप्ताह बाद जब पौधों का कद 40-45 सैं.मी. हो तो पेराकुएट (ग्रामोक्सोन) 24 प्रतिशत डब्लयू एस सी 500 मि.ली. प्रति एकड़ या ग्लाइफोसेट 1 लीटर को 100 लीटर पानी में मिलाकर प्रति एकड़ में स्प्रे करें नदीन नाशक 2, 4-डी से कपास की फसल काफी संवेदनशील होती है बेशक इस नदीननाश्क की स्प्रे नज़दीक के खेत में की जाए, तो भी इसके कण उड़ कर कपास की फसल को बहुत ज्यादा नुकसान पहंचा सकते हैं नदीन नाशक की स्प्रे सुबह या शाम के समय में ही करनी चाहिए खादें और सिंचाई के साधनों के सही उपयोग और अच्छी तरह से की जोताई से कीड़ों को पैदा होने से पहले ही रोका जा सकता है कीड़ों के कुदरती दुश्मनों की भी रक्षा की जा सकती है पौधे के उचित विकास और ज्यादा टिंडे वाली टहनियों की प्रफुल्लता के लिए, मुख्य टहनी के बढ़ रहे हिस्से को लगभग 5 फुट की ऊंचाई से काट दें देसी कपास की किस्मों क लिए नाइट्रोजन 20 किलो (यूरिया 44 किलो) और फासफोरस 10 किलो (एस एस पी 63 किलो) प्रति एकड़ में डालें हाइब्रिड कपास की किस्मों के लिए खादों की दोहरी मात्रा नाइट्रोजन 40 किलो और फासफोरस 20 किलो प्रति एकड़ में डालें मिट्टी की जांच के आधार पर पोटाश डालें फासफोरस की पूरी मात्रा और पोटाश यदि जरूरत हो तो और नाइट्रोजन की आधी मात्रा बिजाई से पहले आखिरी जोताई के समय डालें नाइट्रोजन की बाकी बची मात्रा फूल निकलने के समय डालें यदि मिट्टी में जिंक की कमी हो तो जिंक सल्फेट 10 किलो मिट्टी में बीज बोने से पहले डालें कपास की फसल को बारिश की तीव्रता के अनुसार चार से छः सिंचाई की जरूरत होती है पहली सिंचाई बिजाई के चार से छः सप्ताह बाद करें बाकी सिंचाइयां दो या तीन सप्ताह के फासले पर करें छोटे पौधों में पानी खड़ा ना होने दें फूल और टिंडे गिरने से बचाने के लिए, फूल निकलने और फूल लगने के समय फसल को पानी की कमी नहीं रहने देनी चाहिए जब टिंडे 33 प्रतिशत खिल जायें उस समय आखिरी सिंचाई करें और इसके बाद फसल को सिंचाई के द्वारा पानी ना दें जब भी फसल की सिंचाई के लिए खारे पानी का उपयोग किया जाये, तो सिंचाई करने से पहले पानी की जांच प्रमाणित लैबोरेटरी से करवाएं और उनकी सलाह के अनुसार ही पानी में जिप्सम या पाइराइट का उपयोग करें सूखे वाली स्थितियों में खालियां बनाकर और एक क्यारी छोड़कर सिंचाई करें सूक्ष्म सिंचाई सिस्टम अपनाएं (जहां भी संभव हो), इससे सिंचाई वाला पानी बचाने में सहायता होती है
Posted by chander Pal
Haryana
06-06-2019 05:17 PM
Punjab
06-06-2019 07:11 PM
हाँजी पशुओ की बीमारियों की बहुत सारी किताबें आपको https://www amazon in वेबसाइट पर मिल जाएगी जी लेकिन कोई भी मेडिसन बुक में से देखकर पशु को देना हानिकारक भी हो सकता है क्युकी एक बीमारी के बहुत सारे कारण हो सकते है जिनको पशु को देख कर ही पता लगाया जा सकता है जी बाकि आप बुक खरीद कर दवाई देख कर नज़दीकी डॉक्टर की सलाह भी जरूर ल.... (Read More)
हाँजी पशुओ की बीमारियों की बहुत सारी किताबें आपको https://www amazon in वेबसाइट पर मिल जाएगी जी लेकिन कोई भी मेडिसन बुक में से देखकर पशु को देना हानिकारक भी हो सकता है क्युकी एक बीमारी के बहुत सारे कारण हो सकते है जिनको पशु को देख कर ही पता लगाया जा सकता है जी बाकि आप बुक खरीद कर दवाई देख कर नज़दीकी डॉक्टर की सलाह भी जरूर ले जी
Posted by madan lal
Rajasthan
06-06-2019 05:16 PM
Punjab
06-14-2019 01:56 PM
मदन लाल जी आप अमरुद की किस्मे जैसे Allahbad Sufeda: यह दरमियाने कद की किस्म है जिसका बूटा गोलाकार होता है इसकी टहनियां फैली हुई होती हैं इसका फल नर्म और गोल आकार का होता है इसके गुद्दे का रंग सफेद होता है जिस में से आकर्षित खुशबू आती है इसमें टी एस एस की मात्रा 10 से 12 प्रतिशत होती है इसकी औसतन पैदावार 145 किलो प्रति वृक्.... (Read More)
मदन लाल जी आप अमरुद की किस्मे जैसे Allahbad Sufeda: यह दरमियाने कद की किस्म है जिसका बूटा गोलाकार होता है इसकी टहनियां फैली हुई होती हैं इसका फल नर्म और गोल आकार का होता है इसके गुद्दे का रंग सफेद होता है जिस में से आकर्षित खुशबू आती है इसमें टी एस एस की मात्रा 10 से 12 प्रतिशत होती है इसकी औसतन पैदावार 145 किलो प्रति वृक्ष होती है Sardar: इसे एल 49 के नाम से भी जाना जाता है यह छोटे कद वाली किस्म है, जिसकी टहनियां काफी घनी और फैली हुई होती हैं इसका फल बड़े आकार और बाहर से खुरदुरा जैसा होता है इसका गुद्दा क्रीम रंग का होता है खाने को यह नर्म, रसीला और स्वादिष्ट होता है इसमें टी एस एस की मात्रा 10 से 12 प्रतिशत होती है इसकी प्रति बूटा पैदावार 130 से 155 किलोग्राम तक होती है Lalit: यह किस्म सैंट्रल इंस्टीट्यूट फॉर सबट्रोपीकल हॉर्टीकल्चर द्वारा जारी की गई है इसके अंदर का गुद्दा गुलाबी रंग का और बाहर का छिल्का केसरी रंग का होता है यह किस्म किस्म से 24 प्रतिशत अधिक उपज देती है यह किस्म खाने और अन्य उत्पाद बनाने के लिए उपयुक्त किस्म है इंस्टीट्यूट द्वारा इस पौधे को कम कीमतों पर उपलब्ध करवाया जा रहा है CISH-G-1: इस किस्म का गहरा लाल रंग का फल होता है, जो कि खाने में मीठा होता है इस किस्म के फल आकर्षित होते हैं जिनके बीज नर्म होते हैं यह किस्म निर्यात उद्देश्यों के लिए उपयुक्त किस्म है
Posted by madan lal
Rajasthan
06-06-2019 05:10 PM
Punjab
06-14-2019 01:57 PM
madan lala ji aap narme ki fasl ko badiya growth ke liye bijai ke ek mahina bad pani lgaye aur khaad ki sahi matra daale.
Posted by vikas patidar
Rajasthan
06-06-2019 05:06 PM
Punjab
06-06-2019 05:11 PM
Yeh aap 5-7 din lagatr de skte hai, iski 1-1 goli subah sham de skte hai.
Posted by vikas patidar
Rajasthan
06-06-2019 05:04 PM
Punjab
06-06-2019 05:11 PM
Yeh app 5-7 din lagatr de skte hai, iski 1-1 goli subah sham de skte hai.
Posted by varinder singh jammu
Punjab
06-06-2019 04:55 PM
Punjab
06-14-2019 01:59 PM
ਵਰਿੰਦਰ ਜੀ ਕਿਰਪਾ ਕਰਕੇ ਸਵਾਲ ਵਿਸਤਾਰ ਨਾਲ ਪੁਛੋ ਕੇ ਤੁਸੀ ਗੰਢਿਆਂ ਨੂੰ ਸਟੋਰ ਵਿਚ ਸੰਭਾਲ ਕੇ ਰੱਖਣਾ ਹੈ ਜਾ ਘਰ ਤਾ ਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਉਸਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by vimalesh rathaur
Uttar Pradesh
06-06-2019 04:53 PM
Punjab
06-14-2019 02:03 PM
विमलेश जी कृपया बताये के आपने इसमें क्या क्या खाद डाली है ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद
Posted by Umesh tiwari
Uttar Pradesh
06-06-2019 04:35 PM
Punjab
06-14-2019 02:04 PM
umesh ji aap ganne ke uper NPK 19:19:19@1 killo ko 150 litre pani men mial kar spray karen.dhanywad
Posted by raman
Uttar Pradesh
06-06-2019 04:32 PM
Punjab
06-14-2019 02:09 PM
रमन जी यह कीट का हमला है इसकी रोकथाम के लिए राइनैक्सीपाइर 20 एस.सी 150 मि.ली. प्रति एकड़ 350-400 लीटर पानी में डाल कर अप्रैल के अंत या मई के पहले सप्ताह मिट्टी में डालें मिट्टी में निकास की उचित व्यवस्था रखें क्योंकि जल जमाव से गोभ के कीड़े का हमला बढ़ता है
Posted by Davinder singh
Punjab
06-06-2019 04:16 PM
Punjab
06-14-2019 02:10 PM
davinder ji kirpa karke daso ke paniri kine dina di hai ta jo tuhanu osd ehisab nal jankari diti ja sake.dhanwad
Posted by Gurpreet Singh
Punjab
06-06-2019 04:14 PM
Punjab
06-06-2019 10:00 PM
गुरप्रीत जी यदि पनीरी 15—20 दिन की है तो जड़ों में नदीनों की रोकथाम के लिए Cartap @1 kg प्रति कनाल डालें
Posted by ਕਰਮਜੀਤ ਸਿੰਘ
Punjab
06-06-2019 04:14 PM
Punjab
06-06-2019 04:53 PM
ਕਰਮਜੀਤ ਸਿੰਘ ਜੀ ਪੰਜਾਬ ਸਰਕਾਰ ਵੱਲੋਂ 13 ਜੂਨ ਤੋਂ ਝੋਨਾ ਲਾਉਣ ਸੰਬੰਧੀ ਨੋਟੀਫੀਕੇਸ਼ਨ ਅੱਜ ਜਾਰੀ ਕਰ ਦਿੱਤਾ ਗਿਆ ਹੈ
Posted by atwari hembram
Jharkhand
06-06-2019 04:10 PM
Punjab
06-07-2019 05:33 PM
सूर पालन का काम भी ट्रेनिंग से बिना न शुरू करें, शुरू करने से पहले आप किसी सफल सुअर पालक के फार्म पर खुद जाकर बाकी शैड बनाने के लिए फार्म पर जाकर खुद समझना पड़ेगा क्योंकि यह अलग अलग जगह के हिसाब से सैट करना पड़ता है सफल सुअर पाल के तजुर्बे के अनुसार एक सुअरी एक वर्ष में 2—2.5 बार बच्चे देती है पहले ब्यांत में 6—7 बच.... (Read More)
सूर पालन का काम भी ट्रेनिंग से बिना न शुरू करें, शुरू करने से पहले आप किसी सफल सुअर पालक के फार्म पर खुद जाकर बाकी शैड बनाने के लिए फार्म पर जाकर खुद समझना पड़ेगा क्योंकि यह अलग अलग जगह के हिसाब से सैट करना पड़ता है सफल सुअर पाल के तजुर्बे के अनुसार एक सुअरी एक वर्ष में 2—2.5 बार बच्चे देती है पहले ब्यांत में 6—7 बच्चे देती है और दूसरे ब्यांत में 10—14 बच्चे देती है यदि आप सुअर मीट के लिए तैयार कर रहे हैं तो एक सुअर 7—8 महीनों में लगभग 1 क्विंटल का हो जाता है और उससे 100 रूपये प्रति किलो के हिसाब से बिमक जाता है और गाभिन सुअरी 150—200 रूपये प्रति किलो के हिसाब से बेची जाती है सुअरों की मार्किटिंग की भी कोई दिक्कत नहीं हैक्योंकि व्यापारी खुद फार्म से आकर सुअर ले जाते हैं उसके बाद फीड सही खिलाकर उन्हें आगे बेच देना बाकी लोन के लिए ट्रेनिंग स्र्टीफिकेट तो जरूरी है ही पर सिर्फ स्र्टीफिकेट ही नहीं और भी कागज़ों की जरूरत पड़ेगी क्योंकि यह सारा कुछ बैंकों पर निर्भर करता है कि बैंक को लोन पास करने के लिए कौन से दस्तावेज चाहिए यह अलग अलग बैंकों के अनुसार कम ज्यादा हो सकता है क्योंकि कोई बैंक कैसे वैरीफिकेशन करता है कोई कैसे पांच सुअरी गाभिन 10—11 महीनों के बाद पहली इनकम आती है और लगभग एक सुअरी 3500 रूपये महीने की इनकम आती है,इस तरह आप सुअर पालन का काम शुरू कर सकते है
Posted by gurjot bajwa
Punjab
06-06-2019 04:05 PM
Punjab
06-06-2019 04:07 PM
Gurjot ji tuci uss nu pett de kiria lai Flukarid-ds bolus de skde ho, ehh gaban pashua lai safe deworming goli hai .
Posted by ashok tiwari
Madhya Pradesh
06-06-2019 04:04 PM
Punjab
06-14-2019 02:12 PM
ashok ji kirpya aap apna swal vistar se pooche ke aap konse paudhe ki baat kar rahe hai taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake.dhanywad
Posted by Gurpreet Singh
Punjab
06-06-2019 04:03 PM
Punjab
06-06-2019 10:01 PM
धान वाले खेत का कदू करने के समय आप जिंक का छिड़काव दे सकते है या फिर धान लगाकर भी जिंक डाल सकते है आप जिंक 33 प्रतिशत वाली 10 किलो प्रति एकड़ डाल सकते है
Posted by Tarny Sidhu
Punjab
06-06-2019 03:57 PM
Punjab
06-08-2019 05:37 PM
ਡੰਗਰ ਡਾਕਟਰ ਦੇ ਕੋਰਸ ਲਈ +2 ਮੈਡੀਕਲ ਸਬਜੈਕਟ ਨਾਲ ਪਾਸ ਕੀਤੀ ਹੋਣੀ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਉਸ ਤੋ ਬਾਅਦ ਬਾਦਲ ਪਿੰਡ ਕੋਲ ਕਾਲ ਝਰਾਣੀ ਵਿੱਚ ਇਸ ਦੇ ਡਿਪਲੋਮੇ ਲਈ ਕਾਲਜ ਬਣਿਆ ਹੋਇਆ ਹੈ ਉੱਥੇ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲਈ ਤੁਸੀ ਪਤਾ ਕਰੋ ਜਾਂ ਫਿਰ ਇਸ ਲਈ ਡਿਗਰੀ ਲਈ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਲੁਧਿਆਣਾ ਵਿੱਚ ਵੀ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲਈ ਪਤਾ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ ਪਰ ਇਸ ਸਾਲ ਦੀਆ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲੁਧਿਆਣਾ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਵਿੱਚ .... (Read More)
ਡੰਗਰ ਡਾਕਟਰ ਦੇ ਕੋਰਸ ਲਈ +2 ਮੈਡੀਕਲ ਸਬਜੈਕਟ ਨਾਲ ਪਾਸ ਕੀਤੀ ਹੋਣੀ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਉਸ ਤੋ ਬਾਅਦ ਬਾਦਲ ਪਿੰਡ ਕੋਲ ਕਾਲ ਝਰਾਣੀ ਵਿੱਚ ਇਸ ਦੇ ਡਿਪਲੋਮੇ ਲਈ ਕਾਲਜ ਬਣਿਆ ਹੋਇਆ ਹੈ ਉੱਥੇ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲਈ ਤੁਸੀ ਪਤਾ ਕਰੋ ਜਾਂ ਫਿਰ ਇਸ ਲਈ ਡਿਗਰੀ ਲਈ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਲੁਧਿਆਣਾ ਵਿੱਚ ਵੀ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲਈ ਪਤਾ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋ ਪਰ ਇਸ ਸਾਲ ਦੀਆ ਐਡਮਿਸ਼ਨ ਲੁਧਿਆਣਾ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਵਿੱਚ ਖਤਮ ਹੋ ਗਈਆ ਹੋਣਗੀਆ ਜੀ, ਤੁਸੀ ਕਾਲ ਝਰਾਣੀ ਕਾਲਜ ਵਿੱਚ ਪਤਾ ਕਰੋ
Posted by udyasingh
Madhya Pradesh
06-06-2019 03:55 PM
Punjab
06-14-2019 02:06 PM
मक्का की बिजाई 15 से 30 जून तक की जाती है धन्यवाद
Posted by Dalpat mali
Gujarat
06-06-2019 03:40 PM
Punjab
06-14-2019 03:47 PM
dalpati ji yeh fungus aur tatv ki kami ke karn ho raha hai iski roktham ke liye aap M-45@4gm aur NPK 191919 @ 7 gram ko prtai litr epani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by sukhdeep singh
Punjab
06-06-2019 03:36 PM
Punjab
06-07-2019 07:24 PM
ਮੌਸਮ ਵਿਭਾਗ ਅਨੁਸਾਰ ਮਾਨਸੂਨ ਪੌਣਾ ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਅੱਧ ਜੁਲਾਈ ਤੱਕ ਪਹੁਚਣ ਦਾ ਅਨੁਮਾਨ ਹੈ ,ਕਿਉਕੀ 15 ਕੁ ਦਿਨ ਲੇਟ ਹੈ ਜੀ
Posted by Balkaran singh
Punjab
06-06-2019 03:29 PM
Punjab
06-06-2019 04:40 PM
ਤੁਸੀ ਉਸ ਨੂੰ Calcimust gold liquid 50ml ਰੋਜਾਨਾ ਅਤੇ Stay projen ਪਾਊਡਰ 50 ਗ੍ਰਾਮ ਰੋਜਾਨਾ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ.
Posted by Raj Kumar
Uttar Pradesh
06-06-2019 03:27 PM
Punjab
06-06-2019 04:54 PM
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए # जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) # जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फा.... (Read More)
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए # जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) # जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फाउंडर )- 9711858258
Posted by amritpal singh
Punjab
06-06-2019 03:25 PM
Punjab
06-06-2019 03:28 PM
ਪਸ਼ੂ ਦਾ ਦੁੱਧ ਉਸਦੀ ਨਸਲ ਤੇ ਨਿਰਭਰ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਜੇਕਰ ਨਸਲ ਵਧਿਆ ਹੈ ਤਾਂ ਦੁੱਧ ਵੀ ਵੱਧ ਹੋਵੇਗੀ , ਬਾਕੀ ਖੁਰਾਕ , ਪਸ਼ੂ ਦੇ ਰਹਿਣ ਸਹਿਣ , ਟਾਈਮ ਟਾਈਮ ਤੇ ਡੇਵਰਮਿੰਗ ਕਰਵਾਉਣਾ , ਇਹਨਾਂ ਸਭ ਗੱਲਾਂ ਦਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ Anabolite liquid 100ml ਰੋਜ , Milkout ਪਾਊਡਰ ਦੇ 2-2 ਚਮਚ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦਿਓ , ਇਸਦਾ ਵੀ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਵਿਚ ਵਧਿਆ ਰਿਜਲਟ ਹੈ ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ ਖੁਰਾਕ ਦਾ ਪੂਰਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖ.... (Read More)
ਪਸ਼ੂ ਦਾ ਦੁੱਧ ਉਸਦੀ ਨਸਲ ਤੇ ਨਿਰਭਰ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਜੇਕਰ ਨਸਲ ਵਧਿਆ ਹੈ ਤਾਂ ਦੁੱਧ ਵੀ ਵੱਧ ਹੋਵੇਗੀ , ਬਾਕੀ ਖੁਰਾਕ , ਪਸ਼ੂ ਦੇ ਰਹਿਣ ਸਹਿਣ , ਟਾਈਮ ਟਾਈਮ ਤੇ ਡੇਵਰਮਿੰਗ ਕਰਵਾਉਣਾ , ਇਹਨਾਂ ਸਭ ਗੱਲਾਂ ਦਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ Anabolite liquid 100ml ਰੋਜ , Milkout ਪਾਊਡਰ ਦੇ 2-2 ਚਮਚ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦਿਓ , ਇਸਦਾ ਵੀ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਵਿਚ ਵਧਿਆ ਰਿਜਲਟ ਹੈ ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ ਖੁਰਾਕ ਦਾ ਪੂਰਾ ਧਿਆਨ ਰੱਖੋ.
Posted by amritpal singh
Punjab
06-06-2019 03:19 PM
Punjab
06-06-2019 03:35 PM
धान की बिजाई 13 जून से की जाएगी
Posted by Raj Kumar
Uttar Pradesh
06-06-2019 03:18 PM
Punjab
06-06-2019 04:55 PM
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फाउं.... (Read More)
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फाउंडर )- 9711858258
Posted by Deepak kumar
Haryana
06-06-2019 03:14 PM
Punjab
06-14-2019 02:13 PM
दीपक जी यह chelated zinc है इसकी स्प्रे पौधे पीले होने पर की जाती है क्युकी यह एक तत्व है जिसकी कमी होने पर पौध ग्रोथ नहीं करती इसकी मात्रा एक एकड़ में 200 ग्राम को प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे की जाती है धन्यवाद
Posted by gavesh sahu
Chattisgarh
06-06-2019 03:11 PM
Punjab
06-06-2019 04:57 PM
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फाउं.... (Read More)
ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र जून और जुलाई महीने में 3 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए जून - 22,23,24 (प्रशिक्षण की तारीख ) जुलाई - 20,21,22 (प्रशिक्षण की तारीख ) अचल सिंह (फाउंडर )- 9711858258
Posted by amritpal singh
Punjab
06-06-2019 03:08 PM
Punjab
06-06-2019 04:16 PM
amritpal singh ji hanji Haryana da farmer v dairy di training le sakda hai ji. es layi training lain wale farmer nu ik application likhni pavegi ke jis vich likhana hovega ke mai es pind da vasneek ha te inni der to ithe reh reha ha te menu training diti jave. es application te panchayet de sighn karvone penge ji. fir training la sakda hai ji.
Posted by GURLAL SINGH GILL
Punjab
06-06-2019 03:06 PM
Punjab
06-07-2019 01:49 PM
Narme vich 12.32.16 khaad di jgah DAP 25 kg per acre and potash @25 kg per acre pao.
Posted by Balkaran singh
Punjab
06-06-2019 02:58 PM
Punjab
06-06-2019 03:30 PM
ਬਲਕਰਨ ਜੀ ਤੁਹਾਡੇ ਵਲੋਂ ਭੇਜੀ ਗਈ ਫੋਟੋ ਅੱਪਲੋਡ ਨਹੀਂ ਹੋਈ ਹੈ, ਕਿਰਪਾ ਕਰਕੇ ਫੋਟੋ ਦੁਬਾਰਾ ਅੱਪਲੋਡ ਕਰੋ ਤਾਂ ਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਸਹੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ ..
Posted by ਅਮਰਬੀਰ ਸਿੰਘ
Punjab
06-06-2019 02:33 PM
Punjab
06-14-2019 03:56 PM
amarbeer ji eh growth promotor hai jo fasl di growth kraun de vich madad karda hai.isdi matra 3 killo prati acre d ehisab nal varti jandi hai. isnu jhona jado mukh khet vich lagda hai odo paya janda hai.dhanwad
Posted by ਅਮਰਬੀਰ ਸਿੰਘ
Punjab
06-06-2019 02:22 PM
Punjab
06-06-2019 02:29 PM
Amarbir Singh g Jhone nu DAP paaun di koi jroorat Nahi g kiuki j Tusi Knk di ha pishli jihri v fsl Tusi biji c us fsl nu DAP di poori dose paai hai ta Fer jhone nu paaun dibkoi lorh ni. Jyada DAP naal jmeen ch Zinc di ghaat aa jaandi . 33% Zinc Tusi 16.5 kilo per acre paao
Posted by jaspreet singh
Punjab
06-06-2019 02:15 PM
Punjab
06-07-2019 05:52 AM
Nhi ji es da koi nuksan nhi par es nall Avil 10ml jrorr lao ji es nall reactions da bilkul v khtra nhi rehanda
Posted by Gagan chahal
Punjab
06-06-2019 02:14 PM
Maharashtra
06-07-2019 05:33 PM
gagan chahl ji kirpa karke isdi poori photo bhejo ta jo tuhanu is bare poori jankari diti ja sake.dhanwad
Posted by Ravi Jain
Punjab
06-06-2019 02:13 PM
Punjab
06-07-2019 05:40 PM
ਹਾਂਜੀ ਲੀਚੀ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਵਿਚ ਉਗਾਇਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਇਸ ਨੂੰ ਮਿੱਟੀ ਦੀਆਂ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਕਿਸਮਾਂ ਵਿਚ ਉਗਾਇਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਲੀਚੀ ਦੀ ਪੈਦਾਵਾਰ ਲਈ ਡੂੰਘੀ ਪਰਤ ਵਾਲੀ, ਉਪਜਾਊ, ਚੰਗੇ ਨਿਕਾਸ ਵਾਲੀ ਅਤੇ ਦਰਮਿਆਨੀ ਰਚਨਾ ਵਾਲੀ ਮਿੱਟੀ ਢੁਕਵੀਂ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਮਿੱਟੀ ਦੀ pH 7.5 ਤੋਂ 8 ਦੇ ਵਿਚਕਾਰ ਹੋਣੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਜ਼ਿਆਦਾ pH ਅਤੇ ਲੂਣ ਵਾਲੀ ਮਿੱਟੀ ਲੀਚੀ ਦੀ ਫ਼ਸਲ ਲਈ ਚੰਗੀ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ Calcuttia :ਇਸ ਕਿਸ.... (Read More)
ਹਾਂਜੀ ਲੀਚੀ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਵਿਚ ਉਗਾਇਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਇਸ ਨੂੰ ਮਿੱਟੀ ਦੀਆਂ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਕਿਸਮਾਂ ਵਿਚ ਉਗਾਇਆ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਲੀਚੀ ਦੀ ਪੈਦਾਵਾਰ ਲਈ ਡੂੰਘੀ ਪਰਤ ਵਾਲੀ, ਉਪਜਾਊ, ਚੰਗੇ ਨਿਕਾਸ ਵਾਲੀ ਅਤੇ ਦਰਮਿਆਨੀ ਰਚਨਾ ਵਾਲੀ ਮਿੱਟੀ ਢੁਕਵੀਂ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਮਿੱਟੀ ਦੀ pH 7.5 ਤੋਂ 8 ਦੇ ਵਿਚਕਾਰ ਹੋਣੀ ਚਾਹੀਦੀ ਹੈ ਜ਼ਿਆਦਾ pH ਅਤੇ ਲੂਣ ਵਾਲੀ ਮਿੱਟੀ ਲੀਚੀ ਦੀ ਫ਼ਸਲ ਲਈ ਚੰਗੀ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ Calcuttia :ਇਸ ਕਿਸਮ ਦੇ ਫ਼ਲ ਵੱਡੇ ਅਤੇ ਆਕਰਿਸ਼ਕ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਇਸ ਦੀ ਤੁੜਾਈ ਜੂਨ ਦੇ ਤੀਜੇ ਹਫ਼ਤੇ ਦੌਰਾਨ ਕੀਤੀ ਜਾ ਸਕਦੀ ਹੈ ਇਸ ਕਿਸਮ ਤੇ ਫਲਾਂ ਦੇ ਸੰਘਣੇ ਗੁੱਛੇ ਲੱਗਦੇ ਹਨ ਇਸ ਦੀ ਗੁਣਵੱਤਾ ਵੀ ਵਧੀਆ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇਸ ਦੇ ਫ਼ਲ ਰਸਭਰੇ ਅਤੇ ਸਵਾਦੀ ਹੁੰਦੇ ਹਨ Dehradun: ਇਹ ਛੇਤੀ ਤਿਆਰ ਹੋਣ ਅਤੇ ਲਗਾਤਾਰ ਫ਼ਲ ਦੇਣ ਵਾਲੀ ਕਿਸਮ ਹੈ ਇਸ ਦੇ ਫ਼ਲ ਜੂਨ ਦੇ ਦੂਜੇ ਹਫ਼ਤੇ ਵਿਚ ਤੋੜੇ ਜਾ ਸਕਦੇ ਹਨ ਇਸ ਦੇ ਫ਼ਲ ਦਿਲਕਸ਼ ਰੰਗ ਵਾਲੇ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਪਰ ਇਹ ਬੜੀ ਛੇਤੀ ਤਰੇੜਾਂ ਛੱਡ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਇਸ ਦੇ ਫ਼ਲ ਮਿੱਠੇ, ਨਰਮ, ਰਸਭਰੇ ਅਤੇ ਬਹੁਤ ਸਵਾਦੀ ਹੁੰਦੇ ਹਨ Seedless Late :ਇਸ ਦਾ ਫ਼ਲ ਗੁੱਦੇ ਨਾਲ ਭਰਪੂਰ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਰੰਗ ਗੂੜਾ ਲਾਲ ਅਤੇ ਸਵਾਦ ਮਿੱਠਾ ਅਤੇ ਰਸ ਭਰਿਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਇਸ ਦੀ ਫ਼ਸਲ ਜੂਨ ਦੇ ਤੀਜੇ ਹਫ਼ਤੇ ਵਿਚ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਖੇਤ ਨੂੰ 2 ਵਾਰ ਤਿਰਸ਼ਾ ਵਾਹੋ ਅਤੇ ਫਿਰ ਸਮਤਲ ਕਰੋ ਖੇਤ ਨੂੰ ਇਸ ਤਰਾਂ ਤਿਆਰ ਕਰੋ ਕੇ ਉਸ ਦੇ ਵਿੱਚ ਪਾਣੀ ਨਹੀ ਖੜਾ ਰਹਿਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਇਸ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਮਾਨਸੂਨ ਤੋਂ ਤੁਰੰਤ ਬਾਅਦ ਅਗਸਤ -ਸਤੰਬਰ ਦੇ ਮਹੀਨੇ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਕਈ ਵਾਰ ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਇਸ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਨਵੰਬਰ ਮਹੀਨੇ ਤੱਕ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਇਸ ਦੀ ਬਿਜਾਈ ਲਈ ਦੋ ਸਾਲ ਪੁਰਾਣੇ ਪੌਦੇ ਚੁਣੇ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਬਿਜਾਈ ਲਈ ਵਰਗਾਕਾਰ ਢੰਗ ਲਈ ਕਤਾਰ ਤੋਂ ਕਤਾਰ ਦਾ ਫਾਸਲਾ 8-10 ਮੀਟਰ ਅਤੇ ਪੌਦੇ ਤੋਂ ਪੌਦੇ ਦਾ ਫਾਸਲਾ 8-10 ਮੀਟਰ ਰੱਖਿਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਕੁੱਝ ਦਿਨ ਪਹਿਲਾਂ 1 ਮੀਟਰ x 1 ਮੀਟਰ x 1 ਮੀਟਰ ਦੇ ਟੋਏ ਧੁੱਪ ਵਿੱਚ ਪੁੱਟੋ ਇਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਇਹਨਾਂ ਟੋਇਆਂ ਨੂੰ 20-25 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਗਲੀ ਸੜੀ ਰੂੜੀ ਦੀ ਖਾਦ ਨਾਲ ਭਰ ਦਿਓ 300 ਗ੍ਰਾਮ ਮਿਊਰੇਟ ਆਫ ਪੋਟਾਸ਼ ਅਤੇ 2 ਕਿਲੋਗ੍ਰਾਮ ਬੋਨ ਮੀਲ ਪਾਓ ਇਹਨਾਂ ਟੋਇਆ ਨੂੰ ਭਰਨ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਉੱਪਰ ਪਾਣੀ ਦਾ ਛਿੜਕਾਅ ਕਰ ਦਿਓ ਪੌਦੇ ਟੋਏ ਦੇ ਵਿਚਕਾਰ ਲਾਓ ਇਸ ਦੀ ਬਿਜਾਈ, ਸਿੱਧੇ ਬੀਜ ਲਗਾ ਕੇ ਅਤੇ ਪਨੀਰੀ ਲਗਾ ਕੇ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਵੱਡੇ ਪੱਧਰ ਤੇ ਲੀਚੀ ਉਗਾਉਣ ਲਈ ਏਅਰ ਲੇਅਰਿੰਗ ਤਰੀਕਾ ਅਪਣਾਇਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਬੀਜ ਬਣਾਉਣਾ ਇੱਕ ਅਸਾਨ ਤਰੀਕਾ ਨਹੀਂ ਹੈ ਇਸ ਕਿਰਿਆ ਲਈ ਪੌਦਾ ਲੰਬਾ ਸਮਾਂ ਲੈਂਦਾ ਹੈ ਏਅਰ ਲੇਅਰਿੰਗ ਲਈ ਪੌਦੇ ਦੀਆਂ ਟਹਿਣੀਆ ਕੀੜੇ ਅਤੇ ਬਿਮਾਰੀਆਂ ਰਹਿਤ ਹੋਣੀਆਂ ਚਾਹੀਦੀਆਂ ਹਨ ਜਿਨਾਂ ਦਾ ਵਿਆਸ 2-3 ਸੈ:ਮੀ: ਅਤੇ ਲੰਬਾਈ 30-60 ਸੈ:ਮੀ: ਹੋਵੇ ਚਾਕੂ ਦੀ ਮੱਦਦ ਨਾਲ ਟਹਿਣੀਆਂ ਦੇ ਉੱਪਰ 4 ਸੈ:ਮੀ:ਚੌੜਾ ਗੋਲ ਆਕਾਰ ਦਾ ਕੱਟ ਲਗਾਉ ਉਸ ਕੱਟ ਦੇ ਉੱਪਰ ਦੂਜੀ ਟਹਿਣੀ ਲਾ ਕੇ ਲਿਫਾਫੇ ਨਾਲ ਬੰਨ ਦਿਉ ਚਾਰ ਹਫਤਿਆਂ ਬਾਅਦ ਜੜਾਂ ਬਣਨੀਆਂ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਂਦੀਆਂ ਹਨ ਜਦੋ ਜੜਾਂ ਪੂਰੀ ਤਰਾਂ ਬਣ ਜਾਣ ਤਾਂ ਉਸ ਨੂੰ ਮੁੱਖ ਪੌਦੇ ਤੋਂ ਅਲੱਗ ਕਰ ਦਿਉ ਇਸ ਤੋਂ ਤੁਰੰਤ ਬਾਅਦ ਪੌਦੇ ਨੂੰ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਲਗਾ ਦਿਓ ਅਤੇ ਪਾਣੀ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰ ਦਿਓ ਏਅਰ ਲੇਅਰਿੰਗ ਅੱਧ ਜੁਲਾਈ ਤੋਂ ਸਤੰਬਰ ਮਹੀਨੇ ਵਿੱਚ ਕੀਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਸ਼ੁਰੁਆਤੀ ਸਮੇਂ ਵਿੱਚ ਪੌਦੇ ਨੂੰ ਵਧੀਆ ਆਕਾਰ ਦੇਣ ਲਈ ਕਟਾਈ ਕਰਨੀ ਜਰੂਰੂੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਲੀਚੀ ਦੇ ਪੌਦਿਆਂ ਲਈ ਛੰਗਾਈ ਦੀ ਜਿਆਦਾ ਜਰੂਰਤ ਨਹੀਂ ਹੁੰਦੀ ਫਲਾਂ ਦੀ ਕਟਾਈ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਨਵੀਆਂ ਟਹਿਣੀਆ ਲਿਆਉਣ ਲਈ ਹਲਕੀ ਛੰਗਾਈ ਕਰੋ ਨਵੇਂ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ ਗਰਮ ਅਤੇ ਠੰਡੀ ਹਵਾਂ ਤੋਂ ਬਚਾਉਣ ਲਈ ਲੀਚੀ ਦੇ ਪੌਦਿਆਂ ਦੇ ਆਲੇ- ਦੁਆਲੇ 4-5 ਸਾਲ ਦੇ ਹਵਾ ਰੋਧਕ ਦਰੱਖਤ ਲਗਾਉ ਜੰਤਰ ਦੀ ਫਸਲ ਲਗਾਉਣ ਨਾਲ ਫਰਵਰੀ ਦੇ ਮਹੀਨੇ ਵਿੱਚ ਇਸ ਤੋਂ ਬੀਜ ਵੀ ਪ੍ਰਾਪਤ ਕੀਤਾ ਜਾ ਸਕਦਾ ਹੈ ਲੀਚੀ ਦੇ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ ਤੇਜ਼ ਹਵਾਵਾਂ ਤੋਂ ਬਚਾਉਣ ਲਈ ਆਲੇ ਦੁਆਲੇ ਅੰਬ ਅਤੇ ਜਾਮੁਣ ਵਰਗੇ ਲੰਬੇ ਦਰੱਖਤ ਲਗਾਉ ਵਿਕਾਸ ਦੇ ਹਰ ਪੜਾਅ ਤੇ ਪਾਣੀ ਦੀ ਸਿੰਚਾਈ ਕਰੋਂ ਵਿਕਾਸ ਦੇ ਸ਼ੁਰੂਆਤੀ ਸਮੇਂ ਵਿੱਚ ਪਾਣੀ ਲਗਾਉਣਾ ਬਹੁਤ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਗਰਮੀਆਂ ਦੀ ਰੁੱਤ ਵਿੱਚ ਨਵੇਂ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ 1 ਹਫਤੇ ਵਿੱਚ 2 ਵਾਰ ਅਤੇ ਪੁਰਾਣੇ ਪੌਦਿਆਂ ਨੂੰ ਹਫਤੇ ਵਿੱਚ 1 ਵਾਰ ਪਾਣੀ ਦਿਓ ਖਾਦਾਂ ਪਾਉਣ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਇੱਕ ਸਿੰਚਾਈ ਜਰੂਰ ਕਰੋ ਫਸਲ ਨੂੰ ਕੋਰੇ ਤੋਂ ਬਚਾਉਣ ਲਈ ਨਵੰਬਰ ਦੇ ਅੰਤ ਅਤੇ ਦਸੰਬਰ ਦੇ ਪਹਿਲੇ ਹਫਤੇ ਪਾਣੀ ਦਿਉ ਫਲ ਬਣਨ ਦੇ ਸਮੇਂ ਸਿੰਚਾਈ ਬਹੁਤ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਇਸ ਪੜਾਅ ਤੇ ਹਫਤੇ ਵਿੱਚ 2 ਵਾਰ ਪਾਣੀ ਦਿਓ ਇਸ ਤਰਾਂ ਕਰਨ ਨਾਲ ਫਲ ਵਿੱਚ ਤਰੇੜਾ ਨਹੀਂ ਆਉਦੀਆਂ ਅਤੇ ਫਲ ਦਾ ਵਿਕਾਸ ਵਧੀਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ
Posted by suraj
Bihar
06-06-2019 02:03 PM
Punjab
06-07-2019 05:35 PM
सूरज जी फल को देखे बिना आपको इसकी किस्म के बारे में जानकारी दी जा सकती इसकी बिजाई मॉनसून के तुरंत बाद अगस्त सितंबर के महीने में की जाती है कई बार पंजाब में इसकी बिजाई नवंबर महीने तक की जाती है इसकी बिजाई के लिए दो साल पुराने पौधे चुने जाते हैं कुछ दिन पहले 1 मीटर x 1 मीटर x 1 मीटर के गड्ढे धूप में खोदें इसके बाद इन .... (Read More)
सूरज जी फल को देखे बिना आपको इसकी किस्म के बारे में जानकारी दी जा सकती इसकी बिजाई मॉनसून के तुरंत बाद अगस्त सितंबर के महीने में की जाती है कई बार पंजाब में इसकी बिजाई नवंबर महीने तक की जाती है इसकी बिजाई के लिए दो साल पुराने पौधे चुने जाते हैं कुछ दिन पहले 1 मीटर x 1 मीटर x 1 मीटर के गड्ढे धूप में खोदें इसके बाद इन गड्ढों को 20-25 किलोग्राम गली सड़ी रूड़ी की खाद के साथ भर दें 300 ग्राम म्यूरेट ऑफ पोटाश और 2 किलोग्राम बॉन मील डालें इन गड्ढों को भरने के बाद ऊपर से पानी का छिड़काव कर दें पौधे गड्ढों के बीच में लगाएं बिजाई के लिए वर्गाकार ढंग के लिए पंक्ति से पंक्ति का फासला 8-10 मीटर और पौधे से पौधे का फासला 8-10 मीटर रखा जाता है
Posted by azim khan
Uttar Pradesh
06-06-2019 02:00 PM
Punjab
06-14-2019 02:44 PM
आपके सभी सवालो का जवाब दिया जा चुका है आप अपने सवालों के जवाब एप में मेरे सवाल का क्लिक करके देख सकते हैं या फिर मेरी प्रोफाईल के नीचे अपने सवालों के जवाब देख कते हैं यदि आपकी कोई ओर समस्या है तो आप हैल्प लाईन नंबर : 97799-77641 पर संपर्क कर सकते हैं
Posted by khushwinder singh
Punjab
06-06-2019 01:51 PM
Punjab
06-07-2019 05:26 PM
ਖੁਸ਼ਵਿੰਦਰ ਜੀ ਕਿਰਪਾ ਕਰਕੇ ਦੱਸੋ ਕਿ ਇਹ ਦਿੱਕਤ ਸਾਰੀ ਫ਼ਸਲ ਵਿਚ ਹੈ ਜਾ ਇਕ ਤਰ ਵਿਚ ਅਤੇ ਇਹ ਦੱਸੋ ਕਿ ਤੁਸੀ ਇਸਦੇ ਵਿਚ ਕਿਹੜੀ ਕਿਹੜੀ ਖਾਦ ਪਾਈ ਹੈ ਤਾ ਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇਸ ਬਾਰੇ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by Dipansuh Mathnkar
Madhya Pradesh
06-06-2019 01:46 PM
Punjab
06-20-2019 03:32 PM
दिपांसुः जी मौसम विबाहग के अनुसार 23 जून के बाद से मानसून सक्रिय होने की सम्भावना है धन्यवाद
Posted by ਮਲਕੀਤ ਸਿੰਘ
Rajasthan
06-06-2019 01:36 PM
Punjab
07-04-2019 04:18 PM
ਮਲਕੀਤ ਜੀ ਇਸਨੂੰ ਕਟੇਲੀ ਦੇ ਨਾਮ ਨਾਲ ਵੀ ਜੰਞ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਜਿਸਨੂੰ english ਵਿਚ thorny nightshade ਵੀ ਕਹਿੰਦੇ ਹਨ ਇਸਦਾ ਕਾਹੜਾ ਪੇਟ ਦੀਆਂ ਬਿਮਾਰੀਆਂ ਨੂੰ ਠੀਕ ਕਰਦਾ ਹੈ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by Narinder singh
Punjab
06-06-2019 01:32 PM
Punjab
06-08-2019 05:52 PM
ਨਰਿੰਦਰ ਜੀ ਮੁਰਗੀਆਂ ਦੀਆਂ ਵਿਠਾਂ ਨੂੰ ਖੇਤ ਦੀ ਤਿਆਰੀ ਦੇ ਸਮੇ ਹੀ ਪਾਇਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਕਿਉਕਿ ਇਹ ਗਰਮ ਹੁੰਦੀਆਂ ਹਨ ਅਤੇ ਜੇਕਰ ਇਸਦੀ ਮਾਤਰਾ ਜ਼ਿਆਦਾ ਪੈ ਜਾਏ ਤਾ ਇਹ ਫ਼ਸਲ ਨੂੰ ਵੀ ਨੁਕਸਾਨ ਕਰਦੀ ਹੈ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by aman deep
Punjab
06-06-2019 01:28 PM
Punjab
06-20-2019 03:27 PM
Aman ji har dealer da lag alag rate hunda hai. tuhanu isde rate bare market vicho hi pta chalega.dhanwad
Posted by Balkaran singh
Punjab
06-06-2019 01:23 PM
Punjab
06-06-2019 01:47 PM
ਤੁਸੀ ਗਾਂ ਨੂੰ ਤੇਲ ਸੂਣ ਤੋਂ 20 ਦਿਨ ਬਾਦ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ, ਹੁਣ ਤੁਸੀ ਉਸ ਨੂੰ Anabolite liquid 10-10ml ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦਿਓ ਅਤੇ Metabolite ਪਾਊਡਰ ਦੀ ਰੋਜਾਨਾ 1 ਪੂੜੀ ਦਿਓ, ਇਹ ਤੁਸੀ ਇਸ ਨੂੰ ਸੂਣ ਤੋਂ ਬਾਦ ਵੀ ਦਿੰਦੇ ਰਹੋ, ਇਸ ਨਾਲ ਕਮਜ਼ੋਰੀ ਦੂਰ ਰਹੇਗੀ ਅਤੇ ਦੁੱਧ ਵਧਿਆ ਹੋਵੇਗਾ .
Posted by Hariom Singh
Uttar Pradesh
06-06-2019 01:18 PM
Punjab
06-07-2019 05:11 PM
सिंचित और कम बारानी वाले क्षेत्रों के लिए लगभग 41-50 किलो नाइट्रोजन (यूरिया 90-110 किलो), 30 किलो फासफोरस (एस एस पी 190 किलो) और 27 किलो पोटाश (म्यूरेट ऑफ पोटाश 45 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की आधी मात्रा और फासफोरस और पोटाश की पूरी मात्रा रोपाई के समय डालें बाकी बची नाइट्रोजन को दो भागों में बांटकर, नाइट्रोजन का 1/4 .... (Read More)
सिंचित और कम बारानी वाले क्षेत्रों के लिए लगभग 41-50 किलो नाइट्रोजन (यूरिया 90-110 किलो), 30 किलो फासफोरस (एस एस पी 190 किलो) और 27 किलो पोटाश (म्यूरेट ऑफ पोटाश 45 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की आधी मात्रा और फासफोरस और पोटाश की पूरी मात्रा रोपाई के समय डालें बाकी बची नाइट्रोजन को दो भागों में बांटकर, नाइट्रोजन का 1/4 हिस्सा शाखाएं निकलने के समय और 1/4 हिस्सा बालियां निकलने के समय डालें जल जमाव वाले क्षेत्रों में नाइट्रोजन 30-41 किलो (यूरिया 65-90 किलो) प्रति एकड़ में शुरूआती खुराक के तौर पर डालें कम बारानी क्षेत्रों के लिए नाइट्रोजन 23-32 किलो (यूरिया 52-70 किलो) और फासफोरस 16 किलो (एस एस पी 100 किलो) प्रति एकड़ में प्रयोग करें नाइट्रोजन की आधी मात्रा और फासफोरस की पूरी मात्रा रोपाई से पहले और बाकी बची नाइट्रोजन बालियां निकलने के समय डालें ऊंचे क्षेत्रों के लिए नाइट्रोजन 23 किलो (यूरिया 52 किलो), फासफोरस 12 किलो (एस एस पी 75 किलो) और पोटाश 12 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 20 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की आधी और फासफोरस और पोटाश की पूरी मात्रा बिजाई के तीन सप्ताह बाद डालें बाकी बची नाइट्रोजन को दो भागों में बांटे पहले भाग को बिजाई के 6 सप्ताह बाद और दूसरे भाग को बालियां निकलने के समय डालें
Posted by Ranjeet kumar
Punjab
06-06-2019 01:18 PM
Punjab
06-07-2019 05:10 PM
Ranjeet ji yeh ek nadeen nashak hai jo fasl ki bijai se pehle nadeeno ki roktham ke liye istemal kiya jata hai.iski matra 800ml se 1 litre tak spray ki jati hai.dhanywad
Posted by vikas patidar
Rajasthan
06-06-2019 01:09 PM
Punjab
06-06-2019 01:48 PM
Aap isko use kr skte hai, yeh pashu ka duudh utarne mai, usse passma dene mai aur dudh vdhane mai help krti hai.
Posted by ਮਾਹੀ
Punjab
06-06-2019 01:00 PM
Punjab
06-07-2019 05:07 PM
ਮਾਹੀ ਜੀ ਮੌਸਮ ਵਿਭਾਗ ਦੇ ਅਨੁਸਾਰ ਇਸ ਹਫਤੇ ਮੌਸਮ ਸਾਫ ਹੈ ਅਤੇ ਮੀਹ ਪੈਣ ਦੀ ਸੰਭਾਵਨਾ ਨਹੀਂ ਹੈ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by shiva
Uttar Pradesh
06-06-2019 12:59 PM
Punjab
06-06-2019 04:30 PM
Shiva ji is app kheti or kheti se judi hui problems ke solution ke liye kaam karta hai ji. isliye jo aapke dost ki problam hai iske liye aap kisi skin specialist ko mile kyuki iske bohat sare karan ho sakte hai ji. or puri case history ki bhi jarurat padegi. isliye aap nazdiki skin specialist doctor se mile ji. dhaneyawad.
Posted by shiva
Uttar Pradesh
06-06-2019 12:58 PM
Punjab
06-06-2019 04:26 PM
शिवा जी इन दिनों में गर्मी जयादा है जी इसलिए अब 2 महीने तक कोई भी नए पौधे ना लगाए जाये , जो पहले लगे है उनको पानी दिया जाये जब तापमान 41 डिग्री से ऊपर हो तब पौधे गर्मी के कारण मुरझा जाते हैं और इनका विकास अच्छे से नहीं हो पाता l