Experts Q&A Search

Posted by Sukhdev singh
Uttar Pradesh
23-01-2020 04:56 PM
Punjab
01-28-2020 09:39 PM
आप उसे Fatplus पाउडर 50 ग्राम या Fatmax पाउडर 50 ग्राम और glactogog पाउडर 50—50 ग्राम सुबह शाम दें, आप उसे अच्छी फीड के साथ एक किलो सरसों की खल, 1 किलो बिनौला खल सुबह शाम दें , 20 ग्राम मीठा सोडा रोजाना एक बार दें इससे फर्क पड़ जाएगा..
Posted by राजन गुर्जर
Madhya Pradesh
23-01-2020 04:44 PM
Punjab
01-23-2020 04:50 PM
राजन जी इसके कई कारण है यह फंगस के कारण भी हो जाता है और इसके इलावा यह तत्व की कमी के कारण भी होता है कृपया आप इसकी फोटो भेजे ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद
Posted by amit kumar
Uttar Pradesh
23-01-2020 04:41 PM
Punjab
01-23-2020 05:02 PM
बैंगन के बीज 3 मीटर लंबे, 1 मीटर चौड़े और 15 सैं.मी. ऊंचे बैडों पर बोये जाते हैं पहले बैडों में बढ़िया रूड़ी की खाद डालें फिर बिजाई से दो दिन पहले कप्तान का घोल डालें ताकि जो नर्सरी बैडों में पौधों को नष्ट होने से बचाया जा सके फिर 5 सैं.मी. के फासले पर बिजाई करके बैडों को गली हुई खाद या सूखे पत्तों से ढक दिया जाता है हल.... (Read More)
बैंगन के बीज 3 मीटर लंबे, 1 मीटर चौड़े और 15 सैं.मी. ऊंचे बैडों पर बोये जाते हैं पहले बैडों में बढ़िया रूड़ी की खाद डालें फिर बिजाई से दो दिन पहले कप्तान का घोल डालें ताकि जो नर्सरी बैडों में पौधों को नष्ट होने से बचाया जा सके फिर 5 सैं.मी. के फासले पर बिजाई करके बैडों को गली हुई खाद या सूखे पत्तों से ढक दिया जाता है हल्की सिंचाई करें पौधों के अंकुरन तक बैडों को काले रंग की पॉलीथीन शीट या पराली से ढक दें तंदरूस्त पौधे जिनके 3-4 पत्ते निकलें हों और कद 12-15 सैं.मी. हो, खेत में पनीरी लगाने के लिए तैयार होते हैं खेत में पनीरी शाम के समय ही लगाएं और पनीरी लगाने के बाद हल्की सिंचाई करें
Posted by manjot singh
Punjab
23-01-2020 04:39 PM
Punjab
01-23-2020 04:52 PM
manjot ji eh thand de karn ho jande han hun jive hi mausam thik hunda hai barseem v vadia growth kar dinda hai.dhanwad
Posted by s.k
Uttar Pradesh
23-01-2020 04:38 PM
Punjab
01-23-2020 05:11 PM
अगर गेंहू में चौड़े पत्ते वाले खरपतवार है तो आप 2 ,4 D @250ml की प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें अगर बारीक पत्ते वाले नदीन है तो TOPIK@160GM या AXIAL@400ML या PUMA POWER@400ML या LEADER@13GM या SAFAL@13GM या UPL SHAGUN 21-11@200gm को प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें धन्यवाद
Posted by s.k
Uttar Pradesh
23-01-2020 04:36 PM
Punjab
01-23-2020 05:12 PM
अगर गेंहू में चौड़े पत्ते वाले खरपतवार है तो आप 2 ,4 D @250ml की प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें अगर बारीक पत्ते वाले नदीन है तो TOPIK@160GM या AXIAL@400ML या PUMA POWER@400ML या LEADER@13GM या SAFAL@13GM या UPL SHAGUN 21-11@200gm को प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें धन्यवाद
Posted by ਮਨਜਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਧਾਲੀਵਾਲ
Punjab
23-01-2020 04:33 PM
Punjab
01-23-2020 05:17 PM
Manjinder ji tuc mitti ate oani da test najdiki krishi vigyan kendra malwal vikhe maujood hai otho karva sakde ho ate kirpa karke daso ke tuc kehdi fasl di baghbani karna chahunde ho ta jo tuhanu is bare poori jankari diti ja sake,dhanwad
Posted by sonu datt
Haryana
23-01-2020 04:31 PM
Punjab
01-23-2020 05:20 PM
Sonu ji abhi aap iske uper NPK 130045@1 kilo ko 150 litre pani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by sahota
Punjab
23-01-2020 04:40 PM
Punjab
01-24-2020 03:38 PM
sahota ji eh feed suppliment hai ji. eh powder de sakde ho te vadiya khurak deyo ji. fat vad sakdi hai ji.
Posted by राम निहाल यादव
Uttar Pradesh
23-01-2020 04:26 PM
Chandigarh
01-24-2020 04:38 PM
मिर्च रेतली से भारी चिकनी हर तरह की मिट्टी में उगाई जा सकती है अच्छे विकास के लिए हल्की उपजाऊ और पानी के अच्छे निकास वाली ज़मीन जिसमे नमी सोखने की क्षमता हो, इसके लिए अनुकूल होती है हल्की ज़मीनें भारी ज़मीनों के मुकाबले अच्छी क्वालिटी की पैदावार देती हैं मिर्च के अच्छे विकास के लिए ज़मीन की pH 6-7 अनुकूल है निम्न.... (Read More)
मिर्च रेतली से भारी चिकनी हर तरह की मिट्टी में उगाई जा सकती है अच्छे विकास के लिए हल्की उपजाऊ और पानी के अच्छे निकास वाली ज़मीन जिसमे नमी सोखने की क्षमता हो, इसके लिए अनुकूल होती है हल्की ज़मीनें भारी ज़मीनों के मुकाबले अच्छी क्वालिटी की पैदावार देती हैं मिर्च के अच्छे विकास के लिए ज़मीन की pH 6-7 अनुकूल है निम्नलिखित किस्में उत्तर प्रदेश में लगाने के लिए उपयुक्त हैं: Arka Meghana: यह हाइब्रिड किस्म अधिक पैदावार वाली और पत्तों के धब्बे रोग की प्रतिरोधक है इसके फलों की लंबाई 10.6 सैं.मी. और चौड़ाई 1.2 सैं.मी. होती है इसके फल शरू में गहरे हरे और पकने के बाद लाल हो जाते हैं इसकी औसतन पैदावार 135 क्विंटल (हरी मिर्चें) और 20 क्विंटल (सूखी मिर्चें) प्रति एकड़ है Arka Sweta: यह हाइब्रिड किस्म अधिक पैदावार वाली और ताज़ा मंडी में बेचनेयोग्य है यह सिंचित स्थितियों में खरीफ और रबी दोनों में उगाई जा सकती है इसके फल की लंबाई 11-12 सैं.मी. चौड़ाई 1.2-1.5 सैं.मी. होती है इसके फल नर्म और दरमियाने कड़वे होते हैं फल शुरू में हल्के हरे और पकने के बाद लाल हो जाते हैं यह विषाणुओं को सहनयोग्य किस्म है इसकी औसतन पैदावार 130 क्विंटल (हरी मिर्चें) और 20 क्विंटल (सूखी मिर्चें) प्रति एकड़ है Kashi Early: इस किस्म के पौधे का कद लंबा (100-110 सैं.मी.) होता है इसका तना हल्के हरे रंग का बिना टहनियों वाला होता है इसके फल कड़वे, लंबे (8-9x1.0-1.2 सैं.मी.), आकर्षिक, शरू में गहरे हरे जो पकने के बाद चमकीले लाल हो जाते हैं इस किस्म के हरी मिर्च की पहली तुड़ाई पनीरी लगाने के 45 दिन बाद की जा सकती है इसकी औसतन पैदावार 100 क्विंटल (पकी हुई लाल) होती है Kashi Surkh: इस किस्म के पौधे छोटे कद के होते हैं, जिनका तना टहनियों वाला होता है इसके फल हल्के हरे, सीधे, लंबे 11-12 सैं.मी. होते हैं यह हरी और लाल दोनों तरह की मिर्चें उगाने योग्य किस्म है इसकी पहली तुड़ाई पनीरी लगाने के 55 दिनों के बाद की जा सकती है इसमें हरी मिर्च की औसतन पैदावार 100 क्विंटल प्रति एकड़ है Kashi Anmol: इस किस्म के पौधे दरमियाने कद के (60-70 सैं.मी.) होते हैं, जिनका तना टहनियों वाला होता है और यह आकर्षिक, हरे, कड़वे फल पैदा करता है इसकी पहली तुड़ाई पनीरी लगाने के 55 दिनों के बाद की जा सकती है इसकी औसतन पैदावार 80 क्विंटल प्रति एकड़ होती है Pant C-1: यह किस्म अन्य किस्मों से आसानी से अलग है क्योंकि इसके फल की फलियां सीधी होती हैं इसके फल अत्याधिक तीखे, आकार में छोटे, आधार चौड़ा और सिरा पतला होता है यह किस्म चितकबरा और पत्ता मरोड़ रोग की कुछ हद तक प्रतिरोधक है इस किस्म की हरी फलियों की औसतन पैदावार 110 क्विंटल प्रति एकड़ होती है सूखी फलियों की पैदावार 20 क्विंटल प्रति एकड़ होती है Kashmir Chilly : यह किस्म लंबी और गुद्दे वाली गहरे लाल रंग की होती है यह सर्दियों में खेती के लिए उपयुक्त है Hot Portugal: इसके फल गहरे हरे रंग के होते हैं लेकिन पकने पर लाल रंग के हो जाते हैं इसके फल 11-15 सैं.मी. लंबे होते हैं और औसतन पैदावार 40-50 क्विंटल प्रति एकड़ होती है Soorajmukhi: इस किस्म का पौधा छोटा, फल गहरे रंग के, पकने पर लाल रंग के और स्वाद में अत्याधिक कड़वे होते हैं एक गुच्छे में 8-12 फल होते हैं इसकी औसतन पैदावार 31-40 क्विंटल प्रति एकड़ होती है Sweet Banana: फल हल्के पीले रंग के होते हैं जो पकने पर लाल रंग के हो जाते हैं इसके फल 18-20 सैं.मी. लंबे होते हैं और स्वाद में अत्याधिक कड़वे होते हैं इसकी औसतन पैदावार 40 क्विंटल प्रति एकड़ होती है Hungarian Wax: फल पकने पर लाल रंग के हो जाते हैं, 10-16 सैं.मी. लंबे और स्वाद में थोड़े कड़वे होते हैं इसकी औसतन पैदावार 31-33 क्विंटल प्रति एकड़ होती है खेत को तैयार करने के लिए 2-3 बार जोताई करें और प्रत्येक जोताई के बाद डलियों को तोड़ें बिजाई से 15-20 दिन पहले रूड़ी की खाद 150-200 क्विंटल प्रति एकड़ डालकर मिट्टी में अच्छी तरह मिला दें टमाटर और मिर्च की खेती एक ही या नज़दीक वाले खेत में ना करें, क्योंकि दोनों की बीमारियां एक जैसी होती हैं और इस कारण एंथ्राक्नोस और बैक्टीरिया वाली बीमारीयों के बढ़ने का खतरा बढ़ जाता है मिर्च की खेती पूरे वर्ष की जाती है खरीफ की फसल के लिए मई-जून और गर्मियों की फसल के लिए फरवरी - मार्च का समय मिर्च की रोपाई के लिए उपयुक्त होता है खरीफ के मौसम में 60-75 सैं.मी. x 45 सैं.मी. और सिंचित क्षेत्रों में 60 x 60 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें नर्सरी में बीजों को 3-5 सैं.मी. की गहराई में बोयें और फिर मिट्टी से ढक दें किस्मों के लिए 200 ग्राम बीज और हाइब्रिड के लिए 80-100 ग्राम बीज प्रति एकड़ में प्रयोग करें बारानी क्षेत्रों के लिए, नाइट्रोजन 50 किलो (110 किलो यूरिया), फासफोरस 16 किलो (सिंगल सुपर फासफेट 100 किलो) और पोटाश 20 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 35 किलो) प्रति एकड़ डालें नाइट्रोजन की आधी मात्रा, फासफोरस और पोटाश की पूरी मात्रा पनीरी खेत में लगाने के समय डालें रोपाई के बाद बाकी बची नाइट्रोजन दो बराबर हिस्सों में 30वें और 50वें दिन डालें सिंचित क्षेत्रों के लिए, नाइट्रोजन 84 किलो (182 किलो यूरिया), फासफोरस 24 किलो (सिंगल सुपर फासफेट 150 किलो) और पोटाश 24 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 40 किलो) प्रति एकड़ डालें रोपाई से पहले 24 किलो नाइट्रोजन (यूरिया 52 किलो), फासफोरस की पूरी मात्रा और पोटाश की आधी मात्रा प्रति एकड़ में डालें बाकी बची नाइट्रोजन को पांच भागों में बांटें और पोटाश को तीन बराबर भागों में बांटें नाइट्रोजन 12 किलो (यूरिया 26 किलो) को बिजाई के बाद 45वें, 60वें, 75वें, 95वें और 115वें दिन डालें और पोटाश 4 किलो को बिजाई के बाद 45वें, 60वें, और 75वें दिन डालें 45 दिनों तक गोडाई करें, कही की मदद से मिट्टी चढ़ाएं और खेत को नदीन मुक्त रखें यदि नदीनों की रोकथाम ना की जाये तो यह 70-90 % पैदावार कम कर देते हैं रोपाई से पहले मुख्य खेत में पैंडीमैथालीन 1 लीटर प्रति एकड़ में डालें यदि नदीनों की संख्या ज्यादा हो तो उनके अंकुरण के बाद सेन्कोर 800 मि.ली की स्प्रे प्रति एकड़ में करें नदीनों की रोकथाम के साथ मिट्टी में नमी को बनाए रखने के लिए मलचिंग एक प्रभावी तरीका है मिट्टी में नमी के आधार पर सर्दियों में 6-7 दिनों के अंतराल पर और गर्मियों में 4-5 दिनों के अंतराल पर सिंचाई करें फूल निकलने की अवस्था सिंचाई के लिए गंभीर होती है इस अवस्था पर पानी की कमी से फल गिरते हैं जिससे फलों के उत्पादन में कमी होती है विभिन्न खोजों में यह पाया गया है, कि प्रत्येक पखवाड़े में आधा इंच सिंचाई से जड़ों में नमी ज्यादा होती है जिससे वे अधिक उपज देती हैं मिर्चों की तुड़ाई हरा रंग आने पर करें या फिर पकने के लिए पौधे पर ही रहने दें मिर्चों का पकने के बाद वाला रंग किस्म पर निर्भर करता है अधिक तुड़ाइयां लेने के लिए यूरिया 10 ग्राम प्रति लीटर और घुलनशील K @ 10 ग्राम प्रति लीटर पानी (1 प्रतिशत प्रत्येक का घोल) की स्प्रे 15 दिनों के फासले पर कटाई के समय करें पैकिंग के लिए मिर्चें पक्की और लाल रंग की होने पर तोड़ें सुखाने के लिए प्रयोग की जाने वाली मिर्चों की पूरी तरह पकने के बाद ही तुड़ाई करें
Posted by sonu datt
Haryana
23-01-2020 04:26 PM
Punjab
01-23-2020 05:29 PM
Sonu ji aap iske uper NPK 130045@1 kilo ko 150litre pani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by भोला सिंह
Punjab
23-01-2020 04:25 PM
Punjab
01-28-2020 09:52 PM
tuci uss nu ovumin advance bolus rojana 1 goli deni suru kro ate 21 din tak dinde rho ate Bovimin-B powder 100gm rojana deo, iss nal heat vich aa jawegi.
Posted by Lakhan jat Choudhary
Madhya Pradesh
23-01-2020 04:17 PM
Punjab
01-24-2020 04:50 PM
लखन जी कृपया आप गेंहू की फोटो भेजे ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद
Posted by shamsher Singh
Punjab
23-01-2020 04:09 PM
Punjab
01-24-2020 04:48 PM
Posted by ਗੁਰਪਰੀਤ ਸਿੰਘ
Punjab
23-01-2020 04:03 PM
Punjab
01-24-2020 04:19 PM
ਗੁਰਪ੍ਰੀਤ ਜੀ ਜੇਕਰ ਫ਼ਲ ਡਿਗ ਰਿਹਾ ਹੈ ਤਾ ਤੁਸੀ planofix @4ml ਨੂੰ ਪ੍ਰਤੀ ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by govindkushwaha
Uttar Pradesh
23-01-2020 03:51 PM

Punjab
01-24-2020 04:20 PM
Govind ji aap iske uper NPK 130045@1 kilo ko 150 litre pani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by अमरदीप अमरदीप
Haryana
23-01-2020 03:35 PM
Punjab
01-23-2020 05:18 PM
अमरदीप जी कृपया आप गेंहू की फोटो भेजे ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके के यह तत्व की कमी के कारण हो रहा है या बीमारी के कारण
Posted by Gurveer singh
Punjab
23-01-2020 03:28 PM
Punjab
01-28-2020 09:53 PM
ਸਭ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਤੁਹਾਡੇ ਲਈ ਇਹ ਜਾਨਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਕਿ ਮੁਰਗੀ ਪਾਲਣ ਦਾ ਧੰਦਾ ਦੋ ਤਰ੍ਹਾਂ ਦਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਕਿ ਤੁਸੀ ਆਂਡਿਆਂ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਜਾਂ ਮੀਟ ਦਾ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਆਂਡਿਆਂ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਲੇਇਰ ਮੁਰਗੀਆਂ ਪਾਲਣੀਆਂ ਪੈਣਗੀਆਂ ਅਤੇ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਮੀਟ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਬਰਾਇਲਰ ਮੁਰਗੀਆਂ ਪਾਲਣੀਆਂ ਪੈਣਗੀਆਂ ਜੇਕ.... (Read More)
ਸਭ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਤੁਹਾਡੇ ਲਈ ਇਹ ਜਾਨਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਕਿ ਮੁਰਗੀ ਪਾਲਣ ਦਾ ਧੰਦਾ ਦੋ ਤਰ੍ਹਾਂ ਦਾ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਕਿ ਤੁਸੀ ਆਂਡਿਆਂ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਜਾਂ ਮੀਟ ਦਾ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਆਂਡਿਆਂ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਲੇਇਰ ਮੁਰਗੀਆਂ ਪਾਲਣੀਆਂ ਪੈਣਗੀਆਂ ਅਤੇ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਮੀਟ ਦਾ ਧੰਦਾ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਬਰਾਇਲਰ ਮੁਰਗੀਆਂ ਪਾਲਣੀਆਂ ਪੈਣਗੀਆਂ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਬਰਾਇਲਰ ਮੁਰਗੀ ਫਾਰਮਿੰਗ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਅਤੇ ਘੱਟ ਤੋਂ ਘੱਟ 10 ਹਜਾਰ ਮੁਰਗੀਆਂ ਦਾ ਧੰਦਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰਨਾ ਚਾਹੁੰਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ 4 ਤੋਂ 5 ਲੱਖ ਦਾ ਇੰਤਜਾਮ ਕਰਨਾ ਪਵੇਗਾ, ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਪੋਲਟਰੀ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲੈ ਕੇ ਨਾਬਾਰਡ ਤੋਂ ਲੋਨ ਲੈਂਦੇ ਹੋ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ 25 ਤੋਂ 35 % ਤੱਕ ਸਬਸਿਡੀ ਮਿਲ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਲੋਨ ਅਪਲਾਈ ਕਰਨ ਦੀ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਤੁਹਾਨੂੰ ਵਿੱਭਾਗ ਵੱਲੋਂ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਦਿਤੀ ਜਾਂਦੀ ਹੈ, ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲੈਣ ਲਈ ਤੁਸੀ ਆਪਣੇ ਨਜ਼ਦੀਕੀ ਕ੍ਰਿਸ਼ੀ ਵਿਗਿਆਨ ਕੇਦਰ ਤੋਂ ਜਾਂ ਗੁਰੂ ਅੰਗਦ ਦੇਵ ਵੈਟਨਰੀ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਨਾਲ ਸੰਪਰਕ ਕਰ ਸਕਦੇ ਹੋਂ ਜਾਂ ਫਿਰ ਤੁਸੀ ਕਿਸੇ ਵੀ ਦਿਨ ਆਪਣੇ ਨਜ਼ਦੀਕੀ ਕ੍ਰਿਸ਼ੀ ਵਿਗਿਆਨ ਕੇਦਰ ਤੇ ਪਹੁੰਚ ਕੇ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲੈਣ ਲਈ ਫਾਰਮ ਭਰ ਆਊ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਜਦੋਂ ਵੀ ਪੋਲਟਰੀ ਦੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਆਵੇਗੀ ਤਾਂ ਤੁਹਾਨੂੰ ਕ੍ਰਿਸ਼ੀ ਵਿਗਿਆਨ ਕੇਦਰ ਵੱਲੋਂ ਕਾਲ ਕਰਕੇ ਦੱਸ ਦਿੱਤਾ ਜਾਦਾ ਹੈ ਬਹੁਤ ਵਧੀਆ ਕੰਮ ਹੈ ਜੀ ਪੋਲਟਰੀ ਦਾ ਜੇਕਰ ਤੁਸੀ ਬ੍ਰਾਇਲਰ ਰੱਖਦੇ ਹੋਂ ਤਾਂ 5 ਤੋਂ 6 ਹਫਤਿਆਂ ਦੇ ਅੰਦਰ ਅੰਦਰ ਮੰਡੀਕਰਣ ਲਈ ਤਿਆਰ ਹੋ ਜਾਂਦੇ ਹਨ ਤਕਰੀਬਨ ਪੰਜ ਮਹੀਨਿਆਂ ਵਿੱਚ ਅੰੰਡਿਆ ਦੀ ਉਪਜ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਜਾਂਦੀ ਹੈ ਸਾਰਾ ਸਾਲ ਦੀ ਆਮਦਨ ਵਾਲਾ ਕੰਮ ਹੈ ਜੀ ਜਿਆਦਾ ਮਿਹਨਤ ਵੀ ਨਹੀ ਲੱਗਦੀ ਇਹ ਨਾਜੁਕ ਕਿਸਮ ਦੇ ਜਾਨਵਰ ਹੁੰਦੇ ਹਨ ਕੁੱਝ ਕੁ ਖਤਰਨਾਕ ਬਿਮਾਰੀਆ ਵੀ ਹਨ ਜਿੰਨਾਂ ਤੋੰ ਬਚਣ ਲਈ ਖਾਸ ਧਿਆਨ ਰੱਖਣ ਦੀ ਜਰੂਰਤ ਹੂੰਦੀ ਹੈ..
Posted by Jagjit Singh Bains
Punjab
23-01-2020 03:23 PM
Punjab
01-24-2020 04:23 PM
ਜਗਜੀਤ ਜੀ ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਵਧੀਆ ਗਰੋਥ ਦੇ ਲਈ ਤੁਸੀ NPK 191919 @1 ਕਿਲੋ ਨੂੰ 150 ਲੀਟਰ ਪਾਣੀ ਦੇ ਹਿਸਾਬ ਨਾਲ ਸਪਰੇ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ
Posted by chillubadgujjar
Haryana
23-01-2020 02:54 PM
Punjab
01-23-2020 03:17 PM
गुज्जर जी आप इसके ऊपर NPK 191919 @1 किलो को 150 लीटर पानी के हिसाब से स्प्रे करें धन्यवाद
Posted by ramandeep
Punjab
23-01-2020 02:54 PM
Punjab
01-23-2020 03:13 PM
Ramandeep ji KVK da contact number Dr Sunil Saini, Head KVK, Contact No.: +91-9814577089 hai.dhanwad
Posted by sonu datt
Haryana
23-01-2020 02:46 PM
Punjab
01-23-2020 03:08 PM
Sonu ji kripya btaye ke aapne isme kya kya khaad daali hai taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake,dhanywad
Posted by sonu datt
Haryana
23-01-2020 02:40 PM
Punjab
01-24-2020 04:27 PM
Sonu ji kripya btaye ke aapne isme kya kya khaad daali hai taki aapko iske bare men poori jankari di ja sake.dhanywad
Posted by Harsh Deep Singh
Punjab
23-01-2020 02:29 PM
Punjab
01-24-2020 04:30 PM
Hrsh deep ji mirch ate shimla mirch di bijai february -march vich kiti hai oh v paniri de rahi kiti jandi hai ate booeta nu 40 cm de faasle te bijai karo.dhanwad
Posted by sukhpreet
Punjab
23-01-2020 02:28 PM
Punjab
01-28-2020 10:09 PM
Sukhpreet ji eh tuhanu April month vich FFDA dept. ton mill skde hai jo her jille vich bnnia hunda hai ja fir tuci kise mashli farming krnn wale farmer ton laa skde ho..
Posted by Harsh Deep Singh
Punjab
23-01-2020 02:26 PM
Punjab
01-24-2020 04:47 PM
Harshdeep ji tuc isde uper NPK 191919@1 kilo nu 150 litre pani de hisab nal spray karo.dhanwad
Posted by ibran
Uttar Pradesh
23-01-2020 02:24 PM
Punjab
01-28-2020 09:59 PM
Ibran ji aap murgi palan ate bakri palan ka kam suru krne se pehle iski training jrur lenn, jisme apko inn kamo ki sahi jankari aur training certificate milega jiss per aap loan aur subsidy le skte hai, training lene ke liye aap Krishi Vigyan Kendra, Crop Research Station, Near Kisan Degree College, District - Bahraich (U.P.), INDIA, PIN - 271 801, Tel. No.: 05252 - 236650 se sampark kr skte hai..
Posted by Ambraj Patel
Rajasthan
23-01-2020 02:19 PM
Punjab
01-23-2020 02:22 PM
अम्ब्राज जी कृपया आप इसके लेबल की फोटो भेजे ताकि आपको इसके बारे में पूरी जानकारी दी जा सके धन्यवाद
Posted by aadarsh patel
Madhya Pradesh
23-01-2020 02:08 PM
Punjab
01-23-2020 02:17 PM
आदर्श जी आप इसके ऊपर NPK 130045 @1 किलो को को प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे करें धन्यवाद
Posted by mahesh punasiya
Madhya Pradesh
23-01-2020 01:53 PM
Punjab
01-24-2020 04:45 PM
mahesh ji aap iske patton ke neeche machar ka hamla check karen agar maujood hai to aap imidacloprid@1.5ml ko prati litre pani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by Saudagar Singh
Punjab
23-01-2020 01:51 PM
Punjab
01-24-2020 04:46 PM
saudagar ji tuc NPK 191919@1 kilo nu 150 litre pani de hisab nal spray karo.dhanwad
Posted by nilabh
Bihar
23-01-2020 01:50 PM
Punjab
01-24-2020 06:05 PM
मछली पालन और डेयरी की ट्रेनिंग आप अपने नज़दीकी कृषि विज्ञानं केंद्र सकते है जी इसके लिए आप यह दिए हुए एड्रेस पर जाकर अपना नाम लिखवाये जी नज़दीकी कृषि विज्ञानं केंद्र का पता आप नोट कर सकते है जी 91 9431432752 Krishi Vigyan Kendra, Katihar Tingachhiya, Dist. - Katihar 854105 (Bihar) India
Posted by Nitesh Bhandari
Madhya Pradesh
23-01-2020 01:39 PM
Punjab
01-24-2020 06:18 PM
अगर आप पशु पालन लोन लेकर शुरू करना चाहते है तो सबसे पहले अपने नज़दीकी ज़िले के कृषि विज्ञानं केंद्र से इसकी ट्रेनिंग ले और उसके बाद ट्रेनिंग सर्टिफिकेट मिलने पर ही आप लोन अप्लाई कर सकते है और आप कॉपरेटिव बैंक से या फिर sbi बैंक से भी लोन अप्लाई कर सकते है बैंक लोन की सारी शर्ते आपको बैंक मैनेजर ही बता सकता है , आप .... (Read More)
अगर आप पशु पालन लोन लेकर शुरू करना चाहते है तो सबसे पहले अपने नज़दीकी ज़िले के कृषि विज्ञानं केंद्र से इसकी ट्रेनिंग ले और उसके बाद ट्रेनिंग सर्टिफिकेट मिलने पर ही आप लोन अप्लाई कर सकते है और आप कॉपरेटिव बैंक से या फिर sbi बैंक से भी लोन अप्लाई कर सकते है बैंक लोन की सारी शर्ते आपको बैंक मैनेजर ही बता सकता है , आप अपने ज़िले के पशु पालन विभाग में मिले और पूरी प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनाकर बैंक में लोन के लिए अप्लाई करो जी उसके बाद बैंक मैनेजर आपको गाइड करेंगे जी
Posted by nilabh
Bihar
23-01-2020 01:38 PM
Punjab
01-24-2020 04:49 PM
अच्छी उपज प्राप्त करने के लिए नाइट्रोजन 50 किलो (यूरिया 110 किलो), फासफोरस 24 किलो (एस एस पी 150 किलो) और पोटाश 18 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 30 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की 1/4 मात्रा और पोटाश और फासफोरस की पूरी मात्रा बिजाई के समय डालें यूरिया की बाकी की मात्रा को दो भागों में बांटकर पहली मात्रा जब फसल घुटने तक के .... (Read More)
अच्छी उपज प्राप्त करने के लिए नाइट्रोजन 50 किलो (यूरिया 110 किलो), फासफोरस 24 किलो (एस एस पी 150 किलो) और पोटाश 18 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 30 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की 1/4 मात्रा और पोटाश और फासफोरस की पूरी मात्रा बिजाई के समय डालें यूरिया की बाकी की मात्रा को दो भागों में बांटकर पहली मात्रा जब फसल घुटने तक के कद की हो जाए तब और दूसरी मात्रा बालियां निकलने के समय डालें मक्की की फसल में जिंक और मैग्नीश्यिम की कमी आम देखने को मिलती है और इस कमी को पूरा करने के लिए जिंक सल्फेट 8 किलो प्रति एकड़ बुनियादी खुराक के तौर पर डालें जिंक और मैग्नीश्यिम के साथ साथ लोहे की कमी भी देखने को मिलती है जिससे सारा पौधा पीला पड़ जाता है इस कमी को पूरा करने के लिए 25 किलो प्रति एकड़ सूक्ष्म तत्वों को 25 किलो रेत में मिलाकर बिजाई के बाद डालें
Posted by gursewak singh
Punjab
23-01-2020 01:35 PM
Punjab
01-28-2020 09:41 PM
Gursewak singh ji tuci uss nu Lactomax tablet 10 golia rojana, Milkout powder 2-2 chamch swere sham ate Calpond powder 50gm rojana dena suru kro, baki usdi khurak ate feed da dyan rkho ji iss nal frak pe jawega.
Posted by Prakash Choudhary kumavat
Madhya Pradesh
23-01-2020 01:34 PM
Punjab
01-24-2020 04:54 PM
इसकी बिजाई बसंत ऋतु में फरवरी-मार्च के महीने में की जाती है आप इसकी किस्मे जैसे Pusa Sawani ,Perkins Long Green ,Pusa A 4 की बिजाई कर सकते है गर्मियों में समय पर बिजाई के लिए कतार से कतार में 45 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 30 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें गर्मियों में अगेती बिजाई के लिए 30 सैं.मी. x 20 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें बारिश के मौसम मे.... (Read More)
इसकी बिजाई बसंत ऋतु में फरवरी-मार्च के महीने में की जाती है आप इसकी किस्मे जैसे Pusa Sawani ,Perkins Long Green ,Pusa A 4 की बिजाई कर सकते है गर्मियों में समय पर बिजाई के लिए कतार से कतार में 45 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 30 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें गर्मियों में अगेती बिजाई के लिए 30 सैं.मी. x 20 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें बारिश के मौसम में कतार से कतार में 60 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 20-30 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें बीज 2.5 सैं.मी. की गहराई में बोयें इसकी बिजाई गड्ढा खोदकर की जाती है
Posted by pratapsingh
Uttarakhand
23-01-2020 01:32 PM
Punjab
01-23-2020 05:47 PM
भिंडी काफी तरह की मिट्टी में उगाई जा सकती है भिंडी की फसल के लिए रेतली से चिकनी मिट्टी उचित होती है, जिसमें जैविक तत्व भरपूर मात्रा में हों और जिसकी निकास प्रणाली भी अच्छी ढंग की हो यदि निकास अच्छे ढंग का हो तो यह भारी ज़मीनों में भी अच्छी उगती है मिट्टी का पी एच 6.0 से 6.5 होना चाहिए खारी, नमक वाली या घटिया निकास वा.... (Read More)
भिंडी काफी तरह की मिट्टी में उगाई जा सकती है भिंडी की फसल के लिए रेतली से चिकनी मिट्टी उचित होती है, जिसमें जैविक तत्व भरपूर मात्रा में हों और जिसकी निकास प्रणाली भी अच्छी ढंग की हो यदि निकास अच्छे ढंग का हो तो यह भारी ज़मीनों में भी अच्छी उगती है मिट्टी का पी एच 6.0 से 6.5 होना चाहिए खारी, नमक वाली या घटिया निकास वाली मिट्टी में इसकी खेती ना करें VRO 5, VRO 6, Parbhani Kranti, IIVR 10, Kashi Vibhuti, Kashi Bhairav, Kashi Pragati, Pusa Sawani, Kashi Satdhari, Kashi Kranti किस्में आप बीज सकते हैं मिट्टी के भुरभुरा होने तक खेत की जोताई करें जोताई के बाद मिट्टी को समतल करने के लिए सुहागा फेरें आखिरी जोताई के समय गाय का गला हुआ गोबर 40 क्विंटल प्रति एकड़ में डालें उत्तर में यह वर्षा और बसंत के मौसम में उगाई जाती है खरीफ के मौसम में, इसकी बिजाई जून-जुलाई के महीने और बसंत ऋतु में फरवरी-मार्च के महीने में की जाती है गर्मियों में समय पर बिजाई के लिए कतार से कतार में 45 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 30 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें गर्मियों में अगेती बिजाई के लिए 30 सैं.मी. x 20 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें बारिश के मौसम में कतार से कतार में 60 सैं.मी. और पौधे से पौधे में 20-30 सैं.मी. फासले का प्रयोग करें बीज 2.5 सैं.मी. की गहराई में बोयें खरीफ के मौसम में 4-6 किलो बीज और गर्मियों के मौसम में 8-10 किलो बीज प्रति एकड़ में प्रयोग किए जाते हैं खेत की तैयारी के समय 8-10 टन गाय का गला हुआ गोबर डालें भिंडी की फसल के लिए नाइट्रोजन 40 किलो (90 किलो यूरिया) फासफोरस 16 किलो (एस एस पी 100 किलो) और पोटाश 20 किलो (म्यूरेट ऑफ पोटाश 35 किलो) प्रति एकड़ में डालें नाइट्रोजन की एक तिहाई मात्रा, फासफोरस और पोटाश की पूरी मात्रा खेत की तैयारी के समय डालें नाइट्रोजन की बाकी बची मात्रा बिजाई के बाद 30वें और 50 वें दिन टॉप ड्रेसिंग के तौर पर डालें बिजाई से पहले बसालीन 1 लीटर को प्रति एकड़ में डालें और बिजाई के तुरंत बाद लासो 1.6 मि.ली. को प्रति एकड़ में प्रयोग करें यदि मिट्टी में पर्याप्त मात्रा में नमी मौजूद ना हो तो गर्मियों में फसल के अच्छे अंकुरण के लिए बिजाई से पहले सिंचाई जरूर करनी चाहिए बीज अंकुरण के बाद अगली सिंचाई करें उसके बाद गर्मियों में 4-5 दिन के बाद खेतों को सिंचित करें और बारिश के मौसम में 10 से 12 बाद खेतों को सिंचित करें फसल बिजाई के 60-70 दिनों के बाद पककर तैयार हो जाती है छोटे और कच्चे फलों की तुड़ाई करें फलों की तुड़ाई सुबह और शाम के समय करनी चाहिए तुड़ाई में देरीसे भिंडियों में रेशा भर जाता है और इनका कच्चापन और स्वाद भी चला जाता है
Posted by Kirandeep Singh
Punjab
23-01-2020 01:32 PM
Punjab
01-28-2020 10:00 PM
ਤੁਸੀ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਦਾ ਕੰਮ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰਨਾ ਹੈ ਤਾ ਸਭ ਤੋਂ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਇਹ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਤੁਹਾਨੂੰ FFDA(fish farmer development aggency) ਜੋ ਕਿ ਲੱਗਭੱਗ ਹਰ ਜ਼ਿਲੇ ਵਿੱਚ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਜਾਂ ਉੱਥੇ ਜਾ ਕੇ ਐਪਲੀਕੇਸ਼ਨ ਫਾਰਮ ਭਰੋ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਤੁਹਾਨੂੰ 5 ਦਿਨ ਦੀ ਮੁਫਤ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਦਿੱਤੀ ਜਾਵੇਗੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲਈ ਦਸਵੀ ਪਾਸ ਹੋਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਤੇ ਇਹ ਡਿਪਾਰਮੈ੍ਟ ਜਿੱਥੇ ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਅਫਸਰ ਬੈਠਦਾ ਹੈ ਜਿਵ.... (Read More)
ਤੁਸੀ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਦਾ ਕੰਮ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰਨਾ ਹੈ ਤਾ ਸਭ ਤੋਂ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਇਹ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਤੁਹਾਨੂੰ FFDA(fish farmer development aggency) ਜੋ ਕਿ ਲੱਗਭੱਗ ਹਰ ਜ਼ਿਲੇ ਵਿੱਚ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਜਾਂ ਉੱਥੇ ਜਾ ਕੇ ਐਪਲੀਕੇਸ਼ਨ ਫਾਰਮ ਭਰੋ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਤੁਹਾਨੂੰ 5 ਦਿਨ ਦੀ ਮੁਫਤ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਦਿੱਤੀ ਜਾਵੇਗੀ ਟ੍ਰੇਨਿੰਗ ਲਈ ਦਸਵੀ ਪਾਸ ਹੋਣਾ ਜਰੂਰੀ ਹੈ ਤੇ ਇਹ ਡਿਪਾਰਮੈ੍ਟ ਜਿੱਥੇ ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਅਫਸਰ ਬੈਠਦਾ ਹੈ ਜਿਵੇ ਕਚਿਹਰੀਆਂ , ਡੀ ਸੀ ਆਫਿਸ ਕਹਿੰ ਦਿੰਦੇ ਹਾਂ ਉਸ ਵਿੱਚ ਬਣਿਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਮੱਛੀ ਪਾਲਣ ਲਈ ਸੇਮ ਵਾਲੇ ਇਲਾਕੇ ਵਿੱਚ 90% ਸਬਸਿਡੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਤੇ ਬਾਕੀ ਇਲਾਕਿਆ ਵਿੱਚ 40 % ਸਬਸਿਡੀ ਹੁੰਦੀ ਹੈ ਤੁਸੀ ਆਪਣੇ ਜ਼ਿਲੇ ਦੇ FFDA ( fish farming development agency ) ਦਫਤਰ ਵਿੱਚ ਜਾਓ ਜੋ ਕਿ ਆਮ ਤੌਰ ਤੇ ਡੀਸੀ ਦਫਤਰ ਜਾਂ ਕਚਿਹਰੀਆਂ ਵਿੱਚ ਬਣਿਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ ਤੁਸੀ ਉੱਥੇ ਆਪਣੇ ਜਮੀਂਨ ਦੀ ਫਰਦ , 10th ਸਰਟੀਫਿਕੇਟ ਤੇ ਜਿੱਥੇ ਤਲਾਬ ਬਣਾਉਣਾ ਹੈ ਉੱਥੋ ਦੀਆਂ 2 ਫੋਟੋ ਲੈ ਕੇ ਜਾਓ ਉਸ ਤੋਂ ਬਾਅਦ FFDA ਦੇ ਅਫਸਰ ਤੁਹਾਨੂੂੰ ਫਾਈਲ ਤਿਆਰ ਕਰਵਾਉਣਗੇ ਤੇ ਤੁਹਾਡੀ ਜਮੀਨ ਦੇਖ ਕੇ ਤਲਾਬ ਬਣਾਉਣ ਦਾ ਤਰੀਕਾ ਦੱਸਣਗੇ ਤੇ ਫਿਰ ਤੁਹਾਨੂੰ 40% ਸਬਸਿਡੀ ਲਈ ਫਾਈ਼ਲ ਤਿਆਰ ਕਰਕੇ ਲੋਨ ਅਪਲਾਈ ਬਾਰੇ ਸਮਝਾ ਦੇਣਗੇ. ਇਸਦੀ ਪੁੰਗ ਛੱਡਣ ਲਈ ਅਪ੍ਰੈਲ ਤੋਂ ਅਕਤੂਬਰ ਦਾ ਤੱਕ ਸਮਾਂ ਵਧੀਆ ਹੁੰਦਾ ਹੈ
Posted by sunilmeena
Madhya Pradesh
23-01-2020 01:31 PM

Punjab
01-23-2020 05:43 PM
RCr 446: इस किस्म के दाने मध्यम आकार के होते हैं यह किस्म तना गलन के प्रतिरोधक किस्म है इसकी औसतन पैदावार 4.8 क्विंटल प्रति एकड़ होती है RCr 436: यह जल्दी बढ़ने वाली किस्म है यह 90-100 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है इसके दाने मोटे होते हैं यह जड़ गलन और निमाटोड के प्रतिरोधक किस्म हैं इसकी औसतन पैदावार 4.4 क्विंटल प्रत.... (Read More)
RCr 446: इस किस्म के दाने मध्यम आकार के होते हैं यह किस्म तना गलन के प्रतिरोधक किस्म है इसकी औसतन पैदावार 4.8 क्विंटल प्रति एकड़ होती है RCr 436: यह जल्दी बढ़ने वाली किस्म है यह 90-100 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है इसके दाने मोटे होते हैं यह जड़ गलन और निमाटोड के प्रतिरोधक किस्म हैं इसकी औसतन पैदावार 4.4 क्विंटल प्रति एकड़ होती है RCr 435 : यह जल्दी बढ़ने वाली किस्म है यह 110-130 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है इसके दाने मोटे, मध्यम आकार के होते हैं यह किस्म सिंचित क्षेत्रों के लिए उपयुक्त किस्म है यह जड़ गलन और पत्तों पर सफेद धब्बों के प्रतिरोधक किस्म हैं इसकी औसतन पैदावार 4.2 क्विंटल प्रति एकड़ होती है RCr 41: यह किस्म 130-140 दिनों में कटाई के लिए तैयार हो जाती है यह किस्म सिंचित क्षेत्रों के लिए उपयुक्त किस्म है इसकी औसतन पैदावार 3.7 क्विंटल प्रति एकड़ होती है
Posted by gursewak singh
Punjab
23-01-2020 01:30 PM
Punjab
01-28-2020 09:42 PM
ਫੈਟ ਘਟਣ ਦੇ ਕਈ ਕਾਰਨ ਹੁੰਦੇ ਹੈ, ਜਿਵੇਂ ਸਹੀ ਖੁਰਾਕ ਨਾ ਮਿਲਣਾ, ਟਾਈਮ ਤੇ ਡੀਵਰਮਿੰਗ ਨਾ ਹੋਣਾ, ਰਹਿਣ ਸਹਿਣ ਵਿੱਚ ਦਿਕੱਤ ਹੋਣਾ, ਇਹਨਾਂ ਕਾਰਨਾਂ ਕਰਕੇ ਵੀ ਪਸ਼ੂ ਦਾ ਦੁੱਧ ਅਤੇ ਫੈਟ ਘਟ ਜਾਂਦੀ ਹੈ, ਫੈਟ ਵਧਾਾਉਣ ਲਈ ਅੱਧਾ ਕਿਲੋ ਦੇਸੀ ਕਪਾਹ ਦੇ ਵੜੇਵੇ ਚਾਰੋ ਜੀ ਅਤੇ ਬੀਟੀ ਕਾਟਨ ਦੀ ਵਰਤੋ ਬਿਲਕੁੱਲ ਨਾ ਕਰੋ ਅਤੇ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਤੁਸੀ ਦਾਣੇ ਨੂੰ ਗਿੱਲਾ ਕਰਕੇ ਉਸ ਵਿੱਚ 10 ਗ੍ਰਾਮ ਲਾਈਵਈਸ.... (Read More)
ਫੈਟ ਘਟਣ ਦੇ ਕਈ ਕਾਰਨ ਹੁੰਦੇ ਹੈ, ਜਿਵੇਂ ਸਹੀ ਖੁਰਾਕ ਨਾ ਮਿਲਣਾ, ਟਾਈਮ ਤੇ ਡੀਵਰਮਿੰਗ ਨਾ ਹੋਣਾ, ਰਹਿਣ ਸਹਿਣ ਵਿੱਚ ਦਿਕੱਤ ਹੋਣਾ, ਇਹਨਾਂ ਕਾਰਨਾਂ ਕਰਕੇ ਵੀ ਪਸ਼ੂ ਦਾ ਦੁੱਧ ਅਤੇ ਫੈਟ ਘਟ ਜਾਂਦੀ ਹੈ, ਫੈਟ ਵਧਾਾਉਣ ਲਈ ਅੱਧਾ ਕਿਲੋ ਦੇਸੀ ਕਪਾਹ ਦੇ ਵੜੇਵੇ ਚਾਰੋ ਜੀ ਅਤੇ ਬੀਟੀ ਕਾਟਨ ਦੀ ਵਰਤੋ ਬਿਲਕੁੱਲ ਨਾ ਕਰੋ ਅਤੇ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਤੁਸੀ ਦਾਣੇ ਨੂੰ ਗਿੱਲਾ ਕਰਕੇ ਉਸ ਵਿੱਚ 10 ਗ੍ਰਾਮ ਲਾਈਵਈਸਟ ਮਿਲਾ ਕੇ ਦੁੱਧ ਚੋਣ ਤੋਂ 10 ਮਿੰਟ ਪਹਿਲਾ ਘੋਲ ਕੇ ਪਾਓ ਇਹ ਲਾਈਵਈਸਟ ਤੁਹਾਨੂੰ ਪੰਸਾਰੀ ਦੀ ਦੁਕਾਨ ਤੋਂ ਮਿਲ ਜਾਵੇਗਾ ਇਹ ਜਿਆਦਾ ਟਾਈਮ ਨਹੀ ਪਿਆ ਰਹਿਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਇਸ ਨਾਲ ਦੁੱਧ ਵੱਧ ਜਾਵੇਗਾ ਜਾਂ ਤੁਸੀ ਕੱਦੂ ਜਾਂ ਲੋਕੀ ਖਵਾਓ ਪਸ਼ੂ ਨੂੰ ਇਹ ਵੀ ਦੁੱਧ ਵਧਾਉਣ ਲਈ ਠੀਕ ਹੈ ਇਸਦੇ ਨਾਲ ਤੁਸੀ ਪਸ਼ੂ ਨੂੰ Fatplus ਜਾਂ Fatmax 50 ਗ੍ਰਾਮ ਪਾਊਡਰ ਵੀ ਦੇਣਾ ਸ਼ੁਰੂ ਕਰੋ , ਇਸ ਨਾਲ ਫੈਟ ਵਿੱਚ ਫਰਕ ਪੈ ਜਾਵੇਗਾ, ਬਾਕੀ ਤੁਸੀ Milkout ਪਾਊਡਰ 2-2 ਚਮਚ ਸਵੇਰੇ ਸ਼ਾਮ ਦਿਓ , ਇਸ ਨਾਲ ਦੁੱਧ ਵੱਧ ਜਾਵੇ....
Posted by ਕੁਲਵੀਰ ਸਿੰਘ
Punjab
23-01-2020 01:30 PM
Punjab
01-23-2020 05:40 PM
kulveer ji vadhia growth de layi tuc NPK 191919@1 kilo nu 150 litre pani de hisab nal spray karo.dhanwad
Posted by Sher Singh
Uttar Pradesh
23-01-2020 01:01 PM
Punjab
01-23-2020 01:08 PM
इस पौधे को मिट्टी की कई किस्मों जैसे रेतली तटवर्ती से मैदानों की दोमट मिट्टी में उगाया जा सकता है यह पौधा जल जमाव हालातों मे खड़ा नहीं रह सकता जब इसे अच्छे जल निकास वाली दोमट से रेतली दोमट और 8.5 पी एच वाली ज़मीन में उगाया जाये तो यह अच्छे परिणाम देती है एलोए जो कि लिलीकाए परिवार से संबंधित है उसकी लगभग 150 प्रजाति.... (Read More)
इस पौधे को मिट्टी की कई किस्मों जैसे रेतली तटवर्ती से मैदानों की दोमट मिट्टी में उगाया जा सकता है यह पौधा जल जमाव हालातों मे खड़ा नहीं रह सकता जब इसे अच्छे जल निकास वाली दोमट से रेतली दोमट और 8.5 पी एच वाली ज़मीन में उगाया जाये तो यह अच्छे परिणाम देती है एलोए जो कि लिलीकाए परिवार से संबंधित है उसकी लगभग 150 प्रजातियां पायी जाती हैं जिनमें से barbedensis, A. chinensis, A. perfoliata, A. vulgaris, A indica, A. littoralis और A abyssinica हैं ये आमतौर पर उगायी जाती हैं और इनका औषधीय मूल्य होता है नैशनल बौटैनीकल और प्लांट जैनेटिक रिसोर्स आई. सी. ए. आर, दिल्ली द्वारा रिलीज़ की गई किस्में IC111271, IC111269, IC111280, IC111273, IC111279 और IC111267 आदि इस किस्म में उच्च मात्रा में एलोइन तत्व पाया जाता है नैशनल बौटैनीकल और प्लांट जैनेटिक रिसोर्स, आई. सी. ए. आर, दिल्ली द्वारा जारी की गई किस्में IC111267, IC1112666, IC111280, IC111280, IC111272 और IC111277 आदि इस किस्म में उच्च मात्रा में जैल तत्व पाया जाता है AL-1:- यह किस्म सैंट्रल इंस्टीट्यूट ऑफ मैडीकल एंड एरोमैटिक प्लांट्स, लखनऊ द्वारा जारी की गई है घीकवार की जड़ें 20-30 सैं.मी. तक ही जाती हैं इसके लिए खेत को जोत कर नर्म करें आखिरी जोताई के बाद 6 टन प्रति एकड़ रूड़ी की खाद डालें मेंड़ और खालियां बना कर 45-60 सैं.मी. के फासले पर बिजाई करें और अगर जरूरत पड़े तो सिंचाई करें गांठों को 40 या 30 सैं.मी. के फासले पर लगाएं गांठों के विकास के लिए इसकी बिजाई जुलाई-अगस्त महीने में करनी चाहिए सिंचाई वाले क्षेत्रों में इसकी बिजाई सर्दियों के महीने में भी की जाती है आमतौर पर फासला 45 सैं.मी.x40 सैं.मी. या 60 सैं.मी.x30 सैं.मी. रखा जाता है ये गांठें चार से पांच महीने पुरानी और 15 सैं.मी. की गहराई पर गड्ढों में लगानी चाहिए बिजाई के लिए आम तौर पर एक एकड़ के लिए 22000 गांठों की जरूरत होती है बिजाई के लिए सेहतमंद गांठों का ही प्रयोग करें बिजाई के लिए 3-4 महीने पुरानी गांठो का प्रयोग करें, जिसके चार से पांच पत्ते हों ज़मीन की तैयारी के समय 60-80 क्विंटल प्रति एकड़ रूड़ी की खाद डालें नाइट्रोजन 20 किलो (44 किलो यूरिया), फासफोरस 20 किलो (125 किलो एस.एस. पी.) और पोटाश 20 किलो (34 किलो म्यूरेट ऑफ पोटाश) की मात्रा प्रति एकड़ में प्रयोग करें खेत को साफ सुथरा और नदीन रहित रखें उचित अंतराल पर गोडाई करें एक वर्ष में मुख्यत: दो बार गोडाई करें गर्मियों और शुष्क हालातों में 2 सप्ताह के अंतराल पर सिंचाई करें बारिश के मौसम में सिंचाई की आवश्यकता नहीं होती और सर्दियों के मौसम में पौधा ज्यादा पानी नहीं लेता इसलिए कम सिंचाई करनी चाहिए पौधे के गांठे बनने के बाद तुरंत पहली सिंचाई करें खेत में ज्यादा पानी ना लगाएं इससे फसल को नुकसान होता है याद रखें कि फसल को दोबारा पानी लगाने से पहले, खेत को सूखने दें सिंचाई खेत में अच्छी तरह दे देनी चाहिए ताकि अतिरिक्त पानी निकल जाये धन्यवाद
Posted by Rajesh Bishnoi
Haryana
23-01-2020 12:56 PM
Punjab
01-23-2020 01:11 PM
rajesh ji yeh safed kungi ka hamla hua hai iski roktham ke liye aap Metalaxyl 8%+Mancozeb 64% @ 2gm/Ltr pani ke hisab se spray karen.dhanywad
Posted by ਗਗਨਦੀਪ ਸਿੰਘ
Punjab
23-01-2020 12:55 PM
Punjab
01-23-2020 01:12 PM
ਗਗਨਦੀਪ ਜੀ ਹੋਸ਼ੀ ਨੇ ਕਣਕ ਦਾ ਕੱਦ ਵਧਾ ਦੇਣਾ ਹੈ ਜਿਸਦੇ ਨਾਲ ਜਦੋ ਕਣਕ ਨਿਸਰੇਗੀ ਤਾ ਇਸਦੇ ਡਿੱਗਣ ਦਾ ਖ਼ਤਰਾ ਰਹੇਗਾ ਤਾ ਤੁਸੀ ਇਸਦੀ ਸਪਰੇ ਨਾ ਕਰੋ ਧੰਨਵਾਦ