Experts Q&A Search

Posted by Arshjot singh
Punjab
30-03-2020 07:20 PM
Punjab
03-31-2020 08:33 AM
Shri maan g bhindi ch M-45@500gm per acre spray kr skde ho....
Posted by Harsh Deep Singh
Punjab
30-03-2020 07:19 PM
Punjab
03-31-2020 01:10 PM
30-40 ਦਿਨਾਂ ਬਾਅਦ
Posted by Rakesh yadav
Haryana
30-03-2020 07:18 PM
Punjab
04-02-2020 04:44 PM
Rakesh yadav ji kirpya je btae aap ko kis company ki khal chahia ta jo aap ko sahi jankari di ja sake, Thankyou.
Posted by RituRaj lowanshi
Madhya Pradesh
30-03-2020 07:12 PM
Maharashtra
03-31-2020 01:12 PM
ऋतू जी, आप मूंग की किस्मे जैसे के टॉम्बे जवाहर मूंग-3, जवाहर मूंग -721, के - 851 , एच.यू.एम. 1 (हम -1), पी.डी.एम - 11 , पूसा विशाल, की बिजाई कर सकते हैं, धन्यवाद
Posted by simranjeet
Haryana
30-03-2020 07:08 PM
Punjab
03-30-2020 07:13 PM
कृप्या आप इसकी फोटो भेंजे ताकि आपको पूरी जानकारी दी जा सके।
Posted by Amarit
Punjab
30-03-2020 07:01 PM
Punjab
03-30-2020 07:17 PM
Shri maan g NPK 19:19:19 tatv di kmi nu poora krda hai te growth v krwuanda hai ate NPK 13:00:45 jdon mirch ,kaddoo ,kheere te full aa jnde hn isdi vrto os time kiti jndi eh eh plant nu taqat dinda hai te full ghat girde hn ate fassal da yield v bdhaunda hai...
Posted by ਮਨਪ੍ਰੀਤ ਸਿੰਘ
Punjab
30-03-2020 07:00 PM
Punjab
03-31-2020 02:51 PM
Manpreet ji isde lai tuci Fendikind plus, Flukarid-DS, Zenvet tablet kisi v goli di varto kr skde ho..
Posted by Amarit
Punjab
30-03-2020 06:59 PM
Punjab
03-30-2020 07:21 PM
Posted by ਮਨਪ੍ਰੀਤ ਸਿੰਘ
Punjab
30-03-2020 06:55 PM
Punjab
03-31-2020 02:52 PM
Manpreet ji isde lai tuci Fendikind plus, Flukarid-DS, Zenvet tablet kisi v goli di varto kr skde ho..
Posted by महेंद्र शर्मा
Madhya Pradesh
30-03-2020 06:44 PM
Maharashtra
04-02-2020 04:21 PM
महेंद्र जी, यह फंगस का हमला हुआ है, आप इसकी रोकथाम के लिए इसमें carbendazim @ 4 ग्राम यां mancozeb @ 4 ग्राम प्रति लीटर पानी के हिसाब से स्प्रे कर सकते हैं, धन्यवाद
Posted by sarbjeet singh
Punjab
30-03-2020 06:36 PM
Punjab
03-31-2020 02:53 PM
Sarbjeet ji tuci uss nu Duraprogen injection 750mg lgwao jiss nu thnda tika bolde hai, baki uss nu saro da tel 200ml, besan 100gm mix krke 3 din de skde ho..
Posted by kuldeep. singh
Haryana
30-03-2020 06:26 PM
Punjab
03-31-2020 02:53 PM
उसे आप रोजाना 35—40 किलो हरा चारा दें और हर तीन महीने के बाद पेट के कीड़ों के लिए गोली जरूर दें और उसे उसे आप 1 किलो गेहूं का दलिया, 250 ग्राम गुड को अच्छी तरह पकाकर 5—7 दिन खाने के लिए दें इसके साथ आप Calpond powder 50gm रोजाना और Glactogog पाउडर देना शुरू करें इसका रोजाना एक पाउच देना शुरू करें इससे दूध में फायदा होगा
Posted by Taqbir singh
Punjab
30-03-2020 06:23 PM
Punjab
03-31-2020 12:23 PM
Taqbir ji, tusi chitte macchar di roktham layi is vich imidacloprid @ 1.5 ml prati litre pani de hisaab nal spray kar sakde ho, dhanwad
Posted by रौशन कुमार सिंह
Bihar
30-03-2020 06:22 PM
Maharashtra
04-02-2020 04:43 PM
रोशन जी, अगर आप काम समय में तैयार होने वाला पेड़ लगाना चाहते हैं तो आप सफेदा की बिजाई कर सकते हैं, धन्यवाद
Posted by ਅਜੇਵੀਰ ਸਿੰਘ ਢਿੱਲੋਂ
Punjab
30-03-2020 06:18 PM
Punjab
03-30-2020 07:29 PM
श्रीमान जी भिंडी में एम45 को 500 ग्राम प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे कर सकते है।
Posted by amanpreet kaur
Punjab
30-03-2020 06:18 PM
Maharashtra
03-31-2020 12:22 PM
Posted by Brijesh Kumar Patel
Uttar Pradesh
30-03-2020 06:17 PM
Punjab
03-30-2020 07:30 PM
श्री मान करेला में NPK 130045@1किलो प्रती एकड़ सप्रे कर सकते हो।
Posted by Gurjant s
Punjab
30-03-2020 06:17 PM
Punjab
04-02-2020 04:48 PM
ਗੁਰਜੰਟ ਜੀ, ਗੁਲਕੰਦ ਬਣਾਉਣ ਦੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਲੈਣ ਲਈ ਨਾਲ ਭੇਜੀ ਵੀਡੀਓ ਦੇ link ਨੂੰ ਦੇਖੋ , ਧੰਨਵਾਦ https://youtu.be/L6biprd7Cno
Posted by Narinderpal singh
Punjab
30-03-2020 06:16 PM
Punjab
03-31-2020 02:55 PM
Tuci uss nu Keeper plus powder 30gm rojana dena suru kro ehh 20 din tak deo, iss nal pashu de gaban rehhn di ass vdhh jndi hai..
Posted by bhojraj
Madhya Pradesh
30-03-2020 06:16 PM
Maharashtra
03-31-2020 12:11 PM
भोजराज जी, यह फंगस का हमला हुआ है, आप इसकी रोकथाम के लिए इसमें carbendazim @ 4 ग्राम यां mancozeb @ 4 ग्राम प्रति लीटर पानी के हिसाब से स्प्रे कर सकते हैं, धन्यवाद
Posted by manpreet singh
Punjab
30-03-2020 06:15 PM
Punjab
03-30-2020 07:30 PM
आप प्याज में एम45 को 500 ग्राम प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे कर सकते हैं
Posted by रौशन कुमार सिंह
Bihar
30-03-2020 06:11 PM
Punjab
03-31-2020 02:58 PM
रौशन जी आप इस काम को ट्रेनिंग लेकर शुरू करते है तो इससे आपको काम की पूरी जानकारी मिलेगी और इसे शुरू करने में आसानी होगी। आप बकरी पालन की ट्रेनिंग लेने के लिए अपने नज़दीकी कृषि विज्ञान केन्द्र से संपर्क कर सकते है वहां समय समय पर किसानों की मांग के अनुसार ट्रेनिंग दी जाती है। आप ट्रेनिंग लेने के लिए Krishi Vigyan Kendra, Be.... (Read More)
रौशन जी आप इस काम को ट्रेनिंग लेकर शुरू करते है तो इससे आपको काम की पूरी जानकारी मिलेगी और इसे शुरू करने में आसानी होगी। आप बकरी पालन की ट्रेनिंग लेने के लिए अपने नज़दीकी कृषि विज्ञान केन्द्र से संपर्क कर सकते है वहां समय समय पर किसानों की मांग के अनुसार ट्रेनिंग दी जाती है। आप ट्रेनिंग लेने के लिए Krishi Vigyan Kendra, Begusarai Khodawandpur, Dist. - Begusarai 848202 (Bihar) India से संपर्क कर सकते है।
Posted by Pankaj Kumar
Uttar Pradesh
30-03-2020 05:53 PM
Punjab
04-27-2020 10:46 AM
Pankaj Kumar ji kirpya aap apna swal visthar me btae ke aap ke pitta ji kis fasal ki kheti karte hai or konsi dikat ati hai ta jo aap ko sahi jankari di ja sake, Thankyou.
Posted by Monu
Haryana
30-03-2020 05:50 PM
Maharashtra
03-31-2020 11:57 AM
Vikas ji, yeh fungus ke hamle ki vajah se ho raha hai ap iski roktham ke loye isme Khatti lassi @ 4ml prati litre pani ke hisaab se ki spray karein or isme neem ke tel @ 2 ml prati litre pani ke hisaab se spray karein, dhanywad
Posted by Monu
Haryana
30-03-2020 05:41 PM
Maharashtra
03-30-2020 05:44 PM
Vikas ji, kripya ap bataye ke apke podhe ki unar kitni hai taki apko uske hisaab se iske bare mein jankari di ja sake, dhanywad
Posted by Balkar singh
Punjab
30-03-2020 05:41 PM
Punjab
03-30-2020 09:19 PM
Balkar ji tuci iss nu Hitek injection 1ml/33kg sarir de bhar de hisab nal chamdi vich lgwao ate isde jakham te kiskin lotion lgwao..
Posted by Sunil Kumar
Uttar Pradesh
30-03-2020 05:38 PM
Maharashtra
03-30-2020 06:05 PM
सुनील जी, कृपया आप बताये के अपने अभी तक इसमें कोनसी खाद का इस्तेमाल किया है ताकि आपको उसके हिसाब से इसके बारे में जानकारी दी जा सके, धन्यवाद
Posted by karanveer
Haryana
30-03-2020 05:36 PM
Punjab
03-30-2020 05:50 PM
Karanveer ji, kirpa kar ke tusi is vich tele de hamle di jaanch karo, jekar hamla mojood hove te is vich imidacloprid @ 80 ml nu 150 litre pani vich mila ke prati acre de hisaab nal spray kar sakde ho, dhanwad
Posted by ਹਰਜੀਤ ਗਿੱਲ
Punjab
30-03-2020 05:35 PM
Punjab
03-30-2020 05:48 PM
(ਮਿੱਟੀ ਦੀ ਜਾਂਚ ਮੁਤਾਬਕ ਹੀ ਖਾਦਾਂ ਪਾਓ)ਸੁਪਰ ਫਾਸਫੇਟ 75-150 ਕਿਲੋ, ਯੂਰੀਆ 75-110 ਕਿਲੋ ਅਤੇ ਪੋਟਾਸ਼ 15-20 ਕਿਲੋ (ਜੇਕਰ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਕਮੀ ਦਿਖੇ) ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਪਾਓ। ਐੱਸ.ਐੱਸ.ਪੀ. ਅਤੇ ਐੱਮ.ਓ.ਪੀ. ਦੀ ਪੂਰੀ ਮਾਤਰਾ ਅਤੇ ਯੂਰੀਆ ਦਾ ਤੀਜਾ ਹਿੱਸਾ ਬਿਜਾਈ ਸਮੇਂ ਪਾਓ। ਬਾਕੀ ਬਚੀ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ ਪੌਦੇ ਗੋਡਿਆਂ ਤੱਕ ਹੋਣ ਤੇ ਅਤੇ ਗੁੱਛੇ ਬਣਨ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਪਾਓ। ਕਿਰਪਾ ਕਰ ਕੇ ਦੱਸੋ ਕੇ ਮੱਕੀ ਤੇ ਕਿਸ .... (Read More)
(ਮਿੱਟੀ ਦੀ ਜਾਂਚ ਮੁਤਾਬਕ ਹੀ ਖਾਦਾਂ ਪਾਓ)ਸੁਪਰ ਫਾਸਫੇਟ 75-150 ਕਿਲੋ, ਯੂਰੀਆ 75-110 ਕਿਲੋ ਅਤੇ ਪੋਟਾਸ਼ 15-20 ਕਿਲੋ (ਜੇਕਰ ਮਿੱਟੀ ਵਿੱਚ ਕਮੀ ਦਿਖੇ) ਪ੍ਰਤੀ ਏਕੜ ਪਾਓ। ਐੱਸ.ਐੱਸ.ਪੀ. ਅਤੇ ਐੱਮ.ਓ.ਪੀ. ਦੀ ਪੂਰੀ ਮਾਤਰਾ ਅਤੇ ਯੂਰੀਆ ਦਾ ਤੀਜਾ ਹਿੱਸਾ ਬਿਜਾਈ ਸਮੇਂ ਪਾਓ। ਬਾਕੀ ਬਚੀ ਨਾਈਟ੍ਰੋਜਨ ਪੌਦੇ ਗੋਡਿਆਂ ਤੱਕ ਹੋਣ ਤੇ ਅਤੇ ਗੁੱਛੇ ਬਣਨ ਤੋਂ ਪਹਿਲਾਂ ਪਾਓ। ਕਿਰਪਾ ਕਰ ਕੇ ਦੱਸੋ ਕੇ ਮੱਕੀ ਤੇ ਕਿਸ ਕੀਟ ਦਾ ਗਮਲਾ ਹੋਇਆ ਹੈ, ਤਾਂਜੋ ਤੁਹਾਨੂੰ ਇਸ ਬਾਰੇ ਪੂਰੀ ਜਾਣਕਾਰੀ ਦਿਤੀ ਜਾ ਸਕੇ, ਧੰਨਵਾਦ
Posted by Ankit Kumar
Uttar Pradesh
30-03-2020 05:35 PM
Maharashtra
03-30-2020 05:59 PM
Ankit ji, kirpya ap bataye ke apne isme konse pesticide ka spray kiya tha , taki apko iske bare mein puri jankari di ja sake, dhanywad
Posted by jagmeet sandhu
Punjab
30-03-2020 05:32 PM
Punjab
03-30-2020 05:43 PM
Jagmeet ji, kanak di fasal nu katai to 15 din pehla pani dena band kar dena chahida hai, last pani katai to 15 din pehle dena chahida hai, dhanwad
Posted by Narendra Singh
Madhya Pradesh
30-03-2020 05:29 PM
Maharashtra
03-30-2020 06:09 PM
फसल के पकने की अवधि लम्बी होने कारण खाद एवं उर्वरक की आवश्यकता भी अधिक होती है अतः खेत की अंतिम जुताई से पूर्व 20 टन सड़ी गोबर/कम्पोस्ट खाद खेत में समान रूप से मिलाना चाहिए इसके अतिरिक्त 300 किलो नत्रजन (650 कि.ग्रा. यूरिया ), 85 कि.ग्रा. स्फुर, ( 500 कि.ग्रा. सिंगल सुपर फास्फेट) एवं 60 कि. पोटाश (100 कि.ग्रा. म्यूरेटआपपोटाश) प्रà.... (Read More)
फसल के पकने की अवधि लम्बी होने कारण खाद एवं उर्वरक की आवश्यकता भी अधिक होती है अतः खेत की अंतिम जुताई से पूर्व 20 टन सड़ी गोबर/कम्पोस्ट खाद खेत में समान रूप से मिलाना चाहिए इसके अतिरिक्त 300 किलो नत्रजन (650 कि.ग्रा. यूरिया ), 85 कि.ग्रा. स्फुर, ( 500 कि.ग्रा. सिंगल सुपर फास्फेट) एवं 60 कि. पोटाश (100 कि.ग्रा. म्यूरेटआपपोटाश) प्रति हेक्टेयर की दर से प्रयोग करना चाहिए। स्फुर एवं पोटाश की पूरी मात्रा बुवाई के समय प्रयोग करें एवं नत्रजन की मात्रा को निम्नानुसार प्रयोग करें। शरदकालीन गन्नाः- शरदकालीन गन्ने में ऩत्रजन की कुल मात्रा को चार समान भागों में विभक्त कर बोनी के क्रमशः 30, 90, 120एवं 150 दिन में प्रयोग करें। बसन्तकालीन गन्नाः- बसन्तकालीन गन्ने में नत्रजन की कुल मात्रा को तीन समान भागों में विभक्त कर बोनी क्रमशः 30, 90 एवं 120 दिन में प्रयोग करें। नत्रजन उर्वरक के साथ नीमखली के चूर्ण में मिलाकर प्रयोग करने में नत्रजन उर्वरक की उपयोगिता बढ़ती है साथ ही दीमक से भी सुरक्षा मिलती है। 25 कि.ग्रा. जिंक सल्फेट व 50 कि.ग्रा. फेरस सल्फेट 3 वर्ष के अंतराल में जिंक व आयरन सूक्ष्म तत्व की पूर्ति के लिए आधार खाद के रूप में बुवाई के समय उपयोग करें।
Posted by Narendra Singh
Madhya Pradesh
30-03-2020 05:29 PM
Maharashtra
03-31-2020 11:44 AM
फसल के पकने की अवधि लम्बी होने कारण खाद एवं उर्वरक की आवश्यकता भी अधिक होती है अतः खेत की अंतिम जुताई से पूर्व 20 टन सड़ी गोबर/कम्पोस्ट खाद खेत में समान रूप से मिलाना चाहिए इसके अतिरिक्त 300 किलो नत्रजन (650 कि.ग्रा. यूरिया ), 85 कि.ग्रा. स्फुर, ( 500 कि.ग्रा. सिंगल सुपर फास्फेट) एवं 60 कि. पोटाश (100 कि.ग्रा. म्यूरेटआपपोटाश) प्रà.... (Read More)
फसल के पकने की अवधि लम्बी होने कारण खाद एवं उर्वरक की आवश्यकता भी अधिक होती है अतः खेत की अंतिम जुताई से पूर्व 20 टन सड़ी गोबर/कम्पोस्ट खाद खेत में समान रूप से मिलाना चाहिए इसके अतिरिक्त 300 किलो नत्रजन (650 कि.ग्रा. यूरिया ), 85 कि.ग्रा. स्फुर, ( 500 कि.ग्रा. सिंगल सुपर फास्फेट) एवं 60 कि. पोटाश (100 कि.ग्रा. म्यूरेटआपपोटाश) प्रति हेक्टेयर की दर से प्रयोग करना चाहिए। स्फुर एवं पोटाश की पूरी मात्रा बुवाई के समय प्रयोग करें एवं नत्रजन की मात्रा को निम्नानुसार प्रयोग करें। शरदकालीन गन्नाः- शरदकालीन गन्ने में ऩत्रजन की कुल मात्रा को चार समान भागों में विभक्त कर बोनी के क्रमशः 30, 90, 120एवं 150 दिन में प्रयोग करें। बसन्तकालीन गन्नाः- बसन्तकालीन गन्ने में नत्रजन की कुल मात्रा को तीन समान भागों में विभक्त कर बोनी क्रमशः 30, 90 एवं 120 दिन में प्रयोग करें। नत्रजन उर्वरक के साथ नीमखली के चूर्ण में मिलाकर प्रयोग करने में नत्रजन उर्वरक की उपयोगिता बढ़ती है साथ ही दीमक से भी सुरक्षा मिलती है। 25 कि.ग्रा. जिंक सल्फेट व 50 कि.ग्रा. फेरस सल्फेट 3 वर्ष के अंतराल में जिंक व आयरन सूक्ष्म तत्व की पूर्ति के लिए आधार खाद के रूप में बुवाई के समय उपयोग करें।
Posted by Bhagirath Saini
Rajasthan
30-03-2020 05:23 PM
Maharashtra
03-30-2020 05:57 PM
Sir, you can cultivate the varieties of okra such as Pusa Sawani, Pusa Mahakali, Parbhani Kranti, Arka Anamika, Arka Abhay, Pusa A 4, Perkins Long green, Kashi Vibhuti, Aruna, CO 1, Punjab no.13, Punjab Padmini, Punjab 7, Punjab 8, thank you
Posted by Pritam Saini
Haryana
30-03-2020 05:21 PM
Punjab
03-30-2020 05:55 PM
श्री मान तेले की रोकथाम के लिए आप Actara@40gm प्रती एकड़ सप्रे कर सकते हो और वृद्धि के लिए आप NPK 19:19:19@1kg प्रति एकड़ सप्रे करें।
Posted by Tarun Sihag
Haryana
30-03-2020 05:15 PM
Maharashtra
03-30-2020 06:01 PM
आप इसकी सूखी हुई शाखाऐं काट दें और ऊपर bordeaux paste लगाएं और वर्मीकंपोस्ट 4—5 किलो के हिसाब से डालें।
Posted by Lavkush Kumar Sahu
Chattisgarh
30-03-2020 05:15 PM
Maharashtra
03-30-2020 06:07 PM
Luvkush ji, kripya ap apna sawal visthar se puchien ke ap kis fasal ke bare mein jankari lena chahte hain taki apko uske hisaab se iske bare mein bataya ja sake, dhanywad
Posted by Harjinder singh
Punjab
30-03-2020 05:06 PM
Punjab
03-30-2020 06:33 PM
Tuci uss nu pett de kiria lai Flukarid-Ds bolus deo, baki uss nu vdia matra vich hara chara deo ate uss nu vdia feed deo jiss nu tuhadi majh asani nal khaa jawe baki uss nu enerboost powder 50-50gm swere sham deo, iss nal kamjori durr howegi ate vdia growth ho jawegi.
Posted by amandeep singh
Punjab
30-03-2020 04:59 PM
Punjab
03-30-2020 06:34 PM
Amandeep ji tuci khal pashu de khann de hisab nal deo jiwe pashu khanda hai uss hisab nal de skde ho isda koi nuksan nhi hai.
Posted by Pargat singh
Punjab
30-03-2020 04:59 PM
Punjab
03-30-2020 05:55 PM
श्रीमान जी प्याजों में फफूंदनाशी एम45 को 500 ग्राम प्रति एकड़ के हिसाब से स्प्रे कर सकते है।
Posted by Rakesh Kumar
Madhya Pradesh
30-03-2020 04:56 PM
Punjab
03-30-2020 05:58 PM
खुम्ब की किस्में कई प्रकार की होती है जैसे कि बटन खुम्ब, डीगरी, शटाकी खुम्ब, पराली खुम्ब, और मिलकी खुम्ब इनमे से कुइ खुम्ब सर्दियो के मौसम में और कुछ गर्मीयों के मौसम में लगाये जाते है और हर खुम्ब को लगाने का समय अलग अलग है जैसे बटन खुम्ब का समय सितंबर से मार्च तक होता है इस समय में हम तीन फसले ले सकते है शटाकी खà¥.... (Read More)
खुम्ब की किस्में कई प्रकार की होती है जैसे कि बटन खुम्ब, डीगरी, शटाकी खुम्ब, पराली खुम्ब, और मिलकी खुम्ब इनमे से कुइ खुम्ब सर्दियो के मौसम में और कुछ गर्मीयों के मौसम में लगाये जाते है और हर खुम्ब को लगाने का समय अलग अलग है जैसे बटन खुम्ब का समय सितंबर से मार्च तक होता है इस समय में हम तीन फसले ले सकते है शटाकी खुम्ब का समय अक्तूबर से मध्य फरवरी तक हैं इस समय हम एक फसल ही ले सकते है पराली खुम्ब का समय अप्रैल से अगस्त तक है इस समय हम चार फसले ले सकते है मिलकी खुम्ब का समय अप्रैल से सितंबर तक है आप अब अप्रैल में मिलकी या पराली खुम्ब लगा सकते है पराली खुमब के लिए आपको पराली, बीज, बांस, सेबा, आदि की जरूरत है पराली के पूले, धानो की पराली 1-1 किलो के पूले दोनो सिरो से सेबे से बांध कर तैयार किये जाते है पूले के सिरे कांट कर एक सार कर लिए जाते है पूलो की क्यिारी लगाना पराली के पूलो को साफ पानी में 16-20 घंटो के लिए डूबो दे गिले पूलो को ढलान पर रख कर फालतू पानी को निकलने दे कमरे ईटो और बांस से एक पलेटफार्म बनाये इस पलेटफार्म पर 5 पूलो की एक तहय लगाये जिसके ऊपर 75 ग्राम बीज डाले इसके ऊपर की तहय उलट होती है इस प्रकार 5-5 पूलो की तहय में 300 ग्राम बीज डाल कर कियारी तैयार करे सबसे ऊपर दो पूलो को खोलकर रख दे खुम्बो का फूटना बिजाई से 7-9 दिनो के बाद खुम्ब फूटने लगती है पानी और हवा का संचार बिजाई के दो दिन के बाद हर रोज पानी का छिडका करे खुम्बो के फूटने के बाद हवा का संचार 6-8 घंटे प्रति दिन किया जाता है खुम्बो की तूडाई खुम्बो के फूटने के बाद 1-2 दिनो के बाद तोडाई के योग्य हो जाती है मिलकी खुम्ब मिलकी खुम्ब के लिए तूडी, बीज, मोमी लिफाफे, सेबा, केसिंग,मिट्टी आदि होने चाहिये तूडी की तैयारी सूकी तूडी को पक्के फर्श पर बिछा कर 16-20 घंटे पानी से गिला करे गिली तूडी को बोरी में भर कर सेबे से बांध दे इस बोरी को उबलते पानी में 45-50 मिनट रखें तूडी को निकालकर पक्के फर्श पर बिछा कर ठंडा करे यह तूडी बिजाई के लिए तैयार है बिजाई ठंडी तूडी में बीज मिलाकर मोमी लिफाफो में भर दें एक मोमी लिफाफें में लगभग 2 किलो गिली तूडी और 70-80 ग्राम बीज पडता है लिफाफे के मुंह को सेबे से अच्छी तरह बांध कर कमरे में रख दे केसिंग बिजाई के दो तीन हफतो के बाद लिफाफे खोलकर केसिंग की 1-1.5 की तहय लगा दें केसिंग में तूडी और रेतली मिट्टी होती है 24 घंटो के लिए 4 प्रतिशत फारमलेन के घोल से जीवाणु रहित किया जाता है खुम्बो का फूटना केसिंग मिट्टी डालने के लगभग दो हफतो में खुम्बो के छोटे छोटे किणके निकलने शुरू हो जाते है और 4-5 दिन के बाद तोडने योग्य हो जाते है खुम्बो की तूडाई लगभग 35-40 दिनो तक की जाती है
Posted by बालकिशन चौहान
Uttar Pradesh
30-03-2020 04:53 PM
Punjab
03-30-2020 05:56 PM
श्री मान अच्छे जल निकास वाली हल्की या भारी, रेतली और चिकनी मिट्टी ज़मीनें इसके लिए अच्छी मानी जाती हैं खेत में पानी खड़ा ना होने दें, क्योंकि यह फसल खड़े पानी को सहने योग्य नहीं है प्रसिद्ध किस्में:- Punjab Haldi 1: यह मध्यम कद की, हरे और लंबे पत्तों वाली और मोटी गांठों वाली किस्म है इसका गुद्दा गहरे पीले रंग का और छिल्à.... (Read More)
श्री मान अच्छे जल निकास वाली हल्की या भारी, रेतली और चिकनी मिट्टी ज़मीनें इसके लिए अच्छी मानी जाती हैं खेत में पानी खड़ा ना होने दें, क्योंकि यह फसल खड़े पानी को सहने योग्य नहीं है प्रसिद्ध किस्में:- Punjab Haldi 1: यह मध्यम कद की, हरे और लंबे पत्तों वाली और मोटी गांठों वाली किस्म है इसका गुद्दा गहरे पीले रंग का और छिल्का भूरे रंग का होता है यह किस्म 215 दिनों में पकती है और औसतन पैदावार 108 क्विंटल प्रति एकड़ है Punjab Haldi 2: यह लंबे कद की हरे और चौड़े पत्तों वाली और मोटी गांठ वाली किस्म है इसका गुद्दा पीले रंग का और छिल्का भूरे रंग का होता है यह किस्म 240 दिनों में पकती है और औसतन पैदावार 122 क्विंटल प्रति एकड़ है खेत को 2-3 बार जोत कर और सुहागे से समतल करके तैयार करें हल्दी की बिजाई के लिए बैड 15 सैं.मी. ऊंचे, 1 मीटर चौड़े और आवश्यकनुसार लंबे होने चाहिए दो बैडों के बीच 50 सैं.मी. का फासला होना चाहिए अधिक पैदावार लेने के लिए बिजाई अप्रैल के अंत में करें इसे पनीरी के साथ भी उगाया जा सकता है इसके लिए जून के पहले पखवाड़े तक पनीरी खेत में लगा दें पनीरी के लिए 35-45 दिनों के पौधों को खेत में लगा दें राईज़ोमस को पंक्तियों में बीजें और पंक्ति से पंक्ति का फासला 30 सैं.मी. और पौधों में 20 सैं.मी. का फासला रखें बिजाई के बाद खेत में 2.5 टन प्रति एकड़ स्ट्रा मलच डालें बीज की गहराई 3 सैं.मी. से ज्यादा नहीं होनी चाहिए इसकी बिजाई सीधे खेत में लगाकर या पनीरी लगाकर की जाती है बिजाई के लिए साफ-सुथरे ताजे और बीमारी रहित राईज़ोमस का प्रयोग करें बीज की मात्रा 6-8 क्विंटल प्रति एकड़ बहुत होती है बिजाई से पहले क्विनलफोस 25 ई.सी. को 20 मि.ली. + कार्बेनडाज़िम 10 ग्राम प्रति लीटर पानी में डालकर बीज का उपचार करें बाद में गांठों को 20 मिनट के लिए इस घोल में भिगोदें ताकि इन्हें फफूंद से बचाया जा सके नाइट्रोजन 10 किलो (25 किलो यूरिया), फासफोरस 10 किलो (60 किलो एस एस पी) और पोटाश 10 किलो (16 किलो म्यूरेट ऑफ पोटाश) की मात्रा प्रति एकड़ में प्रयोग करें सारी पोटाश और आधी फासफोरस बिजाई के समय डालें नाइट्रोजन दो हिस्सों में डालें, आधी बिजाई से 75 दिन बाद और बाकी नाइट्रोजन और आधी फासफोरस बिजाई के 3 महीने बाद डालें बिजाई के 2-3 दिनों के बाद पैंडीमैथालीन 30 ई.सी. 800 मि.ली. या मैटरीब्यूज़िन 70 डब्लयू पी 400 ग्राम को 200 लीटर पानी में डालकर स्प्रे करें नदीन नाशक के प्रयोग के बाद खेत को हरे पत्तों या धान की तूड़ी से ढक दें जड़ों के विकास के लिए बिजाई से 50-60 दिनों के बाद और फिर 40 दिनों के बाद जड़ों को मिट्टी लगाएं यह कम वर्षा वाली फसल है, इसलिए वर्षा के अनुसार सिंचाई करें हल्की ज़मीन में फसल को कुल 35-40 सिंचाइयों की जरूरत पड़ती है बिजाई के बाद फसल को 40-60 क्विंटल प्रति एकड़ हरे पत्तों से ढक दें हर बार खाद डालने के बाद 30 क्विंटल प्रति एकड़ मलच डालें किस्म के अनुसार 6-9 महीनों में कटाई करें पत्ते सूखने और पीले होने पर कटाई का अनुकूल समय होता है गांठों को उखाड़ कर बाहर निकालें और साफ करें गांठों को 2-3 दिनों के लिए छांव में सुखाएं इससे छिल्का सख्त हो जाता है और आसानी से उबलता है साफ करने के बाद गांठों को पानी में सोडियम बाइकार्बोनेट डालकर 1 घंटे के लिए उबालें गांठों को उबालने के लिए कड़ाही जैसे बर्तनों का प्रयोग करें अच्छी किस्म की हल्दी लेने के लिए झाग बनने, भाफ निकलने और महक आने तक उबालें उबालने के बाद इसे 10-15 दिनों तक सुखाएं सुखाने के बाद जाली, बोरियों या मशीन से चमकायें और आकार, बनतर और रंग के अनुसार बांटे छाया में इसकी उपज कम निकलती है
Posted by jitu
Haryana
30-03-2020 04:50 PM
Rajasthan
03-30-2020 06:35 PM
यदि आप मोती की खेती के बारे में जानकारी लेना चाहते है तो मोती की खेती एक बहुत ही अच्छा व्यवसाय है इस व्यवसाय को शुरू करने के लिए सबसे जरुरी है इसकी ट्रेनिंग, क्योकि इसमें बहुत सी ऐसी बारीकियें होती है जो हमें प्रेक्टिकल ट्रेनिंग में ही सीखने को मिलती है अगर आप इसकी ट्रेनिंग लेना चाहते है तो आप ग्लिटराटी पर्à¤.... (Read More)
यदि आप मोती की खेती के बारे में जानकारी लेना चाहते है तो मोती की खेती एक बहुत ही अच्छा व्यवसाय है इस व्यवसाय को शुरू करने के लिए सबसे जरुरी है इसकी ट्रेनिंग, क्योकि इसमें बहुत सी ऐसी बारीकियें होती है जो हमें प्रेक्टिकल ट्रेनिंग में ही सीखने को मिलती है अगर आप इसकी ट्रेनिंग लेना चाहते है तो आप ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र प्रशिक्षण कार्य कर्म आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्य कर्म में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए अचल सिंह (फाउंडर )- 9711858258. धन्यवाद
Posted by krishna
Bihar
30-03-2020 04:48 PM
Punjab
03-30-2020 04:50 PM
march mein faslein jaise ke kheera, kakdi, lobiya, karela, loki, turai, petha, palak, bhindi or arbi ki kheti kar sakte hain april mein ap faslein jaise ke chulai or muli ji bijai kar sakte ho, dhanywad
Posted by Pradeep Singh
Haryana
30-03-2020 04:46 PM

Maharashtra
03-31-2020 11:39 AM
Pradeep ji, kripya ap apna sawal visthar se puchein ke ap kis fasal ke bare mein jankari pena chahte hain agar badi apki local language mein koi fasal hai to kripya ap iski photo bhejein taki apko iske bare mein jankari di ja sake, dhanywad
Posted by Anup
Uttar Pradesh
30-03-2020 04:44 PM
Rajasthan
03-30-2020 04:46 PM
मोती की खेती एक बहुत ही अच्छा व्यवसाय है इस व्यवसाय को शुरू करने के लिए सबसे जरुरी है इसकी ट्रेनिंग, क्योकि इसमें बहुत सी ऐसी बारीकियें होती है जो हमें प्रेक्टिकल ट्रेनिंग में ही सीखने को मिलती है अगर आप इसकी ट्रेनिंग लेना चाहते है तो आप ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र प्रशिक्षण कार्य कर्म आयोजिà¤.... (Read More)
मोती की खेती एक बहुत ही अच्छा व्यवसाय है इस व्यवसाय को शुरू करने के लिए सबसे जरुरी है इसकी ट्रेनिंग, क्योकि इसमें बहुत सी ऐसी बारीकियें होती है जो हमें प्रेक्टिकल ट्रेनिंग में ही सीखने को मिलती है अगर आप इसकी ट्रेनिंग लेना चाहते है तो आप ग्लिटराटी पर्ल फार्मिंग ट्रेनिंग केंद्र प्रशिक्षण कार्य कर्म आयोजित किया जा रहा है प्रशिक्षण कार्य कर्म में भाग लेने के लिए नीचे दिए गए नम्बर पर आज ही संपर्क करें और Rs 250/ से अपना रजिस्ट्रेशन करवाए अचल सिंह (फाउंडर )- 9711858258. धन्यवाद
Posted by Anup
Uttar Pradesh
30-03-2020 04:42 PM
Punjab
03-30-2020 04:45 PM
असली केसर सिर्फ जम्मू कश्मीर, ईरान और अफगानिस्तान में ही हो सकता है, यह कुसुम है, इसकी भी कई दवाई बनती है, यदि कोई और छक है तो जम्मू कश्मीर के इस किसान से बात करें, जिसके दादे, पड़दादे भी केसर की खेती करते थे और यह भी केसर की खेती करते है Javid Ahmed- 95964 93260 बाकि आप यह वीडियो देखें https://www.youtube.com/watchv=vl7c6L3ETnQ&t=8s बाकि यदि फिर भी यकीन नहीं .... (Read More)
असली केसर सिर्फ जम्मू कश्मीर, ईरान और अफगानिस्तान में ही हो सकता है, यह कुसुम है, इसकी भी कई दवाई बनती है, यदि कोई और छक है तो जम्मू कश्मीर के इस किसान से बात करें, जिसके दादे, पड़दादे भी केसर की खेती करते थे और यह भी केसर की खेती करते है Javid Ahmed- 95964 93260 बाकि आप यह वीडियो देखें https://www.youtube.com/watchv=vl7c6L3ETnQ&t=8s बाकि यदि फिर भी यकीन नहीं है तो तो आप अमृतपाल सिंह बराड़ प्रोफेसर, पीएयू लुधियाना इस वीडियो संबंधी विचार पड़ सकते हैं, यह फसल केसर की नहीं है, यह फसल कसुंबडे की है, इसे अंग्रेजी में Safflower कहते है, और विज्ञानं में इसे Carthamus tinctorius कहते है